कक्षा 5 पर्यावरण अध्ययन: उसी से ठंडा उसी से गर्म - NCERT समाधान

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यह पृष्ठ कक्षा 5 के पर्यावरण अध्ययन (EVS) के लिए NCERT समाधान प्रस्तुत करता है, जो 'उसी से ठंडा उसी से गर्म' नामक अध्याय पर केंद्रित है। यह अध्याय हवा के गुणों, विशेष रूप से तापमान और ध्वनि उत्पादन में इसकी भूमिका की पड़ताल करता है। छात्र सीखेंगे कि कैसे फूँक मारने से गर्मी या ठंडक महसूस हो सकती है, यह इस बात पर निर्भर करता है कि हवा का तापमान आसपास के वातावरण से कैसे भिन्न है। समाधानों में विभिन्न वस्तुओं से सीटी बजाने और संगीत वाद्ययंत्रों की ध्वनियों को पहचानने जैसी गतिविधियों के उत्तर शामिल हैं। यह अध्याय छात्रों को अपने आसपास की दुनिया का निरीक्षण करने और हवा के विभिन्न प्रभावों को समझने के लिए प्रोत्साहित करता है, जो परीक्षा की तैयारी के लिए एक मजबूत आधार प्रदान करता है।

Quick info

BoardCBSE
ClassClass 5
SubjectEnvironmental Studies
Session2026
LanguageHindi
TypeNCERT Solutions
Chapter15 उसी से ठंडा उसी से गर्म

Chapter summary

कक्षा 5 के पर्यावरण अध्ययन के लिए 'उसी से ठंडा उसी से गर्म' अध्याय के NCERT समाधानों में हवा के गुणों और इसके विभिन्न उपयोगों पर ध्यान केंद्रित किया गया है। यह अध्याय बताता है कि कैसे फूँक मारने से गर्मी या ठंडक का अनुभव हो सकता है, और विभिन्न वस्तुओं से निकलने वाली ध्वनियों का पता लगाता है। समाधानों में गर्म भोजन को ठंडा करने, हाथों को गर्म करने और विभिन्न वाद्य यंत्रों से निकलने वाली आवाजों को पहचानने जैसी गतिविधियों के उत्तर शामिल हैं। यह छात्रों को हवा के व्यवहार और ध्वनि उत्पादन में इसकी भूमिका को समझने में मदद करता है।

Learning outcomes

  • समझना कि फूँक मारने से गर्मी या ठंडक क्यों महसूस होती है।
  • गर्म भोजन को ठंडा करने के विभिन्न तरीकों की पहचान करना।
  • विभिन्न वस्तुओं से निकलने वाली ध्वनियों को सुनना और क्रमबद्ध करना।
  • संगीत वाद्ययंत्रों की आवाजों को पहचानना।
  • हवा में मौजूद जलवाष्प के प्रभाव को समझना।

Topics covered

Paper topics

  • फूँक मारने से गर्मी और ठंडक
  • गर्म भोजन को ठंडा करना
  • हवा का तापमान
  • ध्वनि उत्पादन
  • वाद्य यंत्र
  • संगीत के उपकरण
  • हवा में जलवाष्प
  • संघनन
  • चश्मा साफ करना
  • काल्पनिक चरित्र (बालिश्तिये)

Important topics

  • फूँक मारने से गर्मी और ठंडक का अनुभव
  • गर्म भोजन को ठंडा करने की विधियाँ
  • विभिन्न वस्तुओं से निकलने वाली ध्वनियाँ
  • वाद्य यंत्रों की पहचान
  • हवा में जलवाष्प का प्रभाव

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Questions and Solutions

प्रश्न 1

सोचो, क्या असल में बालिश्तिये होते हैं? इस कहानी के लेखक ने बालिश्तिये की बात क्यों की होगी?
Solution: असल में बालिश्तिये नाम के कोई प्राणी नहीं होते हैं। बालिश्तिये कहानी का एक काल्पनिक चरित्र है। लेखक ने इस चरित्र का उपयोग कहानी को रोचक बनाने और बच्चों का ध्यान आकर्षित करने के लिए किया होगा, ताकि वे कहानी में कही गई बातों पर विचार कर सकें।

