CBSE Class 4 आस-पास: Chapter 16 नंदिता मुंबई में NCERT Solutions

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CBSE Class 4 आस-पास Chapter 16, 'नंदिता मुंबई में' (Nandita in Mumbai), takes young learners on a journey to understand the significant differences between life in a village and the bustling, often challenging, reality of a Mumbai slum. Through Nandita's eyes, children will explore the difficulties faced by many in crowded urban settings, such as problems with cleanliness, limited access to water, and varied housing situations. The chapter and its solutions aim to explain why these differences exist, touching upon social and economic factors. Students will get to compare and contrast different ways of living, learn about essential public services like shared toilets and water sources, and think about how people's lives change depending on where they reside. This exploration encourages empathy and a deeper understanding of urban life, making learning about these important issues more engaging.

Quick info

BoardCBSE
ClassClass 4
Subjectआस-पास
Session2026
LanguageHindi
TypeNCERT Solutions
ChapterChapter 16

Chapter summary

Chapter 16, 'नंदिता मुंबई में', of the CBSE Class 4 आस-पास textbook focuses on the differences between rural and urban living conditions. The NCERT Solutions cover topics such as sanitation in slums, water access, housing disparities, and the general atmosphere of a bustling city like Mumbai compared to a village. It encourages students to observe and compare different environments and understand the challenges faced by people in urban settlements.

Learning outcomes

  • Understand the differences between village and city living conditions.
  • Identify challenges related to sanitation and water supply in urban slums.
  • Compare housing types in slums versus high-rise buildings.
  • Reflect on the social and economic factors influencing living standards.
  • Develop empathy for people living in different environments.

Topics covered

Paper topics

  • Village vs. City Life
  • Mumbai Slums
  • Housing Conditions
  • Sanitation Facilities
  • Water Supply Challenges
  • Daily Life in a Bustling City
  • Social and Economic Disparities
  • Nandita's Experiences

Important topics

  • Differences in housing and facilities
  • Sanitation and hygiene issues in crowded areas
  • Water collection and its challenges
  • Nandita's feelings and adjustments
  • Socio-economic factors affecting living standards

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Questions and Solutions

Q1. नंदिता को गाँव से माँ को मुंबई क्यों लाना पड़ा?

नंदिता को गाँव से माँ को मुंबई क्यों लाना पड़ा?
Solution: नंदिता को अपनी माँ को गाँव से मुंबई इसलिए लाना पड़ा क्योंकि उनकी माँ का ईलाज (स्वास्थ्य उपचार) मुंबई में होना था। यह दर्शाता है कि कभी-कभी बेहतर चिकित्सा सुविधाओं के लिए लोगों को अपने घर से दूर जाना पड़ता है।

Q2. मामा की बस्ती के टॉयलेट में जाने पर नंदिता को पहले मितली आती थी। क्यो?

मामा की बस्ती के टॉयलेट में जाने पर नंदिता को पहले मितली आती थी। क्यो?
Solution: नंदिता को मामा की बस्ती के टॉयलेट में जाने पर मितली इसलिए आती थी क्योंकि वह टॉयलेट बहुत गंदा और बदबूदार था। यह घनी आबादी वाली बस्तियों में स्वच्छता की कमी और उससे उत्पन्न होने वाली समस्याओं को उजागर करता है।

Q3. नंदिता को अपने और मामा के घर में क्या अंतर लगा?

नंदिता को अपने और मामा के घर में क्या अंतर लगा?
Solution:नंदिता को अपने गाँव के घर और मामा के मुंबई वाले घर में कई अंतर लगे। उसके गाँव के घर में एक अलग आँगन, एक अलग रसोईघर और एक अलग बाथरूम था। इसके विपरीत, मामा के घर में केवल एक ही कमरा था जिसमें सभी सदस्य सोते थे, उसी कमरे में खाना बनाया जाता था और उसी कमरे में स्नान भी किया जाता था। यह अंतर गाँव और शहर की जीवनशैली तथा सुविधाओं में भिन्नता को दर्शाता है।

Q4. बस्ती के नल से पानी भरने और गाँव में पानी भरने में नंदिता को क्या अंतर लगा?

बस्ती के नल से पानी भरने और गाँव में पानी भरने में नंदिता को क्या अंतर लगा?
Solution:नंदिता ने बस्ती के नल और गाँव के तालाब से पानी भरने में बड़ा अंतर महसूस किया। बस्ती में नल से पानी भरने के लिए सुबह चार बजे से ही लंबी कतारों में लगना पड़ता था और पानी के लिए झगड़े भी होते थे। वहीं, उसके गाँव में तालाब से पानी लिया जाता था जहाँ ऐसी कोई समस्या या झगड़ा नहीं होता था, जिससे पानी भरना अधिक शांतिपूर्ण था।

Q5. तुम्हारे अनुसार, क्या. नंदिता के मामा की बस्ती में बिजली होगी?

