कक्षा 5 सामाजिक विज्ञान: जब धरती काँपी - NCERT समाधान

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यह पृष्ठ कक्षा 5 के सामाजिक विज्ञान के अध्याय "जब धरती काँपी" के लिए विस्तृत NCERT समाधान प्रस्तुत करता है। यह अध्याय भूकंप जैसी प्राकृतिक आपदाओं के कारणों, प्रभावों और उनसे निपटने के तरीकों पर केंद्रित है। इसमें भूकंप के दौरान और बाद में बचाव कार्यों, राहत प्रयासों और सुरक्षित रहने के उपायों पर चर्चा की गई है। समाधान छात्रों को यह समझने में मदद करते हैं कि भूकंप क्यों आते हैं, वे कैसे नुकसान पहुँचाते हैं, और ऐसी आपदाओं के समय विभिन्न लोगों और संस्थाओं की क्या भूमिका होती है। यह अध्याय छात्रों को आपदाओं के प्रति जागरूक बनाने और सुरक्षित रहने के लिए आवश्यक ज्ञान प्रदान करता है, जो परीक्षा की तैयारी के लिए महत्वपूर्ण है।

Quick info

BoardCBSE
ClassClass 5
Subjectसामाजिक विज्ञान
Session2026
LanguageHindi
TypeNCERT Solutions
Chapter14. जब धरती काँपी

Chapter summary

कक्षा 5 के सामाजिक विज्ञान के अध्याय "जब धरती काँपी" के ये NCERT समाधान भूकंप जैसी प्राकृतिक आपदाओं पर केंद्रित हैं। इसमें भूकंप के कारणों, जैसे प्लेटों का दबाव और ज्वालामुखी, तथा इसके विनाशकारी प्रभावों की व्याख्या की गई है। समाधान चर्चा करते हैं कि आपदा के समय कौन मदद करता है, जैसे स्थानीय लोग, नेता, सरकारी और गैर-सरकारी संस्थाएं, डॉक्टर और सेना। यह भी बताया गया है कि घरों को भूकंपरोधी कैसे बनाया जाए और भूकंप के दौरान क्या सुरक्षा उपाय अपनाने चाहिए।

Learning outcomes

  • भूकंप के कारणों और प्रभावों को समझना।
  • आपदा के समय विभिन्न सहायता समूहों की भूमिका की पहचान करना।
  • भूकंप के दौरान और बाद में आवश्यक सुरक्षा उपायों को जानना।
  • भूकंपरोधी घरों के निर्माण के महत्व को समझना।
  • आपदा प्रबंधन में व्यक्तिगत और सामुदायिक भागीदारी का महत्व सीखना।

Topics covered

Paper topics

  • भूकंप के कारण
  • भूकंप के प्रभाव
  • आपदा के समय सहायता
  • बचाव कार्य
  • राहत कार्य
  • भूकंपरोधी घर
  • सुरक्षा उपाय
  • आपदा प्रबंधन
  • प्राकृतिक आपदाएँ
  • सामुदायिक सहायता

Important topics

  • भूकंप के कारण और प्रभाव
  • आपदा के समय सुरक्षा उपाय
  • बचाव और राहत कार्यों की भूमिका
  • भूकंपरोधी निर्माण का महत्व

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Questions and Solutions

चर्चा करो और लिखो 1

**क्या तुमने या तुम्हारे किसी जानने वाले ने कभी ऐसी मुसीबत का सामना किया है?**
Solution: हाँ, मेरे एक जानने वाले ने ऐसी मुसीबत का सामना किया है। मेरे चाचा, जो सिक्किम में रहते हैं, उन्होंने पिछले वर्ष वहाँ आए एक बड़े भूकंप का अनुभव किया था। यह एक बहुत ही डरावना अनुभव था जिसमें काफी नुकसान हुआ था।

