CBSE Class 4 Hindi Chapter 11: Padhakku Ki Soojh - NCERT Solutions
This section provides comprehensive NCERT Solutions for Class 4 Hindi, Chapter 11, titled 'Padhakku Ki Soojh' (The Cleverness of a Scholar). The chapter delves into a narrative poem that explores themes of intelligence, wit, and perhaps the difference between bookish knowledge and practical wisdom. Students will find detailed explanations and rewritten answers for all questions, helping them to understand the poem's story, characters, and underlying messages. The solutions aim to clarify the poem's language and concepts, encouraging students to think critically about the characters and their actions. These solutions are designed to aid in exam preparation by offering clear, step-by-step guidance and reinforcing comprehension of the chapter's content.
Quick info
| Board | CBSE |
|---|---|
| Class | Class 4 |
| Subject | हिंदी |
| Session | 2026 |
| Language | Hindi |
| Type | NCERT Solutions |
| Chapter | 11. पढ़क़्क़ू कि सूझ |
Chapter summary
Chapter 11, 'Padhakku Ki Soojh', presents a narrative poem that students are asked to retell in their own words. The solutions guide students through comparing this poem with another by the same author, discussing character preferences, and even creating their own poetry collections. It also explores idioms related to hard work and the meaning of the name 'Padhakku'. The chapter concludes with exercises on word meanings and the concept of 'gadna' (to create or fabricate), reinforcing vocabulary and comprehension skills.
Learning outcomes
- Understand the narrative presented in the poem 'Padhakku Ki Soojh'.
- Retell the story of the poem in their own words.
- Compare and contrast different poems and characters.
- Understand and use idioms related to hard work in sentences.
- Learn the meanings of new Hindi words and their usage.
- Explore the concept of creation and fabrication through examples.
Topics covered
Paper topics
- Poem Retelling
- Character Analysis
- Poem Comparison
- Idioms related to Hard Work
- Vocabulary Building
- Concept of 'Gadna' (Creation)
- Poetry Appreciation
Important topics
- Retelling the story of 'Padhakku Ki Soojh'
- Understanding and using idioms like 'दिन-रात एक करना'
- Learning new Hindi vocabulary
- Comparing poems and characters
- The meaning of 'Padhakku'
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Questions and Solutions
प्रश्न 1
यह कविता एक ऐसे लड़के की कहानी बताती है जिसका नाम 'पढ़क्कू' था क्योंकि वह हमेशा पढ़ता रहता था। एक दिन, वह एक बैल को लेकर जा रहा था। बैल ने चलते-चलते अचानक एक टोकरी में रखे तेल को देखा और उसे पीने की कोशिश करने लगा। पढ़क्कू ने सोचा कि बैल को प्यास लगी होगी, इसलिए उसने बैल को पानी पिलाने के लिए एक कुएँ के पास ले गया। लेकिन कुएँ में पानी नहीं था। पढ़क्कू ने फिर सोचा कि शायद बैल को कुछ और चाहिए, इसलिए उसने बैल को एक घर में ले जाकर बाँध दिया। घर के मालिक ने जब बैल को देखा तो वह हैरान रह गया और उसने पढ़क्कू से पूछा कि वह बैल को यहाँ क्यों लाया है। पढ़क्कू ने बताया कि बैल तेल पीना चाहता था। घर के मालिक ने कहा कि बैल को तेल नहीं, बल्कि कुछ और चाहिए था, और उसने पढ़क्कू को समझाया कि बैल ने टोकरी में रखे तेल को देखकर उसे पीने की कोशिश की थी, न कि वह सचमुच प्यासा था। इस तरह, पढ़क्कू की नादानी और उसकी सीमित समझ का पता चलता है।
