कक्षा 6 संस्कृत अध्याय 4 विद्यालय NCERT समाधान

NCERT Solutions PDF Class 6 PDF

यह पृष्ठ कक्षा 6 के लिए संस्कृत के अध्याय 4, 'विद्यालय' पर केंद्रित NCERT समाधान प्रस्तुत करता है। इसमें सर्वनामों (अहम्, आवाम्, वयम्, त्वम्, युवाम्, यूयम्) और उनके संबंधित क्रियापदों के उचित उपयोग को समझने में छात्रों की सहायता के लिए विस्तृत स्पष्टीकरण शामिल हैं। अभ्यास में सर्वनामों को एकवचन, द्विवचन और बहुवचन में बदलना, कोष्ठकों से सही शब्दों का चयन करके रिक्त स्थान भरना और क्रियाओं के साथ वाक्यों को पूरा करना शामिल है। ये समाधान छात्रों को संस्कृत व्याकरण की मूल बातें मजबूत करने और परीक्षा की तैयारी में मदद करने के लिए डिज़ाइन किए गए हैं।

Quick info

BoardCBSE
ClassClass 6
SubjectSanskrit
Session2026
LanguageHindi
TypeNCERT Solutions
ChapterChapter 4

Chapter summary

कक्षा 6 के संस्कृत अध्याय 4 'विद्यालय' के लिए NCERT समाधान छात्रों को सर्वनामों और क्रियाओं के बीच संबंध को समझने में मदद करते हैं। अभ्यास में सर्वनामों के विभिन्न रूपों (जैसे अहम्, त्वम्, आवाम्, युवाम्, वयम्, यूयम्) और उनके बहुवचन, द्विवचन और एकवचन रूपों में परिवर्तन का अभ्यास शामिल है। छात्रों को क्रियाओं के सही रूप का चयन करके वाक्य पूरा करने और सर्वनामों के स्वामित्व वाले रूपों (जैसे मम, तव) का उपयोग करके रिक्त स्थान भरने का भी अभ्यास कराया जाता है।

Learning outcomes

  • सर्वनामों के विभिन्न रूपों (अहम्, आवाम्, वयम्, त्वम्, युवाम्, यूयम्) को पहचानना और उनका उच्चारण करना।
  • सर्वनामों को एकवचन, द्विवचन और बहुवचन में बदलना सीखना।
  • क्रियाओं के साथ सर्वनामों के सही मेल का अभ्यास करना।
  • कोष्ठकों से उचित सर्वनाम या क्रिया चुनकर रिक्त स्थान भरना।
  • सर्वनामों के स्वामित्व वाले रूपों (जैसे मम, तव) का सही उपयोग समझना।

Topics covered

Paper topics

  • सर्वनामों का परिचय
  • पुरुषवाचक सर्वनाम (अहम्, त्वम्, सः)
  • पुरुषवाचक सर्वनाम (आवाम्, युवाम्, तौ)
  • पुरुषवाचक सर्वनाम (वयम्, यूयम्, ते)
  • क्रियाओं का पुरुष और वचन के अनुसार परिवर्तन
  • एकवचन, द्विवचन और बहुवचन का प्रयोग
  • कर्ता कारक सर्वनाम
  • कर्म कारक सर्वनाम (माम्, त्वाम्, नः, युष्मान्)
  • संबंध कारक सर्वनाम (मम, तव, आवयोः, युवयोः, अस्माकम्, युष्माकम्)
  • वाक्य निर्माण
  • संस्कृत व्याकरण अभ्यास
  • विद्यालय से संबंधित शब्दावली

Important topics

  • सर्वनामों के तीनों पुरुष (उत्तम, मध्यम, प्रथम) और तीनों वचन (एकवचन, द्विवचन, बहुवचन) के रूप।
  • कर्ता के अनुसार क्रिया का सही रूप में परिवर्तन।
  • संबंध कारक सर्वनामों (मम, तव, आदि) का प्रयोग।
  • वाक्य में सर्वनाम और क्रिया के बीच सामंजस्य।