चर्चा करो और लिखो 2

**ऐसे समय में किन लोगों ने मदद की? उनकी सूची बनाओ।**
Solution: प्राकृतिक आपदाओं या किसी भी मुसीबत के समय कई लोग और संस्थाएँ मदद के लिए आगे आती हैं। मेरे जानने वाले के अनुभव के अनुसार, निम्नलिखित लोगों और समूहों ने मदद की:
  1. पड़ोस में रहने वाले सभी लोगों ने एक-दूसरे की सहायता की।
  2. स्थानीय नेता और जनप्रतिनिधि लोगों को संगठित करने और सहायता पहुँचाने में सहायक हुए।
  3. देश के बड़े नेताओं और सरकारी अधिकारियों ने भी राहत कार्यों का निरीक्षण किया और सहायता का आश्वासन दिया।
  4. कई सरकारी और गैर-सरकारी संस्थाओं (NGOs) के सदस्य बचाव और राहत कार्य में जुटे।
  5. डॉक्टर, नर्स और अन्य चिकित्साकर्मी घायलों का इलाज करने के लिए उपस्थित थे।
  6. कुछ दुकानदारों ने जरूरतमंदों को आवश्यक सामान उपलब्ध कराया।
  7. दूसरे शहरों और राज्यों से भी लोगों ने मदद भेजी।
ये सभी मिलकर आपदा से प्रभावित लोगों को सहारा देते हैं और सामान्य स्थिति बहाल करने में मदद करते हैं।

चर्चा करो 1

**जस्मा के गाँव में बाहर के बहुत सारे लोग आए। ये कौन लोग होंगे? इन लोगों ने किस प्रकार की मदद की होगी?**
Solution: जस्मा के गाँव में बाहर से आए लोग संभवतः विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञ और सहायताकर्मी थे, जैसे:
  • **डॉक्टर और चिकित्साकर्मी:** घायलों का इलाज करने और स्वास्थ्य सेवाएँ प्रदान करने के लिए।
  • **इंजीनियर और आर्किटेक्ट (वास्तुविद):** क्षतिग्रस्त घरों और इमारतों का निरीक्षण करने, उन्हें सुरक्षित बनाने के तरीके बताने और नए, मजबूत घर बनाने की योजना बनाने के लिए।
  • **सरकारी अधिकारी और कर्मचारी:** राहत सामग्री वितरित करने, व्यवस्था बनाने और पुनर्निर्माण कार्यों की देखरेख के लिए।
  • **गैर-सरकारी संस्थाओं (NGOs) के सदस्य:** लोगों को भोजन, पानी, आश्रय और अन्य आवश्यक सहायता प्रदान करने के लिए।
  • **पुलिस और सेना के जवान:** कानून व्यवस्था बनाए रखने, बचाव कार्य में सहायता करने और लोगों को सुरक्षित रखने के लिए।
इन लोगों ने घायलों की देखभाल की, जिनके घर टूट गए थे उन्हें रहने और खाने-पीने की व्यवस्था की, और गाँव को फिर से बनाने में मदद की।

चर्चा करो 2

**जस्मा के गाँव के लोगों ने अपना गाँव संस्था के बताए तरीके के अनुसार फिर से खड़ा किया। घरों को अब कैसे मजबूत बनाया?**
Solution: जस्मा के गाँव के लोगों ने इंजीनियरों और विशेषज्ञों द्वारा बताए गए तरीकों का पालन करके अपने घरों को फिर से मजबूत बनाया। उन्होंने निम्नलिखित बातों पर ध्यान दिया होगा:
  • **मजबूत नींव:** घरों की नींव को गहरा और मजबूत बनाया गया ताकि वे जमीन के कंपन को झेल सकें।
  • **दीवारों का निर्माण:** दीवारों को ईंटों, सीमेंट और लोहे की छड़ों का उपयोग करके अधिक मजबूती से बनाया गया। दीवारों को इस तरह से जोड़ा गया कि वे भूकंप के झटकों से आसानी से न गिरें।
  • **छतों का निर्माण:** छतों को हल्का लेकिन मजबूत बनाया गया, अक्सर कंक्रीट और लोहे की छड़ों का उपयोग करके।
  • **सामग्री का सही उपयोग:** निर्माण में उच्च गुणवत्ता वाली सामग्री का उपयोग किया गया और विशेषज्ञों के निर्देशों का पालन किया गया।
इस प्रकार, घरों को इस तरह से बनाया गया कि वे भविष्य में आने वाले भूकंपों का सामना कर सकें और लोगों को सुरक्षा प्रदान कर सकें।