प्रश्न 2

क्या तुमने भी कभी सर्दी में अपने हाथों पर फूँक मारी है? कैसा लगता है?
Solution: हाँ, मैंने सर्दियों में अपने हाथों पर फूँक मारी है। जब मैं अपने हाथों पर फूँक मारता हूँ, तो मुझे थोड़ी गर्माहट महसूस होती है, जिससे मेरे हाथ थोड़े गर्म हो जाते हैं।

प्रश्न 3

अपने हाथों को मुँह के पास लाकर जोर से दो-तीन बार फूँक मारो। मुँह से छोड़ी हुई फूँक की हवा आस-पास की हवा के मुकाबले कैसी लगी?
Solution: जब मैंने अपने हाथों के पास मुँह से जोर से फूँक मारी, तो मुझे महसूस हुआ कि मेरे मुँह से निकली हुई हवा आसपास की हवा की तुलना में थोड़ी गर्म थी।

प्रश्न 4

अगर हाथों को मुँह से थोड़ी दूरी पर रखो, तब भी क्या मुँह से निकली हुई हवा गर्म लगेगी? क्यों?
Solution: नहीं, अगर हाथों को मुँह से थोड़ी दूरी पर रखा जाए, तो फूँक की हवा पहले की अपेक्षा कम गर्म लगेगी। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि हवा मुँह से निकलकर हाथों तक पहुँचने से पहले ही आसपास की ठंडी हवा के साथ मिल जाती है, जिससे उसका तापमान कम हो जाता है।

प्रश्न 5

क्या तुम कोई और ऐसी स्थिति सोच सकते हो जब फूँक मारने से गर्मी मिलती है?
Solution: हाँ, ऐसी एक स्थिति तब होती है जब हम किसी ठंडी चीज, जैसे कि ठंडे हाथ या ठंडे बर्तन पर फूँक मारते हैं। हमारे मुँह से निकलने वाली हवा, जो सामान्यतः आसपास की हवा से थोड़ी गर्म होती है, उस ठंडी चीज को गर्म करने में मदद करती है। उदाहरण के लिए, यदि किसी को आँख में चोट लगी हो और वह सेंकना चाहे, तो वह अपने रुमाल पर फूँक मारकर उसे हल्का गर्म कर सकता है।

प्रश्न 6

अपने रुमाल या किसी भी मुलायम कपड़े को दो-तीन बार मोड़ दो। उसे मुँह के पास लाकर दो-तीन बार जोर से फूँक मारो। क्या रूमाल या कपड़ा कुछ गर्म हो गया? करके देखो।
Solution: हाँ, जब मैंने रुमाल को मोड़कर उस पर फूँक मारी, तो वह थोड़ा गर्म हो गया। ऐसा इसलिए हुआ क्योंकि मेरे मुँह से निकली गर्म हवा रुमाल के रेशों में समा गई और उसे गर्म कर दिया।

प्रश्न 7

बालिश्तिये ने देखा कि लकड़हारा गर्म-गर्म आलू को फूँक मारकर ठंडा कर रहा था। अगर वह बिना फूँक मारे ही गर्म-गर्म आलू को खा लेता तो क्या होता?
Solution: अगर लकड़हारा बिना फूँक मारे ही गर्म-गर्म आलू को खा लेता, तो उसका मुँह या जीभ जल सकती थी। गर्म भोजन या वस्तु को खाने से पहले उसे थोड़ा ठंडा करना आवश्यक होता है ताकि वह खाने योग्य हो जाए।