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Questions and Solutions

प्रश्न 1

प्रश्न 1. उच्चारणं कुरुत।

अहम् आवाम् वयम्

माम् आवाम् अस्मान्

मम् आवयो: अस्माकम्

त्वम् युवाम् यूयम्

त्वाम् युवाम् युष्मान्

तव युवयो: युष्माकम्

Solution:

यह प्रश्न छात्रों को संस्कृत में उत्तम पुरुष (अहम्, आवाम्, वयम्) और मध्यम पुरुष (त्वम्, युवाम्, यूयम्) के विभिन्न रूपों, जैसे कर्ता कारक (अहम्, त्वम्), कर्म कारक (माम्, त्वाम्) और संबंध कारक (मम, तव) का सही उच्चारण करने का अभ्यास करने के लिए दिया गया है। छात्र इन शब्दों को जोर से बोलकर इनका अभ्यास कर सकते हैं।

प्रश्न 2

प्रश्न 2. निर्देशानुसारं परिवर्तनं कुरुत

यथा-अहं पठामि। – (बहुवचने) – वयं पठामः।

  • (क) अहं नृत्यामि। – (बहुवचने) .....
  • (ख) त्वं पठिस। – (बहुवचने) .....
  • (ग) युवां क्रीडथः। – (एकवचने) .....
  • (घ) आवां गच्छावः। – (बहुवचने) .....
  • (ङ) अस्माकं पुस्तकानि। – (एकवचने) – .....
  • (च) तव गृहम्। – (द्विवचने) – .....
Solution:

इस प्रश्न में दिए गए वाक्यों को कोष्ठक में दिए गए निर्देश के अनुसार एकवचन से बहुवचन या बहुवचन से एकवचन में बदलना है।

  1. (क) 'अहं नृत्यामि।' (मैं नाचता/नाचती हूँ।) का बहुवचन होगा 'वयं नृत्यामः।' (हम सब नाचते/नाचती हैं)। यहाँ उत्तम पुरुष एकवचन 'अहम्' को उत्तम पुरुष बहुवचन 'वयं' में और क्रिया 'नृत्यामि' को 'नृत्यामः' में बदला गया है।
  2. (ख) 'त्वं पठसि।' (तुम पढ़ते/पढ़ती हो।) का बहुवचन होगा 'यूयं पठथ।' (तुम सब पढ़ते/पढ़ती हो)। यहाँ मध्यम पुरुष एकवचन 'त्वम्' को मध्यम पुरुष बहुवचन 'यूयम्' में और क्रिया 'पठसि' को 'पठथ' में बदला गया है।
  3. (ग) 'युवां क्रीडथः।' (तुम दो खेलते/खेलती हो।) का एकवचन होगा 'त्वं क्रीडसि।' (तुम खेलते/खेलती हो)। यहाँ मध्यम पुरुष द्विवचन 'युवाम्' को मध्यम पुरुष एकवचन 'त्वम्' में और क्रिया 'क्रीडथः' को 'क्रीडसि' में बदला गया है।
  4. (घ) 'आवां गच्छावः।' (हम दो जाते/जाती हैं।) का बहुवचन होगा 'वयं गच्छामः।' (हम सब जाते/जाती हैं)। यहाँ उत्तम पुरुष द्विवचन 'आवाम्' को उत्तम पुरुष बहुवचन 'वयं' में और क्रिया 'गच्छावः' को 'गच्छामः' में बदला गया है।
  5. (ङ) 'अस्माकं पुस्तकानि।' (हमारे पुस्तकें।) का एकवचन होगा 'मम पुस्तकम्।' (मेरी पुस्तक)। यहाँ संबंध कारक बहुवचन 'अस्माकम्' को संबंध कारक एकवचन 'मम' में और बहुवचन संज्ञा 'पुस्तकानि' को एकवचन 'पुस्तकम्' में बदला गया है।
  6. (च) 'तव गृहम्।' (तुम्हारा घर।) का द्विवचन होगा 'युवयोः गृहे।' (तुम दोनों का घर)। यहाँ संबंध कारक एकवचन 'तव' को संबंध कारक द्विवचन 'युवयोः' में और एकवचन संज्ञा 'गृहम्' को द्विवचन 'गृहे' में बदला गया है।