प्रश्न 2
यह एक व्यक्तिगत पसंद का प्रश्न है। छात्रों को अपनी पसंद के अनुसार उत्तर देना चाहिए। उदाहरण के लिए, यदि आपको 'पढ़क्कू की सूझ' कविता पढ़कर अधिक आनंद आया, तो आप लिख सकते हैं: "मुझे 'पढ़क्कू की सूझ' कविता पढ़कर ज्यादा मजा आया क्योंकि इसकी कहानी मजेदार और थोड़ी हास्यास्पद है।" यदि आपको 'मिर्च का मजा' कविता अधिक पसंद आई, तो आप लिख सकते हैं: "मुझे 'मिर्च का मजा' कविता पढ़कर ज्यादा मजा आया क्योंकि उसमें एक मजेदार घटना का वर्णन है और भाषा सरल है।"
प्रश्न 3
यह प्रश्न छात्रों की व्यक्तिगत राय पर आधारित है। छात्र अपनी पसंद के अनुसार उत्तर दे सकते हैं।
उदाहरण उत्तर 1 (काबुली वाला पसंद): मुझे काबुली वाला ज्यादा अच्छा लगा क्योंकि वह बच्चों से प्यार करता था और उसकी कहानी में एक भावनात्मक जुड़ाव है।
उदाहरण उत्तर 2 (पढ़क्कू पसंद): मुझे पढ़क्कू ज्यादा अच्छा लगा क्योंकि उसकी नादानी और भोलेपन से हंसी आती है, और उसकी कहानी से कुछ सीखने को मिलता है।
उदाहरण उत्तर 3 (कोई भी पसंद नहीं): मुझे न तो काबुली वाला अच्छा लगा और न ही पढ़क्कू, क्योंकि काबुली वाला थोड़ा डरावना लग सकता है और पढ़क्कू की समझ थोड़ी कम थी।
प्रश्न 4
यह एक सामूहिक गतिविधि का प्रश्न है। सभी विद्यार्थियों को अपने दोस्तों के साथ मिलकर अलग-अलग कविताएँ ढूंढनी चाहिए। फिर, उन सभी कविताओं को एक जगह इकट्ठा करके एक 'कविता की किताब' बनाई जा सकती है। इस प्रक्रिया में, आप विभिन्न कवियों की रचनाओं को पढ़ सकते हैं और उनकी शैलियों को समझ सकते हैं। आप अपनी खुद की छोटी कविताएँ भी बनाकर इस किताब में जोड़ सकते हैं। यह गतिविधि न केवल कविता के प्रति रुचि बढ़ाएगी बल्कि रचनात्मकता को भी प्रोत्साहित करेगी।
प्रश्न 5
दिन-रात एक करना
पसीना बहाना
एड़ी-छोटी का ज़ोर लगाना
यहाँ मेहनत और कोशिश से जुड़े मुहावरों का वाक्यों में प्रयोग किया गया है:
- दिन-रात एक करना: परीक्षा में अच्छे अंक लाने के लिए उसने दिन-रात एक कर दिया। (इसका अर्थ है बहुत अधिक मेहनत करना।)
- पसीना बहाना: किसान खेतों में कड़ी धूप में पसीना बहाता है तब जाकर फसल उगती है। (इसका अर्थ है कड़ी मेहनत करना, विशेषकर शारीरिक श्रम।)
- एड़ी-छोटी का ज़ोर लगाना: फाइनल मैच जीतने के लिए हमारी टीम ने एड़ी-चोटी का ज़ोर लगा दिया। (इसका अर्थ है अपनी पूरी शक्ति और प्रयास लगा देना।)
प्रश्न 6
किसी व्यक्ति का नाम अक्सर उसके स्वभाव या किसी विशेष गुण के कारण रखा जाता है। 'पढ़क्कू' शब्द 'पढ़ना' क्रिया से बना है। इसलिए, ऐसा अनुमान लगाया जा सकता है कि उस लड़के का नाम 'पढ़क्कू' इसलिए पड़ा होगा क्योंकि वह बहुत अधिक पढ़ता था, या उसे पढ़ने का बहुत शौक था, और वह अपना अधिकांश समय अध्ययन में व्यतीत करता था।
प्रश्न 7
यह प्रश्न छात्रों को अपनी रुचियों और जुनून के बारे में सोचने के लिए प्रोत्साहित करता है। छात्र अपनी पसंद के अनुसार उत्तर दे सकते हैं।
उदाहरण उत्तर 1: मैं चित्र बनाना खूब मन से करना चाहता हूँ। इसके आधार पर मैं अपने लिए 'चित्रकार' या 'रंगबाज' जैसा शब्द सोच सकता हूँ।
उदाहरण उत्तर 2: मुझे कहानियाँ लिखना बहुत पसंद है। इसलिए मैं अपने लिए 'कथाकार' या 'कहानीकार' जैसा शब्द सोचूंगा।
उदाहरण उत्तर 3: मैं गणित की समस्याओं को हल करना पसंद करता हूँ। मैं अपने लिए 'गणितज्ञ' या 'समस्या-सुलझाऊ' जैसा शब्द सोच सकता हूँ।
प्रश्न 8
(क) मगर बूँद भर तेल सांझ तक भी क्या तुम पाओगे?