सोचो

**सोचो, अगर तुम्हारे यहाँ भूकंप आ जाए, तो तुम्हारे घर में किस तरह का नुकसान हो सकता है?**
Solution: अगर मेरे घर में भूकंप आ जाए, तो कई तरह का नुकसान हो सकता है:
  • **दीवारों में दरारें पड़ना:** भूकंप के झटकों से दीवारों में छोटी या बड़ी दरारें आ सकती हैं।
  • **छत या दीवारें गिरना:** हल्के भूकंप में दरारें पड़ सकती हैं, लेकिन तेज भूकंप में छत का हिस्सा या पूरी दीवारें गिर सकती हैं।
  • **सामान का नुकसान:** भूकंप के कारण घर के अंदर रखी चीजें जैसे फर्नीचर, बर्तन, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण आदि गिरकर टूट सकते हैं।
  • **लोगों को चोट लगना:** यदि लोग घर के अंदर हों तो गिरते हुए मलबे या वस्तुओं से उन्हें चोट लग सकती है।
  • **बिजली और पानी की लाइनें टूटना:** भूकंप से बिजली के तार और पानी की पाइपलाइनें भी क्षतिग्रस्त हो सकती हैं, जिससे और अधिक समस्याएँ उत्पन्न हो सकती हैं।
यह सब नुकसान भूकंप की तीव्रता और घर की बनावट पर निर्भर करेगा।

लिखो 1

**अपने घर की तुलना जस्मा के घर से करो। दोनों घरों को बनाने के लिए इस्तेमाल की गई चीजों की सूची कॉपी में बनाओ।**
Solution: जस्मा का घर और मेरा घर दोनों अलग-अलग सामग्रियों से बने हो सकते हैं, जो क्षेत्र और उपलब्ध संसाधनों पर निर्भर करता है। **जस्मा का घर (संभावित रूप से):** जस्मा के घर के बारे में पाठ में बताया गया है कि वह मिट्टी, गोबर, लकड़ी और सीमेंट जैसी चीजों से बना है। यह संभवतः एक पारंपरिक या ग्रामीण शैली का घर है। **मेरा घर (उदाहरण):** मेरा घर संभवतः आधुनिक निर्माण सामग्री से बना है। इसमें निम्नलिखित चीजें इस्तेमाल हुई होंगी:
  • **ईंटें:** दीवारों के निर्माण के लिए।
  • **सीमेंट:** ईंटों को जोड़ने और प्लास्टर करने के लिए।
  • **लोहे की छड़ें (सरिया):** नींव, बीम, कॉलम और छत को मजबूत बनाने के लिए।
  • **कंक्रीट:** नींव, छत और बीम बनाने के लिए।
  • **लकड़ी:** दरवाजे, खिड़कियाँ और कुछ फर्नीचर बनाने के लिए।
  • **कांच:** खिड़कियों के लिए।
  • **पेंट:** दीवारों को रंगने के लिए।
इस प्रकार, जस्मा का घर शायद अधिक प्राकृतिक सामग्री से बना है, जबकि मेरा घर आधुनिक निर्माण सामग्री जैसे ईंट, सीमेंट और लोहे से बना है।

क्या-क्या करें? 1

**संस्था के लोगों ने जस्मा के स्कूल में अभ्यास कराया कि भूकम्प आने पर क्या-क्या करना चाहिए।**
Solution: संस्था के लोगों ने जस्मा के स्कूल में भूकंप आने पर क्या करना चाहिए, इसका अभ्यास कराया। यह अभ्यास छात्रों को आपातकालीन स्थिति के लिए तैयार करने हेतु बहुत महत्वपूर्ण है। अभ्यास के दौरान सिखाई गई मुख्य बातें ये हो सकती हैं:
  • **घर से बाहर निकलना:** यदि संभव हो तो तुरंत घर से बाहर निकलकर किसी खुले स्थान पर चले जाना चाहिए, जहाँ आसपास कोई ऊँची इमारत या पेड़ न हो।
  • **मजबूत चीज के नीचे छिपना:** यदि घर से बाहर निकलना संभव न हो, तो किसी मजबूत मेज, डेस्क या फर्नीचर के नीचे छिप जाना चाहिए और उसे कसकर पकड़ लेना चाहिए। इससे ऊपर से गिरने वाली वस्तुओं से बचाव होता है।
  • **दीवारों से दूर रहना:** खिड़कियों, शीशों और बाहरी दीवारों से दूर रहना चाहिए क्योंकि वे भूकंप के झटकों से टूट सकती हैं।
  • **शांत रहना:** घबराना नहीं चाहिए और शांत रहकर निर्देशों का पालन करना चाहिए।
  • **कंपन रुकने तक इंतजार करना:** जब तक धरती का कंपन पूरी तरह से रुक न जाए, तब तक सुरक्षित स्थान पर ही रहना चाहिए।
इस तरह के अभ्यास छात्रों को सुरक्षित रहने के तरीके सिखाते हैं और आपातकाल में सही कदम उठाने में मदद करते हैं।