प्रश्न 3

प्रश्न 3. कोष्ठकात् उचितं शब्दं चित्वा रिक्तस्थानानि पूरयत
  • (क) पठामि। (वयम्/अहम्) .....
  • (ख) गच्छथः। (युवाम्/यूयम्) .....
  • (ग) एतत् ...... पुस्तकम्। (माम्/मम)
  • (घ) ..... क्रीडनकानि। (युष्मान्/युष्माकम्)
  • (ङ) ..... छात्रे स्वः। (वयम्/आवाम्)
  • (च) एषा ..... लेखनी। (तव/त्वाम्)
Solution:

इस प्रश्न में दिए गए वाक्यों में कोष्ठक में दिए गए दो शब्दों में से सही शब्द चुनकर रिक्त स्थान भरना है। सही शब्द का चुनाव वाक्य के अर्थ और व्याकरण के अनुसार किया जाएगा।

  • (क) पठामि। (वयम्/अहम्) - क्रिया 'पठामि' उत्तम पुरुष एकवचन की है, इसलिए कर्ता 'अहम्' (मैं) सही है।
  • (ख) गच्छथः। (युवाम्/यूयम्) - क्रिया 'गच्छथः' मध्यम पुरुष द्विवचन की है, इसलिए कर्ता 'युवाम्' (तुम दो) सही है।
  • (ग) एतत् मम पुस्तकम्। (माम्/मम) - यहाँ पुस्तक के स्वामित्व की बात हो रही है, इसलिए संबंध कारक 'मम' (मेरा) सही है। 'माम्' कर्म कारक है।
  • (घ) युष्माकम् क्रीडनकानि। (युष्मान्/युष्माकम्) - 'क्रीडनकानि' (खिलौने) बहुवचन हैं और ये किसके हैं, यह दर्शाने के लिए संबंध कारक 'युष्माकम्' (तुम सबका) सही है। 'युष्मान्' कर्म कारक है।
  • (ङ) आवाम् छात्रे स्वः। (वयम्/आवाम्) - क्रिया 'स्वः' उत्तम पुरुष द्विवचन की है, इसलिए कर्ता 'आवाम्' (हम दो) सही है। 'वयम्' बहुवचन के लिए है।
  • (च) एषा तव लेखनी। (तव/त्वाम्) - यहाँ लेखनी के स्वामित्व की बात हो रही है, इसलिए संबंध कारक 'तव' (तुम्हारी) सही है। 'त्वाम्' कर्म कारक है।

प्रश्न 4

प्रश्न 4. क्रियापदैः वाक्यानि पूरयत-

पठसि , धावामः , गच्छावः , क्रिडथः , लिखामि ,पश्यथ ।

यथा- अहं पठामि।

  • (क) त्वं .....
  • (ख) आवां .....
  • (ग) यूयं .....
  • (घ) अहं .....
  • (ङ) युवां .....
  • (च) वयं .....
Solution:

इस प्रश्न में दिए गए वाक्यों में कर्ता के अनुसार सही क्रियापद चुनकर रिक्त स्थान भरना है। क्रिया का रूप कर्ता के पुरुष और वचन के अनुसार बदलता है।

  • (क) त्वं पठसि - 'त्वं' मध्यम पुरुष एकवचन है, इसलिए क्रिया 'पठसि' (पढ़ते हो) सही है।
  • (ख) आवां गच्छावः - 'आवां' उत्तम पुरुष द्विवचन है, इसलिए क्रिया 'गच्छावः' (जाते हैं) सही है।
  • (ग) यूयं पश्यथ - 'यूयं' मध्यम पुरुष बहुवचन है, इसलिए क्रिया 'पश्यथ' (देखते हो) सही है।
  • (घ) अहं लिखामि - 'अहं' उत्तम पुरुष एकवचन है, इसलिए क्रिया 'लिखामि' (लिखता/लिखती हूँ) सही है।
  • (ङ) युवां क्रीडथः - 'युवां' मध्यम पुरुष द्विवचन है, इसलिए क्रिया 'क्रीडथः' (खेलते हो) सही है।
  • (च) वयं धावामः - 'वयं' उत्तम पुरुष बहुवचन है, इसलिए क्रिया ' धावामः' (दौड़ते हैं) सही है।