प्रश्न 8

क्या कभी कुछ गर्म खाने या पीने से तुम्हारी जीभ जली है? तुम अपने गर्म खाने को कैसे-कैसे ठंडा करते हो?
Solution: हाँ, कभी-कभी गर्म खाना या चाय पीने से मेरी जीभ जल जाती है। अपने गर्म खाने को ठंडा करने के लिए मैं कुछ तरीके अपनाता हूँ: मैं उसे थोड़ी देर के लिए खुला छोड़ देता हूँ ताकि वह स्वाभाविक रूप से ठंडा हो जाए, या फिर मैं उस पर धीरे-धीरे फूँक मारता हूँ। कभी-कभी मैं पंखे के नीचे रखकर भी उसे ठंडा करता हूँ।

प्रश्न 9

अगर रोटी, चावल और दाल बहुत गर्म हैं तो तुम तीनों को किस-किस तरीके से ठंडा करोगे?
Solution: अगर रोटी, चावल और दाल बहुत गर्म हैं, तो मैं उन्हें ठंडा करने के लिए निम्नलिखित तरीके अपनाऊँगा:
  1. रोटी: रोटी को थोड़ी देर खुली हवा में रखूँगा या उसे धीरे-धीरे हवा में हिलाऊँगा। अगर बहुत गर्म है तो उस पर फूँक भी मार सकता हूँ।
  2. चावल: चावल को एक चौड़े बर्तन में फैला दूँगा ताकि वे जल्दी ठंडे हो जाएँ। उन पर भी फूँक मारी जा सकती है या पंखे से हवा की जा सकती है।
  3. दाल: दाल को भी एक चौड़े बर्तन में निकालकर थोड़ी देर खुला छोड़ दूँगा। दाल को हिलाने से भी वह जल्दी ठंडी हो जाती है।

प्रश्न 10

चित्र 1-मिन्नी ने चाय को फूँक मार-मारकर जल्दी से ठंडा किया। तुम्हें क्या लगता है कि मिन्नी की चाय ज्यादा गर्म होगी या उसकी फूँक की हवा?
Solution: मिन्नी की चाय उसकी फूँक की हवा से ज्यादा गर्म होगी। फूँक मारने का उद्देश्य चाय को ठंडा करना है, जिसका अर्थ है कि चाय का तापमान हवा के तापमान से अधिक है। हवा चाय से गर्मी को अवशोषित करके उसे ठंडा करती है।

प्रश्न 11

चित्र 2-सोनू की ठंड से जान निकल रही थी। इसलिए वह बार-बार अपने हाथों पर फूँक मार रहा था। अब सोचो और बताओ कि सोनू के हाथ ज्यादा ठंडे होंगे या उसकी फूँक की हवा।
Solution: सोनू के हाथ उसकी फूँक की हवा से ज्यादा ठंडे होंगे। सोनू अपने ठंडे हाथों को गर्म करने के लिए फूँक मार रहा है। इसका मतलब है कि उसके हाथ हवा से ज्यादा ठंडे हैं, और वह हवा की गर्मी का उपयोग करके उन्हें गर्म करने की कोशिश कर रहा है।

प्रश्न 12

तुम और क्या-क्या करने के लिए फूँक मारते हो?
Solution: मैं फूँक मारने का उपयोग कई अन्य कामों के लिए भी करता हूँ, जैसे:
  • सीटी बजाने के लिए।
  • कपड़े या किसी अन्य चीज से धूल उड़ाने के लिए।
  • घिरनी (जैसे पतंग उड़ाने वाली घिरनी) चलाने के लिए।
  • चश्मे के शीशे को साफ करने के लिए।
  • मोमबत्ती बुझाने के लिए।

