कक्षा 7 विज्ञान अध्याय 14: विद्युत धारा और इसके प्रभाव - NCERT समाधान
यह पृष्ठ कक्षा 7 के विज्ञान विषय के अध्याय 14, 'विद्युत धारा और इसके प्रभाव' के लिए विस्तृत NCERT समाधान प्रस्तुत करता है। इसमें विद्युत परिपथों के विभिन्न अवयवों जैसे सेल, बल्ब, स्विच और बैटरी के प्रतीकों को समझने, परिपथ आरेख बनाने और सेलों को जोड़कर बैटरी बनाने की विधियों पर ध्यान केंद्रित किया गया है। समाधानों को स्पष्ट और समझने योग्य तरीके से प्रस्तुत किया गया है, जिससे छात्रों को विद्युत परिपथों की मूल अवधारणाओं को समझने में मदद मिलेगी। यह सामग्री छात्रों को परीक्षा की तैयारी के लिए एक उत्कृष्ट संसाधन प्रदान करती है, जो उन्हें अभ्यास प्रश्नों को हल करने और विषय की गहरी समझ विकसित करने में सहायता करती है।
Quick info
| Board | CBSE |
|---|---|
| Class | Class 7 |
| Subject | विज्ञान |
| Session | 2026 |
| Language | Hindi |
| Type | NCERT Solutions |
| Chapter | 14. विधुत और इसके प्रभाव |
Chapter summary
कक्षा 7 विज्ञान के अध्याय 14, 'विद्युत धारा और इसके प्रभाव' के लिए NCERT समाधान, विद्युत परिपथों के मूलभूत तत्वों पर केंद्रित हैं। इसमें विद्युत अवयवों के प्रतीकों को पहचानना और बनाना, दिए गए परिपथों के लिए आरेख खींचना, और सेलों को संयोजित करके बैटरी का निर्माण करना सिखाया गया है। ये समाधान छात्रों को विद्युत परिपथों की संरचना और कार्यप्रणाली की व्यावहारिक समझ प्रदान करते हैं।
Learning outcomes
- विद्युत परिपथ के विभिन्न अवयवों के प्रतीकों को पहचानना और बनाना।
- दिए गए विद्युत परिपथ के लिए परिपथ आरेख बनाना।
- सेलों को जोड़कर बैटरी बनाने की विधि को समझना।
Topics covered
Paper topics
- विद्युत परिपथ के अवयव
- विद्युत अवयवों के प्रतीक
- विद्युत सेल
- विद्युत बल्ब
- स्विच (ऑन/ऑफ)
- बैटरी
- संयोजक तार
- परिपथ आरेख
- सेलों का संयोजन
- बैटरी का निर्माण
Important topics
- विद्युत अवयवों के प्रतीक
- परिपथ आरेख बनाना
- सेलों को जोड़कर बैटरी बनाना
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Questions and Solutions
प्रश्न 1
विद्युत परिपथ के विभिन्न अवयवों को दर्शाने के लिए विशिष्ट प्रतीकों का उपयोग किया जाता है। ये प्रतीक परिपथ आरेख को सरल और समझने योग्य बनाते हैं। नीचे इन अवयवों के प्रतीक दिए गए हैं:
- संयोजक तार: एक सीधी रेखा द्वारा दर्शाया जाता है।
- विद्युत सेल: एक लंबी रेखा (धनात्मक टर्मिनल) और एक छोटी रेखा (ऋणात्मक टर्मिनल) द्वारा दर्शाया जाता है।
- विद्युत बल्ब: एक वृत्त के अंदर एक टेढ़ी-मेढ़ी रेखा या फिलामेंट का प्रतीक होता है।