तुम्हारे अनुसार, क्या नंदिता के मामा की बस्ती में बिजली होगी?
Solution:हाँ, यह संभव है कि नंदिता के मामा की बस्ती में बिजली हो। हालाँकि बस्तियों में सुविधाएँ सीमित हो सकती हैं, लेकिन आजकल शहरी क्षेत्रों में बिजली की उपलब्धता आम है, भले ही वह अनधिकृत कनेक्शन के माध्यम से ही क्यों न हो। बिजली होने से वहाँ रहने वाले लोगों के जीवन में कुछ हद तक आसानी हो सकती है।

Q1. क्या कभी कोई तुम्हारा अपना अस्पताल में भर्ती हुआ है?

क्या कभी कोई तुम्हारा अपना अस्पताल में भर्ती हुआ है?
Solution:हाँ, यह एक व्यक्तिगत प्रश्न है जिसका उत्तर हर छात्र के लिए अलग हो सकता है। यदि आपका कोई प्रियजन अस्पताल में भर्ती हुआ है, तो आप उस अनुभव को याद कर सकते हैं। उदाहरण के लिए, 'हाँ, मेरे दादाजी एक बार अस्पताल में भर्ती हुए थे।'

Q2. कितने दिन के लिए?

कितने दिन के लिए?
Solution:यह प्रश्न पिछले प्रश्न का अनुसरण करता है। यदि कोई अस्पताल में भर्ती हुआ था, तो आप उस अवधि को बता सकते हैं। उदाहरण के लिए, 'वे पाँच दिनों के लिए अस्पताल में भर्ती थे।'

Q3. क्या तुम उनसे मिलने जाते थे?

क्या तुम उनसे मिलने जाते थे?
Solution:यह भी एक व्यक्तिगत प्रश्न है। यदि आप अस्पताल में भर्ती व्यक्ति से मिलने गए थे, तो आप हाँ कह सकते हैं। उदाहरण के लिए, 'हाँ, मैं उनसे हर दिन मिलने जाता था।'

Q4. वहाँ उनकी देखभाल कौन-कौन कर रहे थे?

वहाँ उनकी देखभाल कौन-कौन कर रहे थे?
Solution:अस्पताल में भर्ती व्यक्ति की देखभाल आमतौर पर परिवार के सदस्य या कभी-कभी नर्सें करती हैं। यदि आप किसी से मिलने गए थे, तो आप बता सकते हैं कि उनकी देखभाल कौन कर रहा था। उदाहरण के लिए, 'उनकी देखभाल उनके माता-पिता और अस्पताल के डॉक्टर कर रहे थे।'

Q5. क्या तुमने कभी उँची बिल्डिंग देखी है? कहाँ?

क्या तुमने कभी उँची बिल्डिंग देखी है? कहाँ?
Solution:हाँ, कई लोगों ने ऊँची बिल्डिंगें देखी होंगी, खासकर शहरों में। आप बता सकते हैं कि आपने कहाँ देखी हैं। उदाहरण के लिए, 'हाँ, मैंने दिल्ली में कई बहुत ऊँची बिल्डिंगें देखी हैं।'

Q6. उस बिल्डिंग में कितनी मंजिलें थीं?

उस बिल्डिंग में कितनी मंजिलें थीं?
Solution:यह प्रश्न पिछली देखी गई ऊँची बिल्डिंग के बारे में है। आप उस बिल्डिंग की मंजिलों की संख्या बता सकते हैं। उदाहरण के लिए, 'मैंने जिस बिल्डिंग को देखा था, उसमें लगभग 20 मंजिलें थीं।'

Q7. तुम कितनी मंजिल तक किसी बिल्डिंग में चढ़े हो?

तुम कितनी मंजिल तक किसी बिल्डिंग में चढ़े हो?
Solution:यह प्रश्न आपके व्यक्तिगत अनुभव पर आधारित है। आप उस सबसे ऊँची मंजिल का उल्लेख कर सकते हैं जहाँ तक आप किसी बिल्डिंग में गए हैं। उदाहरण के लिए, 'मैं एक बिल्डिंग की 15वीं मंजिल तक गया हूँ।'

Q1. शुरू में नंदिता को मुंबई में क्या-क्या करने में डर लगता था?

शुरू में नंदिता को मुंबई में क्या-क्या करने में डर लगता था?
Solution:शुरू में नंदिता को मुंबई के नए और भीड़-भाड़ वाले माहौल में कई चीज़ों से डर लगता था। उसे भीड़ वाली जगहों पर जाने, बसों में चढ़ने, ऊँची बिल्डिंगों से नीचे देखने और लिफ्ट में चढ़ने में घबराहट होती थी। यह डर नए वातावरण में समायोजन के दौरान स्वाभाविक है।

Q2. मामा के घर और बिल्डिंग के मकानों में क्या-क्या अंतर है?

