कक्षा 11 गणित अध्याय 5: गणितीय विवेचन NCERT समाधान
यह पृष्ठ कक्षा 11 गणित के अध्याय 5 "गणितीय विवेचन" के लिए विस्तृत NCERT समाधान प्रदान करता है। इसमें अभ्यास 14.1 के प्रश्न शामिल हैं जो वाक्यों को कथन के रूप में पहचानने और उनके कारणों का विश्लेषण करने पर केंद्रित हैं। अभ्यास 14.2 में कथनों के निषेधन (negation) लिखने का अभ्यास कराया गया है। समाधानों में प्रत्येक प्रश्न के लिए स्पष्टीकरण और चरण-दर-चरण प्रक्रिया दी गई है, जिससे छात्रों को गणितीय तर्क की मूल अवधारणाओं को समझने में मदद मिलती है। ये समाधान परीक्षा की तैयारी और अवधारणाओं की गहरी समझ के लिए अत्यंत उपयोगी हैं।
Quick info
| Board | CBSE |
|---|---|
| Class | Class 11 |
| Subject | गणित-II |
| Session | 2026 |
| Language | Hindi |
| Type | NCERT Solutions |
| Chapter | Chapter 5 |
Chapter summary
कक्षा 11 गणित के अध्याय 5 "गणितीय विवेचन" के ये NCERT समाधान छात्रों को गणितीय कथनों की पहचान, उनके सत्य या असत्य होने के निर्धारण और कथनों के निषेधन लिखने की प्रक्रिया को समझने में मदद करते हैं। अभ्यास 14.1 में विभिन्न प्रकार के वाक्यों का विश्लेषण किया गया है ताकि यह समझा जा सके कि कौन से वाक्य कथन कहलाते हैं और क्यों। अभ्यास 14.2 में दिए गए कथनों के विपरीत या निषेधात्मक वाक्य बनाने का तरीका सिखाया गया है।
Learning outcomes
- कथनों (statements) को पहचानने और परिभाषित करने की क्षमता विकसित करना।
- दिए गए वाक्यों की सत्यता या असत्यता का कारण सहित निर्धारण करना।
- यह समझना कि कौन से वाक्य कथन नहीं माने जाते हैं और क्यों।
- दिए गए कथनों के निषेधन (negation) को सही ढंग से लिखना।
- गणितीय भाषा और तर्क के मूल सिद्धांतों को समझना।
Topics covered
Paper topics
- कथन की परिभाषा
- कथन की सत्यता और असत्यता
- कथन नहीं होने वाले वाक्य
- कथनों का निषेधन (Negation of Statements)
- गणितीय तर्क के मूल सिद्धांत
Important topics
- कथन की पहचान और परिभाषा
- कथन के सत्य/असत्य होने का निर्धारण
- कथनों का निषेधन लिखना
- गणितीय तर्क की समझ
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Questions and Solutions
प्रश्न 1
(i) एक महीने में 35 दिन होते हैं।
(ii) गणित एक कठिन विषय है।
(iii) 5 और 7 का योगफल 10 से अधिक है।
(iv) किसी संख्या का वर्ग एक सम संख्या होती है।
(v) किसी चतुर्पुज की भुजाएँ बराबर (समान) लंबाई की होती हैं।
(vi) इस प्रश्न का उत्तर दीजिए।
(vii) -1 और 8 का गुणनफल 8 है।
(viii) किसी त्रिमुज के सभी अंत: कोणों का योगफल 180° होता है।
(ix) आज एक तूफानी दिन है।
(x) सभी वास्तविक संख्याएँ सम्मिश्र संख्याएँ होती हैं।
एक कथन वह वाक्य होता है जो या तो निश्चित रूप से सत्य हो या निश्चित रूप से असत्य हो।
(i) यह वाक्य असत्य है, क्योंकि किसी भी महीने में अधिकतम 31 दिन होते हैं। अतः यह एक कथन है।
(ii) यह एक कथन नहीं है। यह एक व्यक्तिगत राय है; कुछ लोगों के लिए गणित सरल हो सकता है और दूसरों के लिए कठिन। इसकी सत्यता या असत्यता निश्चित नहीं है।
(iii) यह वाक्य सत्य है, क्योंकि 5 और 7 का योगफल 12 होता है, जो 10 से अधिक है। अतः यह एक कथन है।
(iv) यह एक कथन नहीं है। किसी संख्या का वर्ग सम हो भी सकता है और नहीं भी। उदाहरण के लिए, 4 का वर्ग (16) सम है, लेकिन 3 का वर्ग (9) विषम है। इसलिए, यह वाक्य हमेशा सत्य या हमेशा असत्य नहीं है।
(v) यह एक कथन नहीं है। यह वाक्य हमेशा सत्य नहीं होता। उदाहरण के लिए, एक वर्ग की सभी भुजाएँ बराबर होती हैं, लेकिन एक आयत की सभी भुजाएँ बराबर नहीं होतीं। इसकी सत्यता संदर्भ पर निर्भर करती है।
(vi) यह एक कथन नहीं है। यह एक आदेश (imperative sentence) है, जिसका सत्य या असत्य होना निर्धारित नहीं किया जा सकता।