Common mistakes

  • सर्वनामों के एकवचन, द्विवचन और बहुवचन रूपों को गलत मिलाना।
  • क्रियाओं को सर्वनामों के पुरुष और वचन के अनुसार सही ढंग से न बदलना।
  • स्वामित्व वाले सर्वनामों (जैसे मम, तव) के स्थान पर कर्म कारक सर्वनामों (जैसे माम्, त्वाम्) का प्रयोग करना।
  • वाक्य में सर्वनाम के वचन के अनुसार क्रिया का सही रूप न चुनना।

Revision tips

  • प्रत्येक सर्वनाम के सभी रूपों (कर्ता, कर्म, संबंध) को एक साथ लिखकर याद करें।
  • अभ्यास 2 में दिए गए परिवर्तनों को ध्यान से समझें और स्वयं कुछ अन्य उदाहरणों पर लागू करें।
  • अभ्यास 3 और 4 में रिक्त स्थानों को भरने के लिए सर्वनाम और क्रिया के वचन और पुरुष पर विशेष ध्यान दें।
  • पाठ में दिए गए उदाहरणों (यथा) को अच्छी तरह से समझें, क्योंकि वे पैटर्न को स्पष्ट करते हैं।

Practice MCQs

Q1. 'अहम् पठामि।' वाक्य का बहुवचन रूप क्या है?

Q2. 'त्वं पठसि।' वाक्य का बहुवचन रूप क्या है?

Q3. कोष्ठक में दिए गए सर्वनामों में से सही का चयन करें: एतत् ______ पुस्तकम्। (माम्/मम)

Q4. कोष्ठक में दिए गए सर्वनामों में से सही का चयन करें: ______ छात्रे स्वः। (वयम्/आवाम्)

Q5. 'युवाम् क्रीडथः।' वाक्य का एकवचन रूप क्या है?

Frequently asked questions

कक्षा 6 के संस्कृत के अध्याय 4 का मुख्य विषय क्या है?

कक्षा 6 के संस्कृत के अध्याय 4, 'विद्यालय' का मुख्य विषय पुरुषवाचक सर्वनामों (जैसे अहम्, त्वम्, वयम्) और क्रियाओं के विभिन्न रूपों (पुरुष और वचन के अनुसार) का सही प्रयोग सीखना है।

इन NCERT समाधानों का उपयोग कैसे करें?

इन समाधानों का उपयोग अध्याय में दिए गए अभ्यासों को समझने और हल करने के लिए करें। प्रत्येक प्रश्न के उत्तर को ध्यान से पढ़ें और समझें कि सर्वनाम और क्रियाओं को कैसे बदला गया है।

क्या ये समाधान परीक्षा की तैयारी में मदद करेंगे?

हाँ, ये समाधान संस्कृत व्याकरण के महत्वपूर्ण पहलुओं, विशेष रूप से सर्वनामों और क्रियाओं के सही उपयोग पर केंद्रित हैं, जो परीक्षा में पूछे जाते हैं।

सर्वनामों के एकवचन, द्विवचन और बहुवचन रूपों में क्या अंतर है?

एकवचन एक व्यक्ति या वस्तु के लिए, द्विवचन दो व्यक्तियों या वस्तुओं के लिए, और बहुवचन दो से अधिक व्यक्तियों या वस्तुओं के लिए प्रयोग किया जाता है। संस्कृत में सर्वनाम और क्रियाएं इन वचनों के अनुसार बदलती हैं।

अभ्यास 2 में 'निर्देशानुसारं परिवर्तनं कुरुत' का क्या अर्थ है?

इसका अर्थ है कि दिए गए वाक्य को कोष्ठक में बताए गए निर्देश के अनुसार बदलना है, जैसे कि एकवचन को बहुवचन में या बहुवचन को एकवचन में बदलना।

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