क्या-क्या करें? 2

**चित्र में देखो, भूकम्प आने पर क्या करोगे।**
Solution: (चूंकि चित्र उपलब्ध नहीं है, हम सामान्य अभ्यास के आधार पर उत्तर दे रहे हैं) भूकंप आने पर चित्र में दिखाए गए निर्देशों का पालन करना चाहिए। सामान्यतः, चित्र में यह दर्शाया जाता है कि:
  • यदि आप घर के अंदर हैं, तो किसी मजबूत मेज या डेस्क के नीचे छिप जाएं और उसे कसकर पकड़ लें।
  • यदि आप घर के बाहर हैं, तो किसी खुली जगह पर चले जाएं और ऊँची इमारतों, पेड़ों या बिजली के खंभों से दूर रहें।
  • यदि आप स्कूल में हैं, तो अपने शिक्षक के निर्देशों का पालन करें और अपनी डेस्क के नीचे छिप जाएं।
  • किसी भी स्थिति में, खिड़कियों, शीशों और गिरने वाली वस्तुओं से दूर रहें।
यह अभ्यास छात्रों को भूकंप जैसी आपातकालीन स्थिति में सुरक्षित रहने के लिए तैयार करता है।

क्या-क्या करें? 3

**क्या तुम्हें कभी स्कूल में या कहीं और इस बारे में बताया गया है कि भूकंप जैसी मुसीबत के समय क्या करना चाहिए?**
Solution: हाँ, मुझे मेरे स्कूल में भूकंप जैसी मुसीबत के समय क्या करना चाहिए, इस बारे में बताया गया है। स्कूल में अक्सर सुरक्षा अभ्यास (ड्रिल) आयोजित किए जाते हैं, जिनमें भूकंप, आग या अन्य आपातकालीन स्थितियों से निपटने के तरीके सिखाए जाते हैं। इन अभ्यासों में हमें सिखाया जाता है कि भूकंप आने पर कैसे शांत रहें, कहाँ छिपें और कैसे सुरक्षित बाहर निकलें। इसके अलावा, कभी-कभी अन्य स्थानों पर भी ऐसी जानकारी दी जाती है, जैसे कि सार्वजनिक स्थानों पर लगे सूचना बोर्ड या जागरूकता अभियान।

क्या-क्या करें? 4

**भूकम्प के समय किसी मजबूत चीज के नीचे छिप जाने को क्यों कहा गया है?**
Solution: भूकंप के समय किसी मजबूत चीज, जैसे मेज या डेस्क के नीचे छिप जाने के लिए इसलिए कहा जाता है ताकि ऊपर से गिरने वाली वस्तुओं, जैसे छत का प्लास्टर, पंखे, लैंप या अन्य भारी सामान से बचा जा सके। भूकंप के झटकों से ये चीजें गिर सकती हैं और चोट पहुँचा सकती हैं। मजबूत चीज के नीचे छिपने से एक सुरक्षित आवरण (कवर) मिलता है जो गिरने वाली वस्तुओं के सीधे संपर्क से बचाता है और चोट लगने की संभावना को कम करता है।

