कक्षा 5 सामाजिक विज्ञान: बीज, बीज, बीज - NCERT समाधान
यह पृष्ठ कक्षा 5 के छात्रों के लिए सामाजिक विज्ञान के अध्याय 'बीज, बीज, बीज' पर विस्तृत NCERT समाधान प्रस्तुत करता है। इसमें चर्चा प्रश्न शामिल हैं जो बताते हैं कि भोजन पकाने से पहले क्यों भिगोया जाता है और कौन से खाद्य पदार्थ अंकुरित करके खाए जाते हैं, साथ ही अंकुरण के लिए आवश्यक स्थितियाँ भी बताई गई हैं। एक 'करके देखो' प्रयोग छात्रों को विभिन्न परिस्थितियों में बीजों के अंकुरण का निरीक्षण करने में मदद करता है, जिसमें पानी और हवा की भूमिका पर प्रकाश डाला गया है। 'किसका पौधा कितना बड़ा?' अनुभाग छात्रों को विभिन्न बीजों को बोने और उनकी वृद्धि को ट्रैक करने के लिए प्रोत्साहित करता है, जिससे उन्हें बीज बोने से लेकर पौधे के विकास तक की प्रक्रिया को समझने में मदद मिलती है। ये समाधान छात्रों को बीज, अंकुरण और पौधों की वृद्धि की अवधारणाओं को स्पष्ट करने में सहायता करते हैं, जो परीक्षा की तैयारी के लिए महत्वपूर्ण हैं।
Quick info
| Board | CBSE |
|---|---|
| Class | Class 5 |
| Subject | सामाजिक विज्ञान |
| Session | 2026 |
| Language | Hindi |
| Type | NCERT Solutions |
| Chapter | 5. बीज, बीज, बीज |
Chapter summary
कक्षा 5 के सामाजिक विज्ञान के अध्याय 'बीज, बीज, बीज' के लिए NCERT समाधान छात्रों को बीजों के महत्व और अंकुरण की प्रक्रिया से परिचित कराते हैं। यह अध्याय बताता है कि विभिन्न खाद्य पदार्थों को पकाने से पहले क्यों भिगोया जाता है और अंकुरित भोजन के पोषण संबंधी लाभों पर प्रकाश डालता है। इसमें एक व्यावहारिक प्रयोग शामिल है जो पानी और हवा की उपस्थिति में बीज अंकुरण के लिए आवश्यक शर्तों को दर्शाता है। इसके अतिरिक्त, छात्र विभिन्न बीजों को बोने और उनकी वृद्धि की निगरानी करने के माध्यम से पौधों के विकास के चरणों का पता लगाते हैं।
Learning outcomes
- भोजन पकाने से पहले भिगोने के कारणों को समझना।
- अंकुरित खाद्य पदार्थों और उनके पोषण संबंधी लाभों की पहचान करना।
- अंकुरण के लिए आवश्यक पानी और हवा की भूमिका को समझना।
- विभिन्न बीजों को बोने और उनकी वृद्धि की निगरानी करने की प्रक्रिया सीखना।
- पौधों के विकास के विभिन्न चरणों का निरीक्षण और रिकॉर्ड करना।
- बीज के अंदर नन्हे पौधे की अवधारणा को समझना।
Topics covered
Paper topics
- भोजन पकाने से पहले भिगोना
- अंकुरित खाद्य पदार्थ
- अंकुरण की प्रक्रिया
- अंकुरण के लिए आवश्यक स्थितियाँ (पानी, हवा)
- बीज बोना
- पौधों की वृद्धि
- पौधों के विकास के चरण
- विभिन्न बीजों का अंकुरण समय
- पौधों के लिए पानी का महत्व
- बीज के अंदर नन्हा पौधा
Important topics
- अंकुरण के लिए आवश्यक स्थितियाँ (पानी और हवा)
- भिगोने और अंकुरित करने के लाभ
- पौधों की वृद्धि के चरण
- विभिन्न बीजों के अंकुरण में अंतर
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Questions and Solutions
चर्चा करो
चर्चा करो
चर्चा करो
करके देखो
- चने के कुछ दाने और तीन कटोरियाँ लो। पहली कटोरी में चने के चार-पाँच दाने लो और कटोरी को पानी से पूरा भर दो।
- दूसरी कटोरी में भी उतने ही चने भीगी हुई रूई या कपड़े में लपेटकर रख दो। ध्यान रहे, कपड़ा या रूई सूखने न पाये। तीसरी कटोरी में केवल चने ही रखो।
- तीनों कटोरियों को ढँक दो।
कटोरी 1 (पानी से भरी हुई): इस कटोरी के चने पानी में डूबे हुए थे। बीज पानी सोखकर थोड़े फूल गए थे, लेकिन उनका रंग थोड़ा काला पड़ गया था। उनमें अंकुरण नहीं हुआ था क्योंकि उन्हें हवा नहीं मिल पा रही थी।
कटोरी 2 (गीले कपड़े/रूई में लिपटे हुए): इस कटोरी के चने फूल गए थे और उनमें से छोटे-छोटे अंकुर (जड़ और तना) निकल आए थे। बीज स्वस्थ दिख रहे थे क्योंकि उन्हें पानी और हवा दोनों मिल रहे थे।
कटोरी 3 (सूखे चने): इस कटोरी के चने में कोई खास बदलाव नहीं आया था। वे वैसे ही सूखे और कड़े थे जैसे शुरुआत में थे। उन्हें न तो पर्याप्त पानी मिला और न ही वे अंकुरित हुए।
बताओ और लिखो
बताओ और लिखो
बताओ और लिखो
बताओ और लिखो
किसका पौधा कितना बड़ा?