- स्विच 'ऑन' की स्थिति में: एक बिंदु से जुड़ी दो रेखाएँ होती हैं, जो परिपथ को पूरा करती हैं।
- स्विच 'ऑफ' की स्थिति में: एक बिंदु से जुड़ी दो रेखाएँ होती हैं, लेकिन वे जुड़ी नहीं होतीं, जिससे परिपथ खुला रहता है।
- बैटरी: दो या दो से अधिक सेलों का संयोजन होती है, जिसमें सेलों के टर्मिनल एक के बाद एक जुड़े होते हैं। इसका प्रतीक कई सेल प्रतीकों को एक साथ जोड़कर बनाया जाता है।
यहाँ इन प्रतीकों का एक संक्षिप्त चित्रण है:
संयोजक तार: —
विद्युत सेल:
विद्युत बल्ब:
स्विच 'ऑन' स्थिति में:
स्विच 'ऑफ' स्थिति में:
बैटरी:
प्रश्न 2
चित्र 14.21 में दिए गए विद्युत परिपथ का परिपथ आरेख खींचने के लिए, हमें उसमें उपस्थित सभी अवयवों (जैसे सेल, बल्ब, स्विच) और उनके संयोजन को पहचानना होगा। परिपथ आरेख में, हम इन अवयवों के मानक प्रतीकों का उपयोग करते हैं और उन्हें तारों से जोड़ते हैं।
मान लीजिए चित्र 14.21 में एक साधारण परिपथ दिखाया गया है जिसमें एक सेल, एक बल्ब और एक स्विच है। परिपथ आरेख इस प्रकार होगा:
एक विद्युत सेल का प्रतीक (एक लंबी और एक छोटी रेखा) बनाया जाएगा।
एक विद्युत बल्ब का प्रतीक (वृत्त के अंदर टेढ़ी-मेढ़ी रेखा) बनाया जाएगा।
एक स्विच का प्रतीक (ऑन या ऑफ स्थिति में) बनाया जाएगा।
इन सभी अवयवों को संयोजक तारों (सरल रेखाओं) द्वारा इस प्रकार जोड़ा जाएगा कि वे एक बंद लूप बना सकें, जिससे विद्युत धारा प्रवाहित हो सके। उदाहरण के लिए, यदि स्विच ऑन स्थिति में है, तो सेल के धनात्मक टर्मिनल से शुरू होकर, तार बल्ब से होते हुए, स्विच से गुजरकर, वापस सेल के ऋणात्मक टर्मिनल तक एक सतत पथ बनाएगा।
(नोट: चित्र 14.21 का वास्तविक आरेख यहाँ उपलब्ध नहीं है, इसलिए यह उत्तर सामान्य परिपथ आरेख के सिद्धांत पर आधारित है। यदि चित्र में विशिष्ट अवयव या संयोजन दिखाया गया है, तो आरेख तदनुसार भिन्न होगा।)
प्रश्न 3
एक बैटरी एक या एक से अधिक विद्युत सेलों का संयोजन होती है। चार सेलों को जोड़कर एक बैटरी बनाने के लिए, हमें उन्हें इस प्रकार संयोजित करना होगा कि उनका कुल वोल्टेज बढ़ जाए। यह आमतौर पर सेलों को श्रेणीक्रम में जोड़कर किया जाता है। श्रेणीक्रम संयोजन में, एक सेल के धनात्मक टर्मिनल को अगले सेल के ऋणात्मक टर्मिनल से जोड़ा जाता है।
चार सेलों को जोड़कर बैटरी बनाने की विधि इस प्रकार है:
- पहले सेल के ऋणात्मक टर्मिनल को एक तार से जोड़ें।
- पहले सेल के धनात्मक टर्मिनल को दूसरे सेल के ऋणात्मक टर्मिनल से जोड़ें।
- दूसरे सेल के धनात्मक टर्मिनल को तीसरे सेल के ऋणात्मक टर्मिनल से जोड़ें।
- तीसरे सेल के धनात्मक टर्मिनल को चौथे सेल के ऋणात्मक टर्मिनल से जोड़ें।
- चौथे सेल के धनात्मक टर्मिनल को एक तार से जोड़ें।