लिखो 1

**टी.वी. की रिपोर्ट के अनुसार गुजरात में हजारों लोग घायल हुए और मरे भी। अगर यहाँ बनी इमारतें भूकम्प से सुरक्षित होतीं, तो क्या नुकसान में कुछ अंतर होता? क्या?**
Solution: हाँ, अगर गुजरात में बनी इमारतें भूकंप से सुरक्षित होतीं, तो नुकसान में निश्चित रूप से बहुत अंतर होता। **अंतर इस प्रकार होता:**
  • **कम जनहानि:** भूकंपरोधी इमारतें गिरने की संभावना कम होती है। यदि इमारतें गिरती नहीं, तो लोग उनके मलबे के नीचे दबकर घायल या मृत नहीं होते। इस प्रकार, मौतों और गंभीर चोटों की संख्या काफी कम हो जाती।
  • **कम संपत्ति का नुकसान:** सुरक्षित इमारतें भूकंप के झटकों को झेल लेती हैं, जिससे उनके अंदर रखा सामान भी सुरक्षित रहता है। इस प्रकार, घरों और दुकानों में रखे सामान का नुकसान कम होता।
  • **तेजी से सामान्य जीवन:** यदि इमारतें सुरक्षित रहतीं, तो लोगों को रहने के लिए तुरंत जगह मिल जाती और वे अपने दैनिक जीवन को जल्दी से सामान्य कर पाते। राहत कार्यों पर भी कम बोझ पड़ता।
  • **मानसिक शांति:** सुरक्षित घरों में रहने वाले लोग कम भयभीत होते हैं और उन्हें मानसिक सहारा मिलता है।
इसलिए, भूकंपरोधी निर्माण तकनीकें अपनाना अत्यंत महत्वपूर्ण है ताकि प्राकृतिक आपदाओं के विनाशकारी प्रभावों को कम किया जा सके।

लिखो 2

**ऐसे समय पर जब लोगों के घर ही नहीं रहे, तब लोगों को किस-किस तरह की राहत की जरूरत पड़ी होगी?**
Solution: ऐसे विनाशकारी समय में जब लोगों के घर पूरी तरह से नष्ट हो जाते हैं, उन्हें कई तरह की तत्काल और दीर्घकालिक राहत की आवश्यकता पड़ती है। मुख्य जरूरतें इस प्रकार हैं:
  • **आश्रय (रहने की व्यवस्था):** सबसे पहली जरूरत सुरक्षित और अस्थायी रहने की जगह की होती है, जैसे टेंट, सामुदायिक भवन या अन्य सुरक्षित स्थान।
  • **भोजन:** लोगों को तुरंत भोजन की आवश्यकता होती है, जो पका हुआ या पैकेट बंद हो सकता है।
  • **पीने का पानी:** स्वच्छ और सुरक्षित पीने का पानी जीवन के लिए अत्यंत आवश्यक है।
  • **कपड़े:** लोगों को मौसम के अनुसार पहनने के लिए नए कपड़ों की जरूरत होती है।
  • **चिकित्सा सहायता:** घायलों के इलाज के लिए डॉक्टरों, नर्सों और दवाओं की तत्काल व्यवस्था होनी चाहिए। मानसिक आघात से गुजर रहे लोगों के लिए भी सहायता की आवश्यकता होती है।
  • **स्वच्छता:** अस्थायी शिविरों में शौचालयों और साफ-सफाई की व्यवस्था महत्वपूर्ण है ताकि बीमारियों को फैलने से रोका जा सके।
  • **सुरक्षा:** लोगों को सुरक्षित महसूस कराने और लूटपाट जैसी घटनाओं को रोकने के लिए सुरक्षा बलों की तैनाती आवश्यक है।
  • **संचार:** लोगों को अपने प्रियजनों से संपर्क करने और जानकारी प्राप्त करने के लिए संचार के साधनों की आवश्यकता होती है।
  • **आर्थिक सहायता:** पुनर्निर्माण और सामान्य जीवन शुरू करने के लिए वित्तीय सहायता भी महत्वपूर्ण है।
ये सभी राहतें मिलकर लोगों को इस मुश्किल घड़ी से उबरने में मदद करती हैं।