(vii) यह वाक्य असत्य है, क्योंकि -1 और 8 का गुणनफल -8 होता है, न कि 8। अतः यह एक कथन है।
(viii) यह वाक्य सत्य है, क्योंकि किसी भी त्रिभुज के सभी अंतः कोणों का योगफल हमेशा 180° होता है। अतः यह एक कथन है।
(ix) यह एक कथन नहीं है। 'आज' और 'तूफानी दिन' जैसे शब्द व्यक्तिपरक हैं और संदर्भ पर निर्भर करते हैं। यह वाक्य निश्चित रूप से सत्य या असत्य नहीं है।
(x) यह वाक्य सत्य है। प्रत्येक वास्तविक संख्या को के रूप में लिखा जा सकता है, जहाँ वास्तविक संख्या है। इस प्रकार, सभी वास्तविक संख्याएँ सम्मिश्र संख्याएँ होती हैं। अतः यह एक कथन है।
प्रश्न 2
ऐसे तीन वाक्य जो कथन नहीं हैं, उनके उदाहरण और कारण निम्नलिखित हैं:
(i) "इस कमरे में उपस्थित प्रत्येक व्यक्ति निडर है।"
कारण: यह वाक्य कथन नहीं है क्योंकि 'इस कमरे' का संदर्भ स्पष्ट नहीं है (कौन सा कमरा?) और 'निडर' शब्द की परिभाषा व्यक्तिपरक है। वाक्य की सत्यता या असत्यता निश्चित रूप से निर्धारित नहीं की जा सकती।
(ii) "वह अभियान्त्रिकी की छात्रा है।"
कारण: यह वाक्य कथन नहीं है क्योंकि 'वह' सर्वनाम का प्रयोग किया गया है, जिससे यह स्पष्ट नहीं होता कि किस व्यक्ति का उल्लेख किया जा रहा है। वाक्य की सत्यता या असत्यता को जाने बिना निर्धारित नहीं किया जा सकता।
(iii) " का मान सदैव 1/2 से अधिक होता है।"
कारण: यह वाक्य कथन नहीं है जब तक कि का मान ज्ञात न हो। का मान 0 और 1 के बीच होता है। उदाहरण के लिए, यदि , तो , जो 1/2 से अधिक नहीं है। इसलिए, यह वाक्य हमेशा सत्य नहीं है।
प्रश्न 1
(i) चेन्नई, तमिलनाडु की राजघानी है।
(ii) एक सम्मिश्र संख्या नहीं है।
(iii) सभी त्रिभुज समबाहु त्रिभुज नहीं होते हैं।
(iv) संख्या 2, संख्या 7 से अधिक है।
(v) प्रत्येक प्राकृत संख्या एक पूर्णांक होती है।
किसी कथन का निषेधन (negation) वह कथन होता है जो मूल कथन के सत्य होने पर असत्य और मूल कथन के असत्य होने पर सत्य होता है। निषेधन बनाने के लिए, हम सामान्यतः वाक्य में 'नहीं' शब्द जोड़ते या हटाते हैं।
(i) मूल कथन: चेन्नई, तमिलनाडु की राजघानी है।
निषेधन: चेन्नई, तमिलनाडु की राजघानी नहीं है।
(ii) मूल कथन: एक सम्मिश्र संख्या नहीं है।
निषेधन: एक सम्मिश्र संख्या है। (यहाँ से 'नहीं' हटा दिया गया है।)
(iii) मूल कथन: सभी त्रिभुज समबाहु त्रिभुज नहीं होते हैं।
निषेधन: सभी त्रिभुज समबाहु त्रिभुज होते हैं। (यहाँ से 'नहीं' हटा दिया गया है।)
(iv) मूल कथन: संख्या 2, संख्या 7 से अधिक है।
निषेधन: संख्या 2, संख्या 7 से अधिक नहीं है। (यह वाक्य सत्य है, क्योंकि 2, 7 से कम है। वैकल्पिक रूप से, "संख्या 2, संख्या 7 से कम या बराबर है" भी एक मान्य निषेधन है।)
(v) मूल कथन: प्रत्येक प्राकृत संख्या एक पूर्णांक होती है।
निषेधन: प्रत्येक प्राकृत संख्या एक पूर्णांक नहीं होती है। (यह निषेधन असत्य है, क्योंकि सभी प्राकृत संख्याएँ पूर्णांक होती हैं।)
Common mistakes
- व्यक्तिपरक या संदर्भ-निर्भर वाक्यों को कथन मान लेना।
- आदेशों, प्रश्नों या उद्गारों को कथन के रूप में वर्गीकृत करना।
- कथनों के निषेधन लिखते समय 'नहीं' शब्द को सही ढंग से जोड़ना या हटाना भूल जाना।
- किसी कथन के सत्य या असत्य होने के कारण को स्पष्ट रूप से न बता पाना।
Revision tips
- प्रत्येक वाक्य को ध्यान से पढ़ें और निर्धारित करें कि क्या वह निश्चित रूप से सत्य या असत्य है।
- अभ्यास 14.1 के सभी उदाहरणों को समझें कि क्यों कुछ वाक्य कथन हैं और कुछ नहीं।
- निषेधन (negation) के नियम को याद रखें: 'नहीं' जोड़ें या हटाएँ।
- कठिन लगने वाले कथनों के निषेधन को लिखकर अभ्यास करें।
Practice MCQs
Q1. निम्नलिखित में से कौन-सा एक कथन है?