लिखो
उत्तर बीज का नाम सरसों
बीज बोने की तिथि पाँच नवम्बर
| तारीख | पत्ते दिखे | पौधे की लम्बाई (से.मी.) | पौधे में कोई और बदलाव |
| 5 नवम्बर | - | 1/2 से.मी. | - |
| 6 नवम्बर | - | 2 से.मी. | - |
| 7 नवम्बर | - | 2½ से.मी. | तना मोटा हो गया |
| 8 नवम्बर | - | 4 से.मी. | तना और भी मोटा हो गया |
पता करो
पता करो
पता करो
पता करो
पता करो
चर्चा करो
चर्चा करो
चर्चा करो
चर्चा करो
चर्चा करो
दिल की बात बताओ
दिल की बात बताओ
Common mistakes
- अंकुरण के लिए केवल पानी की आवश्यकता को समझना, हवा की भूमिका को अनदेखा करना।
- भिगोने या अंकुरित करने के लिए बीजों को पर्याप्त समय न देना।
- पौधों की वृद्धि के दौरान पानी की कमी या अधिकता के प्रभाव को न समझना।
- विभिन्न बीजों के अंकुरण समय में अंतर को अनदेखा करना।
Revision tips
- अंकुरण प्रयोग के चरणों और परिणामों को ध्यान से पढ़ें।
- पौधों की वृद्धि तालिका में दिए गए डेटा का विश्लेषण करें और पैटर्न को समझें।
- भिगोने और अंकुरित करने के कारणों को याद करें।
- बीज के अंदर नन्हे पौधे की अवधारणा को स्पष्ट करें।
Practice MCQs
Q1. खाना पकाने से पहले चने और राजमा जैसी दालों को क्यों भिगोया जाता है?
Explanation: दालों के दाने कड़े होते हैं और उन्हें पकाने में अधिक समय लगता है। भिगोने से वे नरम हो जाते हैं और जल्दी पक जाते हैं।
Q2. अंकुरित करने के लिए बीजों को किसमें लपेटा जाता है ताकि वे सूखें नहीं?
Explanation: बीजों को अंकुरित करने के लिए उन्हें गीले कपड़े या रूई में लपेटा जाता है ताकि उन्हें नमी मिलती रहे और वे सूखें नहीं।
Q3. प्रयोग में कटोरी 1 के बीजों में क्या बदलाव आया जब उन्हें केवल पानी में रखा गया?
Explanation: जब बीजों को केवल पानी में रखा जाता है (जैसे कटोरी 1 में), तो वे पानी सोखकर फूल जाते हैं लेकिन हवा न मिलने के कारण अंकुरित नहीं होते।
Q4. अंकुरण के लिए सबसे महत्वपूर्ण क्या है?
Explanation: अंकुरण के लिए बीजों को पानी और हवा दोनों की आवश्यकता होती है। कटोरी 2 के प्रयोग से यह स्पष्ट होता है।
Q5. सरसों के बीज को बोने के कितने दिनों बाद छोटा पौधा दिखने लगा?
Explanation: दिए गए तालिका के अनुसार, सरसों के बीज को बोने के 6 से 7 दिनों के भीतर एक छोटा पौधा दिखने लगा।
Frequently asked questions
कक्षा 5 के सामाजिक विज्ञान के अध्याय 'बीज, बीज, बीज' में मुख्य रूप से क्या सिखाया गया है?
इस अध्याय में मुख्य रूप से भोजन पकाने से पहले चीजों को भिगोने के कारणों, अंकुरित खाद्य पदार्थों के महत्व, अंकुरण के लिए आवश्यक पानी और हवा की भूमिका, और विभिन्न बीजों को बोने से लेकर पौधों के विकसित होने तक की प्रक्रिया के बारे में सिखाया गया है।
अंकुरण के लिए पानी और हवा क्यों महत्वपूर्ण हैं?
पानी बीजों को अंकुरित होने के लिए आवश्यक नमी प्रदान करता है, जिससे बीज के अंदर का नन्हा पौधा सक्रिय हो जाता है। हवा (ऑक्सीजन) बीज को श्वसन के लिए ऊर्जा प्राप्त करने में मदद करती है, जो अंकुरण के लिए महत्वपूर्ण है।
क्या सभी बीज एक ही गति से अंकुरित होते हैं?
नहीं, सभी बीज एक ही गति से अंकुरित नहीं होते हैं। कुछ बीज, जैसे सरसों, जल्दी अंकुरित हो जाते हैं, जबकि अन्य, जैसे तिल, को अंकुरित होने में अधिक समय लग सकता है। यह बीज के प्रकार और उसकी बाहरी परिस्थितियों पर निर्भर करता है।
भिगोए हुए चने को गीले कपड़े में क्यों बाँधा जाता है?
भिगोए हुए चनों को गीले कपड़े में इसलिए बाँधा जाता है ताकि उन्हें अंकुरण के लिए आवश्यक नमी (पानी) और हवा दोनों मिलती रहे। गीला कपड़ा नमी बनाए रखता है और हवा को भी गुजरने देता है।
पौधों की वृद्धि को ट्रैक करने के लिए क्या करना चाहिए?
पौधों की वृद्धि को ट्रैक करने के लिए, उन्हें मिट्टी में बोने के बाद नियमित रूप से पानी देना चाहिए और फिर हर दिन उनकी ऊंचाई, पत्तों की संख्या और तने में होने वाले बदलावों को एक तालिका में दर्ज करना चाहिए।
अगर पौधे को पर्याप्त पानी न मिले तो क्या होगा?
अगर पौधे को पर्याप्त पानी नहीं मिलता है, तो वह पहले पीला पड़ने लगेगा और अंततः सूख जाएगा।
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