कक्षा 7 विज्ञान NCERT समाधान: अध्याय 6 भौतिक एवं रासायनिक परिवर्तन

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यह पृष्ठ कक्षा 7 के विज्ञान के अध्याय 6, 'भौतिक एवं रासायनिक परिवर्तन' के लिए विस्तृत NCERT समाधान प्रस्तुत करता है। इसमें प्रकाश संश्लेषण, जल में शक्कर घोलना, कोयला जलाना, मोम पिघलाना, एल्यूमीनियम को पीटना, भोजन का पाचन, लकड़ी काटना, पत्तियों से खाद बनना, लोहे पर जंग लगना, भाप का संघनन, और नींबू के रस में खाने का सोडा मिलाने जैसी विभिन्न प्रक्रियाओं में होने वाले परिवर्तनों को भौतिक या रासायनिक के रूप में वर्गीकृत किया गया है। समाधानों में सत्य/असत्य कथनों का स्पष्टीकरण, रिक्त स्थानों की पूर्ति, और रासायनिक अभिक्रियाओं की व्याख्या शामिल है। ये समाधान छात्रों को भौतिक और रासायनिक परिवर्तनों के बीच अंतर को समझने, रासायनिक अभिक्रियाओं के मूल सिद्धांतों को सीखने और परीक्षा की तैयारी के लिए महत्वपूर्ण अवधारणाओं को सुदृढ़ करने में मदद करते हैं।

Quick info

BoardCBSE
ClassClass 7
Subjectविज्ञान
Session2026
LanguageHindi
TypeNCERT Solutions
Chapter6. भौतिक एवं रासायनिक परिवर्तन

Chapter summary

कक्षा 7 विज्ञान के अध्याय 6 के ये NCERT समाधान भौतिक और रासायनिक परिवर्तनों की अवधारणाओं पर केंद्रित हैं। छात्र विभिन्न दैनिक जीवन की प्रक्रियाओं का विश्लेषण करना सीखेंगे, जैसे कि जल में शक्कर का घुलना (भौतिक) बनाम कोयले का जलना (रासायनिक)। समाधानों में सत्य/असत्य कथनों को सही करना, रिक्त स्थानों को भरना और रासायनिक अभिक्रियाओं के कारणों को समझाना शामिल है। यह अध्याय छात्रों को रासायनिक अभिक्रियाओं के मूल सिद्धांतों और नए पदार्थों के निर्माण को समझने में मदद करता है।

Learning outcomes

  • भौतिक और रासायनिक परिवर्तनों के बीच अंतर को समझना।
  • दैनिक जीवन की विभिन्न प्रक्रियाओं में होने वाले परिवर्तनों को वर्गीकृत करना।
  • रासायनिक अभिक्रियाओं के मूल सिद्धांतों को समझना।
  • सत्य/असत्य कथनों का विश्लेषण और सुधार करना।
  • रिक्त स्थानों को उपयुक्त रासायनिक शब्दों से भरना।

Topics covered

Paper topics

  • भौतिक परिवर्तन
  • रासायनिक परिवर्तन
  • परिवर्तनों का वर्गीकरण
  • प्रकाश संश्लेषण
  • जल में शक्कर घोलना
  • कोयले का जलना
  • मोम का पिघलना
  • भोजन का पाचन
  • लोहे में जंग लगना
  • जंग से बचाव
  • कार्बन डाइऑक्साइड की चूने के पानी से अभिक्रिया
  • खाने के सोडे का रासायनिक नाम

Important topics

  • भौतिक और रासायनिक परिवर्तनों के बीच अंतर
  • दैनिक जीवन में होने वाले परिवर्तनों का वर्गीकरण
  • लोहे में जंग लगने की प्रक्रिया और बचाव
  • रासायनिक अभिक्रियाओं के उदाहरण

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Questions and Solutions

प्रश्न 1

निम्नलिखित प्रक्रमों के अंतर्गत होने वाले परिवर्तनों को भौतिक अथवा रासायनिक परिवर्तन के रूप में वर्गीकृत कीजिए: (क) प्रकाश संश्लेषण (ख) जल में शक्कर को घोलना (ग) कोयले को जलाना (घ) मोम को पिघलाना (च) ऐलुमिनियम के टुकड़े को पीटकर उसका पतला पत्र (फॉइल) बनाना। (छ) भोजन का पांचन
Solution:

यहां दिए गए प्रक्रमों का वर्गीकरण भौतिक या रासायनिक परिवर्तन के रूप में इस प्रकार है:

  • (क) प्रकाश संश्लेषण: यह एक रासायनिक परिवर्तन है। इस प्रक्रिया में, पौधे सूर्य के प्रकाश की ऊर्जा का उपयोग करके कार्बन डाइऑक्साइड और पानी को ग्लूकोज (भोजन) और ऑक्सीजन में परिवर्तित करते हैं। इसमें नए पदार्थ बनते हैं।
  • (ख) जल में शक्कर को घोलना: यह एक भौतिक परिवर्तन है। शक्कर जल में घुल जाती है, लेकिन यदि जल को वाष्पित किया जाए तो शक्कर पुनः प्राप्त की जा सकती है। शक्कर के अणु स्वयं परिवर्तित नहीं होते हैं।
  • (ग) कोयले को जलाना: यह एक रासायनिक परिवर्तन है। कोयला जलने पर कार्बन डाइऑक्साइड, ऊष्मा और प्रकाश उत्पन्न करता है। यह एक स्थायी परिवर्तन है क्योंकि कोयले की रासायनिक संरचना बदल जाती है।
  • (घ) मोम को पिघलाना: यह एक भौतिक परिवर्तन है। मोम पिघलकर द्रव अवस्था में आ जाता है, लेकिन ठंडा होने पर यह पुनः ठोस मोम में बदल जाता है। इसकी रासायनिक संरचना में कोई परिवर्तन नहीं होता है।
  • (च) ऐलुमिनियम के टुकड़े को पीटकर उसका पतला पत्र (फॉइल) बनाना: यह एक भौतिक परिवर्तन है। ऐलुमिनियम के आकार और आकृति में परिवर्तन होता है, लेकिन उसकी रासायनिक पहचान वही रहती है।
  • (छ) भोजन का पाचन: यह एक रासायनिक परिवर्तन है। भोजन जटिल खाद्य पदार्थों से सरल पदार्थों में टूट जाता है, जिन्हें हमारा शरीर अवशोषित कर सकता है। इस प्रक्रिया में नए पदार्थ बनते हैं।

प्रश्न 2

बताइए कि निम्नलिखित कथन सत्य हैं अथवा असत्य। यदि कथन असत्य हो तो, अपनी अभ्यास पुस्तिका में उसे सही करके लिखिए: (क) लकड़ी के लट्टे को टुकड़ों में काटना एक रासायनिक परिवर्तन है। (सत्य/असत्य) (ख) पत्तियों से खाद का बनना एक भौतिक परिवर्तन है। (सत्य/असत्य) (ग) जस्ते (जिंक) लेपित लोहे के पाइपों में आसानी से जंग नहीं लगती है। (सत्य/असत्य) (घ) लोहा और जंग एक ही पदार्थ हैं। (सत्य/असत्य) (च) भाप का संघनन रासायनिक परिवर्तन नहीं है। (सत्य/असत्य)
Solution:

यहां दिए गए कथनों की सत्यता और असत्यता का विश्लेषण इस प्रकार है:

  • (क) लकड़ी के लट्टे को टुकड़ों में काटना एक रासायनिक परिवर्तन है। (असत्य) सुधार: लकड़ी के लट्टे को टुकड़ों में काटना एक भौतिक परिवर्तन है, क्योंकि इसमें केवल लकड़ी का आकार बदलता है, उसकी रासायनिक संरचना नहीं।
  • (ख) पत्तियों से खाद का बनना एक भौतिक परिवर्तन है। (असत्य) सुधार: पत्तियों से खाद का बनना एक रासायनिक परिवर्तन है, क्योंकि इसमें पत्तियों का विघटन होकर नए पदार्थ (खाद) बनते हैं।
  • (ग) जस्ते (जिंक) लेपित लोहे के पाइपों में आसानी से जंग नहीं लगती है। (सत्य) स्पष्टीकरण: जस्ते की परत लोहे को हवा और नमी के संपर्क में आने से रोकती है, जिससे जंग लगने की प्रक्रिया धीमी हो जाती है।
  • (घ) लोहा और जंग एक ही पदार्थ हैं। (असत्य) सुधार: लोहा (Iron) और जंग (Iron Oxide) दो अलग-अलग पदार्थ हैं। जंग लोहे का रासायनिक ऑक्सीकरण उत्पाद है।
  • (च) भाप का संघनन रासायनिक परिवर्तन नहीं है। (सत्य) स्पष्टीकरण: भाप का संघनन वह प्रक्रिया है जिसमें जलवाष्प (गैस) ठंडा होकर जल (द्रव) में बदल जाता है। यह अवस्था परिवर्तन है और रासायनिक संरचना में कोई बदलाव नहीं आता, इसलिए यह एक भौतिक परिवर्तन है।