Explanation: यह वाक्य एक कथन है क्योंकि यह निश्चित रूप से सत्य है (5+7=12, जो 10 से अधिक है)। अन्य विकल्प व्यक्तिपरक या आदेशात्मक हैं।
Q2. कथन का निषेधन (negation) लिखने का क्या अर्थ है?
Explanation: कथन का निषेधन वह वाक्य होता है जो मूल कथन के सत्य होने पर असत्य और मूल कथन के असत्य होने पर सत्य होता है।
Q3. निम्नलिखित में से कौन-सा वाक्य कथन नहीं है?
Explanation: 'वह अभियान्त्रिकी की छात्रा है।' एक कथन नहीं है क्योंकि 'वह' कौन है, यह स्पष्ट नहीं है, इसलिए वाक्य की सत्यता या असत्यता निर्धारित नहीं की जा सकती।
Q4. कथन "चेन्नई, तमिलनाडु की राजघानी है।" का निषेधन क्या होगा?
Explanation: कथन का निषेधन बनाने के लिए, हम मूल कथन में 'नहीं' शब्द जोड़ते हैं।
Q5. कथन "संख्या 2, संख्या 7 से अधिक है।" का निषेधन क्या होगा?
Explanation: मूल कथन असत्य है। इसका निषेधन वह वाक्य होगा जो सत्य हो। '2, 7 से अधिक नहीं है' का अर्थ है '2, 7 से कम या बराबर है'।
Frequently asked questions
कक्षा 11 गणित के अध्याय 5 में क्या पढ़ाया जाता है?
अध्याय 5 "गणितीय विवेचन" में छात्रों को यह सिखाया जाता है कि कौन से वाक्य गणितीय कथन होते हैं, उनकी सत्यता या असत्यता का निर्धारण कैसे किया जाता है, और कथनों के निषेधन (negation) कैसे लिखे जाते हैं।
NCERT समाधान का उपयोग करके गणितीय विवेचन का अध्ययन कैसे करें?
आप इन समाधानों का उपयोग करके प्रत्येक प्रश्न को हल करने की विधि को समझ सकते हैं। यह आपको कथनों की पहचान करने और उनके निषेधन लिखने के नियमों को स्पष्ट करने में मदद करेगा।
क्या सभी वाक्य कथन होते हैं?
नहीं, सभी वाक्य कथन नहीं होते हैं। केवल वे वाक्य कथन कहलाते हैं जो या तो निश्चित रूप से सत्य हों या निश्चित रूप से असत्य हों। प्रश्न, आदेश, या व्यक्तिपरक राय वाले वाक्य कथन नहीं होते।
कथन का निषेधन (negation) क्या होता है?
कथन का निषेधन एक ऐसा वाक्य होता है जो मूल कथन के विपरीत अर्थ रखता है। यदि मूल कथन सत्य है, तो उसका निषेधन असत्य होगा, और यदि मूल कथन असत्य है, तो उसका निषेधन सत्य होगा।
अभ्यास 14.1 में किस प्रकार के प्रश्नों का सामना करना पड़ता है?
अभ्यास 14.1 में विभिन्न प्रकार के वाक्यों को कथन के रूप में पहचानने और उनके सत्य/असत्य होने के कारण बताने वाले प्रश्न होते हैं।
अभ्यास 14.2 में किस प्रकार के प्रश्नों का सामना करना पड़ता है?
अभ्यास 14.2 में दिए गए कथनों के निषेधन (negation) लिखने वाले प्रश्न होते हैं, जिसमें 'नहीं' शब्द को जोड़ना या हटाना शामिल है।
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