मामा के घर और बिल्डिंग के मकानों में क्या-क्या अंतर है?
Solution:मामा के घर (बस्ती के घर) और ऊँची बिल्डिंगों में बने मकानों के बीच कई महत्वपूर्ण अंतर हैं:
  • टॉयलेट: बस्ती के सभी लोगों के लिए एक ही साझा टॉयलेट था, जबकि ऊँची बिल्डिंगों के घरों में हर कमरे के साथ अलग-अलग टॉयलेट की सुविधा होती है।
  • नल: बस्ती के घरों में घर के अंदर नल नहीं था, जबकि ऊँची बिल्डिंगों के घरों में रसोईघर और बाथरूम में नल लगे होते हैं।
  • रसोईघर: बस्ती के घरों में अलग से रसोईघर नहीं था, जबकि ऊँची बिल्डिंगों के घरों में एक अलग रसोईघर होता है।
  • खिड़की: बस्ती के घरों में सीसे की खिड़कियाँ नहीं थीं, जबकि ऊँची बिल्डिंगों के घरों में सीसे की खिड़कियाँ होती हैं।
ये अंतर सामाजिक-आर्थिक स्थिति और उपलब्ध सुविधाओं को दर्शाते हैं।

Q3. यह अंतर क्यों है? चर्चा करो।

यह अंतर क्यों है? चर्चा करो।
Solution:यह अंतर मुख्य रूप से लोगों की आर्थिक स्थिति और सामाजिक पृष्ठभूमि के कारण है। मामा की बस्ती में रहने वाले लोग आमतौर पर आर्थिक रूप से कमजोर होते हैं, जिनके पास बेहतर सुविधाओं वाले घर बनाने या किराए पर लेने के लिए पर्याप्त धन नहीं होता। इसके विपरीत, ऊँची बिल्डिंगों में रहने वाले लोग अक्सर धनी होते हैं और वे बेहतर जीवन स्तर और अधिक सुविधाओं वाले घरों का खर्च उठा सकते हैं। इस प्रकार, आर्थिक असमानता सीधे तौर पर आवास और जीवन की गुणवत्ता में अंतर पैदा करती है।

Common mistakes

  • Confusing the reasons for sanitation issues.
  • Underestimating the difficulties of water collection in crowded areas.
  • Not considering the economic disparities that lead to different housing.
  • Failing to connect Nandita's feelings (fear) to her new environment.

Revision tips

  • Compare and contrast the living conditions described in the village and Mumbai.
  • Think about why certain facilities are available in one place but not another.
  • Discuss the feelings Nandita experienced in her new surroundings.
  • Consider the importance of clean water and sanitation for everyone.

Practice MCQs

Q1. गाँव से नंदिता को माँ को मुंबई क्यों लाना पड़ा?

Q2. मामा की बस्ती के टॉयलेट में जाने पर नंदिता को पहले मितली क्यों आती थी?

Q3. नंदिता के अनुसार, मामा के घर में क्या सुविधा नहीं थी जो उसके गाँव के घर में थी?

Q4. बस्ती के नल से पानी भरने के लिए नंदिता को क्या करना पड़ता था?

Q5. शुरू में नंदिता को मुंबई में किन चीज़ों से डर लगता था?

Frequently asked questions

यह पाठ किस बारे में है?

यह पाठ नंदिता के मुंबई के अपने मामा के घर जाने के अनुभव के बारे में है, जिसमें गाँव और शहर के जीवन के बीच के अंतरों को दर्शाया गया है।

नंदिता को मुंबई में क्या अंतर महसूस हुए?

नंदिता ने मामा की बस्ती के गंदे टॉयलेट, भीड़-भाड़ वाले नल, एक ही कमरे में रहने और सोने, तथा ऊँची बिल्डिंगों जैसे कई अंतर महसूस किए।

गाँव और बस्ती के घरों में क्या मुख्य अंतर थे?

गाँव के घर में अलग रसोईघर, आँगन और बाथरूम थे, जबकि बस्ती में एक ही कमरे में सब काम होते थे और अलग रसोईघर नहीं था।

पानी भरने में क्या समस्या थी?

बस्ती में सुबह जल्दी उठकर नल से पानी भरने के लिए लंबी कतारों में लगना पड़ता था और झगड़े भी होते थे, जबकि गाँव में तालाब से शांति से पानी भरा जाता था।

नंदिता को मुंबई में किन चीज़ों से डर लगता था?

नंदिता को शुरू में भीड़-भाड़ वाली जगहों पर जाने, बस में चढ़ने, ऊँची बिल्डिंग से नीचे देखने और लिफ्ट में चढ़ने से डर लगता था।

यह पाठ हमें क्या सिखाता है?

यह पाठ हमें विभिन्न सामाजिक-आर्थिक स्थितियों में रहने वाले लोगों के जीवन की वास्तविकताओं को समझने और सहानुभूति विकसित करने में मदद करता है।

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