प्रश्न 13

नीचे दी गई चीजों से आवाजें निकालकर देखो। लिखो उनमें से किससे सबसे तेज सीटी बजी और किससे सबसे धीरे। आवाज की तेजी को क्रम में लिखो: टॉफी की पन्नी से, पत्ते से, गुब्बारे से, पेन के ढक्कन से, किसी और चीज से।
Solution: इन चीजों से आवाजें निकालने पर, सबसे तेज आवाज पेन के ढक्कन से निकली। आवाज की तेजी का क्रम इस प्रकार हो सकता है (यह व्यक्तिगत अनुभव पर निर्भर करता है):
  1. पेन के ढक्कन से (सबसे तेज)
  2. गुब्बारे से (फूँक मारकर या फोड़ने पर)
  3. टॉफी की पन्नी से (रगड़ने या मोड़ने पर)
  4. पत्ते से (फूँक मारकर या मोड़ने पर)
  5. किसी और चीज से (जैसे खाली बोतल में फूँक मारकर) (सबसे धीरे या मध्यम)
यह क्रम चीजों की बनावट और उन्हें बजाने के तरीके पर निर्भर करेगा।

प्रश्न 14

क्या तुम आँखें बंद करके बाँसुरी, ढोलक, बीन, मृदंग, गिटार, आदि की आवाजें पहचान सकते हो?
Solution: हाँ, यदि मैंने इन वाद्य यंत्रों की आवाजों को पहले सुना है और उनसे परिचित हूँ, तो मैं आँखें बंद करके भी उनकी आवाजों को पहचानने की कोशिश कर सकता हूँ। प्रत्येक वाद्य यंत्र की अपनी विशिष्ट ध्वनि होती है।

प्रश्न 15

क्या तुम ऐसी चीजों के नाम बता सकते हो, जिनमें फूँक मारने से सुहावनी आवाज निकलती है? उनके नाम लिखो।
Solution: हाँ, ऐसी कई चीजें हैं जिनमें फूँक मारने से सुहावनी आवाज निकलती है। उनमें से कुछ हैं:
  • बाँसुरी
  • शहनाई
  • बीन
  • सीटी (जैसे सीटी बजाने वाली खिलौना)
  • बैगपाईपर
  • कुछ प्रकार के हॉर्न

प्रश्न 16

क्या तुमने कभी देखा है कि कोई चश्मा साफ करने के लिए अपने मुँह से हवा निकाल रहा हो? मुँह से निकली हवा से चश्मा साफ करने में कैसे मदद मिलती होगी?
Solution: हाँ, मैंने देखा है कि लोग चश्मा साफ करने के लिए अपने मुँह से हवा निकालते हैं। मुँह से निकली हवा में नमी (जलवाष्प) होती है। जब यह हवा चश्मे के शीशे पर लगे धूल के कणों पर पड़ती है, तो यह उन कणों को ढीला कर देती है और उन्हें उड़ाने में मदद करती है। इसके बाद, एक मुलायम कपड़े से पोंछने पर चश्मा साफ हो जाता है।

प्रश्न 17

एक स्टील का गिलास लो और उसे मुँह के पास लाकर मुँह खोलकर जोर से साँस छोड़ो। इस तरह दो-तीन बार साँस छोड़कर देखो। क्या गिलास कुछ धुँधला-सा हो गया है?
Solution: हाँ, जब मैंने स्टील के गिलास के पास मुँह खोलकर जोर से साँस छोड़ी, तो गिलास की सतह थोड़ी धुँधली हो गई। ऐसा इसलिए हुआ क्योंकि मेरे मुँह से निकली हवा में जलवाष्प थी, जो ठंडे गिलास की सतह पर जम गई।

प्रश्न 18

क्या तुम इसी तरह शीशे को भी धुँधला बना सकते हो?
Solution: हाँ, मैं इसी तरह शीशे को भी धुँधला बना सकता हूँ। जब मैं अपने मुँह से निकली हुई गर्म और नम हवा को शीशे की ठंडी सतह पर छोड़ता हूँ, तो हवा में मौजूद जलवाष्प शीशे पर संघनित होकर छोटी-छोटी बूंदों का रूप ले लेती है, जिससे शीशा धुँधला दिखाई देने लगता है।