प्रश्न 3

निम्नलिखित कथनों में रिक्त स्थानों को भरिए: (क) जब कार्बन डाइऑक्साइड को चूने के पानी में प्रवाहित किया जाता है, तो यह ______ के बनने के कारण दुधिया हो जाता है। (ख) खाने के सोडे का रासायनिक नाम _______है। (ग) ऐसी दो विधियाँ, जिनके द्वारा लोहें को जंग लगने से बचाया जा सकता है ______, और ______ हैं। (घ) ऐसे परिवर्तन भौतिक परिवर्तन कहलाते हैं, जिनमें किसी पदार्थ के केवल गणों में परिवर्तन होता है। (च) ऐसे परिवर्तन जिनमें नए पदार्थ बनते हैं, परिवर्तन कहलाते हैं।
Solution:

रिक्त स्थानों की पूर्ति इस प्रकार है:

  • (क) जब कार्बन डाइऑक्साइड को चूने के पानी में प्रवाहित किया जाता है, तो यह कैल्शियम कार्बोनेट के बनने के कारण दुधिया हो जाता है।
  • (ख) खाने के सोडे का रासायनिक नाम सोडियम हाइड्रोजन कार्बोनेट है।
  • (ग) ऐसी दो विधियाँ, जिनके द्वारा लोहें को जंग लगने से बचाया जा सकता है यश्द-लेपन (Galvanization), और पेंटिंग हैं। (अन्य संभावित उत्तर: ग्रीस लगाना, मिश्र धातु बनाना)
  • (घ) ऐसे परिवर्तन भौतिक परिवर्तन कहलाते हैं, जिनमें किसी पदार्थ के केवल भौतिक गुणों में परिवर्तन होता है।
  • (च) ऐसे परिवर्तन जिनमें नए पदार्थ बनते हैं, रासायनिक परिवर्तन कहलाते हैं।

प्रश्न 4

जब नींबू के रस में खाने का सोडा मिलाया जाता है, तो बुलबुले बनते हैं और गैस निकलती है। यह किस प्रकार का परिवर्तन है? समझाइए।
Solution:

यह एक रासायनिक परिवर्तन है।

स्पष्टीकरण: नींबू के रस में सिट्रिक अम्ल होता है, और खाने का सोडा सोडियम हाइड्रोजन कार्बोनेट है। जब ये दोनों मिलते हैं, तो एक रासायनिक अभिक्रिया होती है। इस अभिक्रिया में कार्बन डाइऑक्साइड गैस (CO₂) निकलती है, जो बुलबुलों के रूप में दिखाई देती है। साथ ही, सोडियम सिट्रेट जैसे नए पदार्थ भी बनते हैं। रासायनिक अभिक्रिया के कारण नए पदार्थ बनने की यह प्रक्रिया रासायनिक परिवर्तन कहलाती है।

अभिक्रिया इस प्रकार है: सिट्रिक अम्ल + सोडियम हाइड्रोजन कार्बोनेट → कार्बन डाइऑक्साइड + जल + सोडियम सिट्रेट

प्रश्न 5

जब कोई मोमबत्ती जलती है, तो भौतिक और रासायनिक परिवर्तन दोनों होते हैं। इन परिवर्तनों का वर्णन कीजिए।
Solution:

मोमबत्ती के जलने की प्रक्रिया में भौतिक और रासायनिक दोनों प्रकार के परिवर्तन शामिल होते हैं:

1. भौतिक परिवर्तन:

  • मोमबत्ती के जलने पर उत्पन्न गर्मी से मोम पिघलता है। यह पिघला हुआ मोम बत्ती के सहारे ऊपर चढ़ता है। मोम का पिघलना एक भौतिक परिवर्तन है क्योंकि मोम केवल अपनी अवस्था (ठोस से द्रव) बदलता है, लेकिन उसकी रासायनिक संरचना वही रहती है। ठंडा होने पर यह मोम पुनः ठोस हो जाता है।

2. रासायनिक परिवर्तन:

  • पिघला हुआ मोम बत्ती के माध्यम से ऊपर चढ़कर जलता है। जलने की इस प्रक्रिया में, मोम ऑक्सीजन के साथ अभिक्रिया करता है और कार्बन डाइऑक्साइड गैस, जलवाष्प और थोड़ी मात्रा में कालिख (कार्बन के कण) उत्पन्न करता है। यह एक रासायनिक परिवर्तन है क्योंकि मोम की रासायनिक संरचना बदल जाती है और नए पदार्थ बनते हैं।

इस प्रकार, मोमबत्ती का जलना एक जटिल प्रक्रिया है जिसमें भौतिक (मोम का पिघलना) और रासायनिक (मोम का जलना) दोनों परिवर्तन एक साथ होते हैं।

Common mistakes

  • भौतिक और रासायनिक परिवर्तनों के बीच भ्रमित होना।
  • जंग लगने की प्रक्रिया को गलत समझना।
  • रासायनिक अभिक्रियाओं के उत्पादों को पहचानने में त्रुटि करना।

Revision tips

  • प्रत्येक परिवर्तन के उदाहरणों को याद करें और उन्हें भौतिक या रासायनिक के रूप में वर्गीकृत करने का अभ्यास करें।
  • सत्य/असत्य कथनों को ध्यान से पढ़ें और उनके पीछे के तर्क को समझें।
  • जंग लगने से बचाव के तरीकों को सूचीबद्ध करें।
  • रासायनिक अभिक्रियाओं में बनने वाले नए पदार्थों पर विशेष ध्यान दें।

Practice MCQs

Q1. निम्नलिखित में से कौन सा एक भौतिक परिवर्तन है?

Q2. लोहे को जंग लगने से बचाने के लिए कौन सी विधि उपयुक्त है?

Q3. जब कार्बन डाइऑक्साइड को चूने के पानी में प्रवाहित किया जाता है, तो यह किस पदार्थ के बनने के कारण दुधिया हो जाता है?

Q4. पत्तियों से खाद का बनना किस प्रकार का परिवर्तन है?

Q5. खाने के सोडे का रासायनिक नाम क्या है?

Frequently asked questions

कक्षा 7 विज्ञान में भौतिक और रासायनिक परिवर्तन क्या हैं?

भौतिक परिवर्तन में पदार्थ के भौतिक गुण (जैसे आकार, अवस्था) बदलते हैं, लेकिन रासायनिक संरचना नहीं बदलती। रासायनिक परिवर्तन में पदार्थ की रासायनिक संरचना बदल जाती है और नया पदार्थ बनता है।

क्या मोमबत्ती का जलना एक भौतिक या रासायनिक परिवर्तन है?

मोमबत्ती का जलना दोनों का मिश्रण है। मोम का पिघलना भौतिक परिवर्तन है, जबकि मोम का जलकर कार्बन डाइऑक्साइड और जलवाष्प बनाना रासायनिक परिवर्तन है।

लोहे में जंग लगने से बचाने के लिए क्या किया जा सकता है?

लोहे को जंग लगने से बचाने के लिए उसे पेंट करके, ग्रीस लगाकर या यश्द-लेपन (Galvanization) द्वारा बचाया जा सकता है।

नींबू के रस और खाने के सोडे के मिश्रण में बुलबुले क्यों बनते हैं?

नींबू के रस में मौजूद सिट्रिक अम्ल और खाने के सोडे (सोडियम हाइड्रोजन कार्बोनेट) के बीच रासायनिक अभिक्रिया होती है, जिससे कार्बन डाइऑक्साइड गैस निकलती है और बुलबुले बनते हैं।

यह समाधान किस बोर्ड और कक्षा के लिए है?

यह समाधान CBSE बोर्ड की कक्षा 7 के विज्ञान विषय के लिए है।

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