(ख) बैल हमारा नहीं अभी तक मंतिख पढ़ पाया है।
(ग) सिखा बैल को रखा इसने निश्चय कोई ढब है।
(घ) जहाँ न कोई बात, वहाँ भी नै बात गढ़ते थे।
यहाँ दिए गए वाक्यों को सरल शब्दों में समझाया गया है:
- (क) मगर बूँद भर तेल सांझ तक भी क्या तुम पाओगे? इसका अर्थ है: लेकिन शाम तक तुम्हें एक बूँद तेल भी नहीं मिलेगा।
- (ख) बैल हमारा नहीं अभी तक मंतिख पढ़ पाया है। इसका अर्थ है: हमारा बैल अभी तक तर्कशास्त्र (या कोई विशेष ज्ञान) नहीं सीख पाया है।
- (ग) सिखा बैल को रखा इसने निश्चय कोई ढब है। इसका अर्थ है: इसने निश्चय ही बैल को कोई खास तरीका सिखा रखा है।
- (घ) जहाँ न कोई बात, वहाँ भी नै बात गढ़ते थे। इसका अर्थ है: जहाँ कोई वास्तविक मुद्दा या बात नहीं होती थी, वहाँ भी वे नई बातें या कहानियाँ बना लेते थे।
प्रश्न 9
सुनार –
लुहार –
ठठेरा –
कवि –
कुम्हार –
लेखक –
'गढ़ना' का अर्थ होता है किसी चीज़ को बनाना या रचना करना। यहाँ विभिन्न कारीगरों और रचनाकारों द्वारा बनाई जाने वाली चीज़ों के बारे में बताया गया है:
- सुनार – गहने (जैसे अंगूठी, हार, कंगन)
- लुहार – लोहे की चीज़े (जैसे औजार, दरवाजे, खिड़की के फ्रेम)
- ठठेरा – बर्तन (जैसे थाली, पतीला, गिलास)
- कवि – कविताएँ
- कुम्हार – मिट्टी के बर्तन (जैसे घड़ा, सुराही, गमला)
- लेखक – कहानियाँ, उपन्यास, लेख आदि
प्रश्न 10
यहाँ दिए गए शब्दों के अर्थ अक्षर्जाल (शब्दकोश) में खोजने पर मिलते हैं:
- ढब: तरीका, ढंग, उपाय।
- भेद: अंतर, रहस्य, प्रकार।
- गजब: आश्चर्यजनक बात, अजूबा, अद्भुत।
- मंतिख: तर्कशास्त्र, न्यायशास्त्र (यह शब्द 'मंतिक़' का एक रूप हो सकता है)।
- छल: धोखा, कपट, फ़रेब।
Common mistakes
- Difficulty in retelling the poem's story accurately.
- Misinterpreting the meanings of idioms.
- Struggling to connect the name 'Padhakku' to the character's actions.
- Confusing the literal meaning of 'gadna' with its figurative uses.
Revision tips
- Read the poem 'Padhakku Ki Soojh' aloud multiple times to grasp its rhythm and story.
- Practice retelling the story in your own words without looking at the solution.
- Create flashcards for the new vocabulary words and their meanings.
- Try to create your own sentences using the idioms related to hard work.
- Discuss the characters and their actions with classmates to deepen understanding.
Practice MCQs
Q1. कविता 'पढ़क्कू की सूझ' में किस पात्र की बुद्धिमत्ता का वर्णन है?
Explanation: कविता का मुख्य पात्र 'पढ़क्कू' है, जिसकी समझ और चतुराई पर कहानी आधारित है।
Q2. कवि रामधारी सिंह दिनकर की किस अन्य कविता का उल्लेख पाठ में किया गया है?
Explanation: पाठ में तीसरी कक्षा की रामधारी सिंह दिनकर की कविता 'मिर्च का मजा' का उल्लेख किया गया है।
Q3. 'दिन-रात एक करना' मुहावरे का क्या अर्थ है?
Explanation: 'दिन-रात एक करना' का अर्थ है किसी लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए अत्यधिक परिश्रम करना।
Q4. पाठ के अनुसार, 'पढ़क्कू' नाम क्यों पड़ा होगा?
Explanation: ऐसा माना गया है कि 'पढ़क्कू' नाम इसलिए पड़ा क्योंकि वह निरंतर अध्ययन में लगा रहता था।
Q5. निम्नलिखित में से कौन-सा शब्द 'गढ़ना' से संबंधित नहीं है?
Explanation: सुनार, लुहार और कुम्हार क्रमशः गहने, लोहे की चीज़े और मिट्टी के बर्तन 'गढ़ते' हैं, जबकि किसान फसल उगाता है।
Frequently asked questions
यह समाधान किस कक्षा और विषय के लिए हैं?
यह समाधान CBSE कक्षा 4 के हिंदी विषय के लिए हैं, विशेष रूप से पाठ 11 'पढ़क्कू की सूझ' के लिए।
क्या इन समाधानों में मूल प्रश्न बदले गए हैं?
नहीं, सभी प्रश्न मूल स्रोत के अनुसार समान रखे गए हैं, केवल उनके उत्तरों को स्पष्टता और विस्तार के लिए फिर से लिखा गया है।
'पढ़क्कू की सूझ' कविता का मुख्य विषय क्या है?
कविता का मुख्य विषय एक ऐसे पात्र 'पढ़क्कू' की बुद्धिमत्ता और चतुराई को दर्शाना है, जो अपनी समझ का उपयोग करता है।
क्या इन समाधानों में कठिन शब्दों के अर्थ भी समझाए गए हैं?
हाँ, पाठ में दिए गए कठिन शब्दों के अर्थों को खोजने और समझने में मदद की गई है।
यह समाधान छात्रों की परीक्षा की तैयारी में कैसे मदद करेंगे?
ये समाधान छात्रों को कविता की कहानी को बेहतर ढंग से समझने, नए शब्दों और मुहावरों को सीखने और प्रश्नों के उत्तर देने का सही तरीका जानने में मदद करके परीक्षा की तैयारी को मजबूत करते हैं।
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