प्रश्न 19

शीशे को छूकर पता लगा सकते हो कि यह धुँधलापन किस वजह से है? छोड़ी हुई हवा सूखी है या गीली?
Solution: शीशे को छूकर पता लगाया जा सकता है कि धुँधलापन हवा में मौजूद जलवाष्प के कारण है। जब मैं धुँधले शीशे को छूता हूँ, तो मुझे नमी महसूस होती है, जो यह दर्शाता है कि छोड़ी गई हवा सूखी नहीं बल्कि गीली थी। यह नमी हवा में मौजूद जलवाष्प के कारण होती है जो ठंडी सतह पर जम जाती है।

Common mistakes

  • फूँक मारने से गर्मी या ठंडक के पीछे के वैज्ञानिक कारण को न समझना।
  • गर्म भोजन को ठंडा करने के लिए केवल एक ही तरीके का उपयोग करना।
  • विभिन्न वस्तुओं से निकलने वाली ध्वनियों के बीच अंतर करने में कठिनाई।
  • हवा के तापमान और उसके प्रभाव के बीच संबंध को गलत समझना।

Revision tips

  • फूँक मारने से गर्मी या ठंडक के अनुभव को स्वयं करके देखें और कारणों पर विचार करें।
  • गर्म भोजन को ठंडा करने के विभिन्न तरीकों की सूची बनाएं और उनकी तुलना करें।
  • विभिन्न वाद्य यंत्रों की आवाजों को सुनने का अभ्यास करें और उन्हें पहचानने की कोशिश करें।
  • अध्याय में दिए गए चित्रों और उनके विवरणों को ध्यान से पढ़ें।

Practice MCQs

Q1. सर्दियों में हाथों पर फूँक मारने से कैसा महसूस होता है?

Q2. गर्म-गर्म आलू को बिना फूँक मारे खाने पर क्या हो सकता है?

Q3. जब हम किसी ठंडे गिलास पर मुँह से हवा छोड़ते हैं, तो गिलास धुँधला क्यों हो जाता है?

Q4. निम्नलिखित में से कौन सा वाद्य यंत्र फूँक मारकर नहीं बजाया जाता है?

Q5. चश्मा साफ करने के लिए मुँह से हवा छोड़ने से क्या होता है?

Frequently asked questions

कक्षा 5 के EVS में 'उसी से ठंडा उसी से गर्म' अध्याय क्या सिखाता है?

यह अध्याय सिखाता है कि कैसे फूँक मारने से हवा का तापमान बदलता है, जिससे गर्मी या ठंडक महसूस होती है। यह विभिन्न वस्तुओं से निकलने वाली ध्वनियों और संगीत वाद्ययंत्रों के बारे में भी बताता है।

क्या फूँक मारने से हमेशा गर्मी ही मिलती है?

नहीं, फूँक मारने से गर्मी या ठंडक दोनों महसूस हो सकती है। यदि आप गर्म वस्तु पर फूँक मारते हैं, तो वह ठंडी होती है। यदि आप ठंडे हाथों पर फूँक मारते हैं, तो वे गर्म महसूस होते हैं क्योंकि आपके मुँह से निकलने वाली हवा आसपास की हवा से गर्म होती है।

गर्म खाना ठंडा करने के लिए हम क्या तरीके अपना सकते हैं?

गर्म खाना ठंडा करने के लिए हम उसे थोड़ी देर खुला छोड़ सकते हैं, उस पर फूँक मार सकते हैं, या पंखे से हवा कर सकते हैं।

हमारे मुँह से निकली हवा से गिलास या शीशा धुँधला क्यों हो जाता है?

हमारे मुँह से निकली हवा में जलवाष्प होती है। जब यह हवा ठंडी सतह (जैसे गिलास या शीशा) के संपर्क में आती है, तो जलवाष्प संघनित होकर छोटी-छोटी पानी की बूंदों में बदल जाती है, जिससे सतह धुँधली दिखाई देती है।

क्या फूँक मारकर बजाए जाने वाले कुछ वाद्य यंत्रों के नाम बता सकते हैं?

हाँ, फूँक मारकर बजाए जाने वाले वाद्य यंत्रों में बाँसुरी, बीन, शहनाई, बैगपाईपर आदि शामिल हैं।

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