अब, पहले सेल का ऋणात्मक टर्मिनल और चौथे सेल का धनात्मक टर्मिनल बैटरी के दो टर्मिनल होंगे। इस प्रकार, चार सेलों को श्रेणीक्रम में जोड़कर एक बैटरी बनाई जा सकती है, जो एकल सेल की तुलना में अधिक वोल्टेज प्रदान करेगी।
(नोट: चित्र 14.22 का वास्तविक आरेख यहाँ उपलब्ध नहीं है, इसलिए यह उत्तर सेलों को श्रेणीक्रम में जोड़ने के सामान्य सिद्धांत पर आधारित है।)
Common mistakes
- विद्युत अवयवों के प्रतीकों को गलत बनाना या पहचानना।
- परिपथ आरेख बनाते समय अवयवों को गलत तरीके से जोड़ना।
- सेलों को बैटरी बनाने के लिए सही क्रम में संयोजित न करना।
Revision tips
- सभी विद्युत अवयवों के प्रतीकों को याद करें और अभ्यास करें।
- विभिन्न प्रकार के परिपथ आरेख बनाने का अभ्यास करें।
- सेलों को जोड़कर बैटरी बनाने की प्रक्रिया को समझें।
Practice MCQs
Q1. विद्युत सेल का प्रतीक क्या है?
Explanation: विद्युत सेल का प्रतीक एक लंबी रेखा (धनात्मक टर्मिनल) और एक छोटी रेखा (ऋणात्मक टर्मिनल) द्वारा दर्शाया जाता है।
Q2. स्विच 'ऑफ' स्थिति में होने पर परिपथ का क्या होता है?
Explanation: जब स्विच 'ऑफ' स्थिति में होता है, तो परिपथ खुला रहता है, जिससे विद्युत धारा प्रवाहित नहीं हो पाती और बल्ब नहीं जलता।
Q3. बैटरी बनाने के लिए सेलों को कैसे जोड़ा जाता है?
Explanation: बैटरी बनाने के लिए, सेलों को श्रेणीक्रम में जोड़ा जाता है, जिसमें एक सेल का धनात्मक टर्मिनल अगले सेल के ऋणात्मक टर्मिनल से जुड़ा होता है।
Frequently asked questions
कक्षा 7 विज्ञान के अध्याय 14 में किन मुख्य अवधारणाओं को शामिल किया गया है?
इस अध्याय में विद्युत परिपथ के विभिन्न अवयवों जैसे सेल, बल्ब, स्विच और बैटरी के प्रतीकों को समझना, परिपथ आरेख बनाना और सेलों को जोड़कर बैटरी बनाने की विधि को शामिल किया गया है।
विद्युत परिपथ में स्विच 'ऑन' और 'ऑफ' स्थिति का क्या मतलब है?
स्विच 'ऑन' स्थिति में परिपथ को पूरा करता है, जिससे विद्युत धारा प्रवाहित होती है। स्विच 'ऑफ' स्थिति में परिपथ को तोड़ देता है, जिससे धारा का प्रवाह रुक जाता है।
बैटरी और सेल में क्या अंतर है?
एक सेल विद्युत ऊर्जा का स्रोत होता है। बैटरी एक या एक से अधिक सेलों का संयोजन होती है, जिन्हें एक विशेष तरीके से जोड़ा जाता है ताकि अधिक वोल्टेज प्राप्त किया जा सके।
इन NCERT समाधानों का उपयोग परीक्षा की तैयारी के लिए कैसे किया जा सकता है?
ये समाधान अभ्यास प्रश्नों के विस्तृत और स्पष्ट उत्तर प्रदान करते हैं, जिससे छात्रों को विषय की गहरी समझ विकसित करने और परीक्षा में पूछे जाने वाले प्रश्नों के प्रकारों को समझने में मदद मिलती है।
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