लिखो 3

**ऐसे में किन-किन की मदद की जरूरत पड़ती होगी और किस काम के लिए? कॉपी में तालिका बनाकर लिखो।**
Solution: भूकंप जैसी आपदा के समय विभिन्न लोगों और साधनों की मदद की आवश्यकता होती है, जिनके कार्य इस प्रकार हैं:
किन-किन की मदद की जरूरत काम में मदद
**1. बचाव दल (सेना, पुलिस, NDRF)** गिरे हुए मकानों के मलबे से दबे हुए लोगों को खोजना और निकालना।
**2. बुलडोजर और भारी मशीनरी** गिरे हुए मकानों के मलबे को हटाना ताकि बचाव कार्य तेज हो सके और रास्ते खुल सकें।
**3. डॉक्टर, नर्स और स्वास्थ्यकर्मी** घायलों का इलाज करना, प्राथमिक उपचार देना और स्वास्थ्य सेवाओं का प्रबंधन करना।
**4. खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग** प्रभावित लोगों के लिए अनाज, भोजन और अन्य आवश्यक खाद्य सामग्री की व्यवस्था करना।
**5. जल आपूर्ति विभाग** पीने के साफ पानी की व्यवस्था करना और पानी के स्रोतों को ठीक करना।
**6. स्वयंसेवी संस्थाएं (NGOs) और दानदाता** कपड़े, कंबल, दवाइयाँ, भोजन और अन्य जरूरी सामान उपलब्ध कराना।
**7. सुरक्षा बल (पुलिस, सेना)** शांति व्यवस्था बनाए रखना, लूटपाट रोकना और प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाना।
**8. संचार विभाग (टेलीकॉम कंपनियाँ)** संचार व्यवस्था को बहाल करना ताकि लोग संदेश भेज सकें और प्राप्त कर सकें, और राहत कार्यों का समन्वय हो सके।
**9. इंजीनियर और आर्किटेक्ट** क्षतिग्रस्त इमारतों का आकलन करना और पुनर्निर्माण के लिए योजना बनाना।
यह तालिका दर्शाती है कि आपदा के समय कई अलग-अलग क्षेत्रों के लोगों और संसाधनों की आवश्यकता होती है ताकि प्रभावित लोगों को हर संभव सहायता मिल सके।

Common mistakes

  • भूकंप के दौरान सुरक्षित स्थान पर न छिपना।
  • आपदा के समय घबराहट में गलत निर्णय लेना।
  • भूकंपरोधी निर्माण तकनीकों को अनदेखा करना।
  • आपदा के समय सहायता के लिए सही लोगों या संस्थाओं से संपर्क न करना।

Revision tips

  • भूकंप के कारणों और प्रभावों को समझने के लिए समाधानों को ध्यान से पढ़ें।
  • आपदा के समय की जाने वाली सुरक्षा सावधानियों की सूची बनाएं।
  • विभिन्न सहायता समूहों और उनकी भूमिकाओं को याद करें।
  • भूकंपरोधी घरों के निर्माण के महत्व पर विशेष ध्यान दें।

Practice MCQs

Q1. भूकंप का मुख्य कारण क्या है?

Q2. भूकंप के दौरान सबसे सुरक्षित स्थान कौन सा है?

Q3. आपदा के समय घायलों की मदद कौन करते हैं?

Q4. भूकंपरोधी घर बनाने के लिए किन विशेषज्ञों की सलाह ली जाती है?

Q5. भूकंप के बाद लोगों को किस प्रकार की राहत की आवश्यकता होती है?

Frequently asked questions

कक्षा 5 के सामाजिक विज्ञान में "जब धरती काँपी" अध्याय क्या सिखाता है?

यह अध्याय भूकंप जैसी प्राकृतिक आपदाओं के कारणों, प्रभावों, उनसे बचाव के तरीकों और आपदा के समय मिलने वाली सहायता के बारे में सिखाता है।

भूकंप के दौरान सबसे महत्वपूर्ण सुरक्षा उपाय क्या है?

भूकंप के दौरान सबसे महत्वपूर्ण सुरक्षा उपाय है कि यदि संभव हो तो घर से बाहर निकलकर खुले में जाएं, या घर के अंदर किसी मजबूत मेज के नीचे छिप जाएं और उसे कसकर पकड़ लें।

आपदा के समय कौन-कौन लोग मदद के लिए आगे आते हैं?

आपदा के समय स्थानीय लोग, नेता, सरकारी और गैर-सरकारी संस्थाओं के सदस्य, डॉक्टर, नर्स, पुलिस और सेना के जवान मदद के लिए आगे आते हैं।

भूकंपरोधी घर क्यों महत्वपूर्ण हैं?

भूकंपरोधी घर इसलिए महत्वपूर्ण हैं ताकि भूकंप आने पर वे गिरें नहीं और लोगों की जान-माल की हानि को कम किया जा सके।

इन समाधानों का उपयोग परीक्षा की तैयारी के लिए कैसे किया जा सकता है?

इन समाधानों को पढ़कर आप अध्याय के मुख्य बिंदुओं को समझ सकते हैं, महत्वपूर्ण अवधारणाओं को याद कर सकते हैं और अभ्यास प्रश्नों के उत्तर देने का तरीका सीख सकते हैं, जो परीक्षा में सहायक होगा।

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