कक्षा 10 गणित: त्रिभुज NCERT समाधान

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यह पृष्ठ कक्षा 10 के गणित के अध्याय 6, 'त्रिभुज' के लिए विस्तृत NCERT समाधान प्रदान करता है। इसमें समरूप आकृतियों की अवधारणाओं, आधारभूत समानुपातिकता प्रमेय (थेल्स प्रमेय) और त्रिभुजों की समरूपता की शर्तों पर ध्यान केंद्रित किया गया है। समाधानों में प्रश्नावली 6.1 और 6.2 के प्रश्नों को शामिल किया गया है, जिसमें रिक्त स्थान भरना, समरूप आकृतियों के उदाहरण देना, चतुर्भुजों की समरूपता की जाँच करना और आधारभूत समानुपातिकता प्रमेय का उपयोग करके अज्ञात भुजाओं की लंबाई ज्ञात करना शामिल है। प्रत्येक प्रश्न का समाधान स्पष्ट चरणों और आवश्यक गणितीय सूत्रों के साथ प्रस्तुत किया गया है, जिससे छात्रों को अवधारणाओं को गहराई से समझने और परीक्षा की तैयारी में मदद मिलेगी।

Quick info

BoardCBSE
ClassClass 10
Subjectगणित
Session2026
LanguageHindi
TypeNCERT Solutions
Chapter6. त्रिभुज

Chapter summary

कक्षा 10 के गणित के अध्याय 6 'त्रिभुज' के लिए NCERT समाधान, समरूपता की मूल बातें और आधारभूत समानुपातिकता प्रमेय पर केंद्रित हैं। यह समाधान छात्रों को समरूप आकृतियों की पहचान करने, समरूप त्रिभुजों की शर्तों को समझने और प्रमेय का उपयोग करके अज्ञात लंबाई की गणना करने में मदद करते हैं। प्रश्नावली 6.1 और 6.2 के प्रश्नों के विस्तृत हल प्रदान किए गए हैं।

Learning outcomes

  • समरूप आकृतियों और सर्वांगसम आकृतियों के बीच अंतर को समझना।
  • समरूप त्रिभुजों के लिए आवश्यक शर्तों को पहचानना।
  • आधारभूत समानुपातिकता प्रमेय (थेल्स प्रमेय) को लागू करना।
  • प्रमेय का उपयोग करके त्रिभुज की अज्ञात भुजाओं की लंबाई ज्ञात करना।
  • दिए गए चतुर्भुजों की समरूपता का विश्लेषण करना।

Topics covered

Paper topics

  • समरूप आकृतियाँ
  • समरूप त्रिभुज
  • समरूपता की कसौटियाँ
  • आधारभूत समानुपातिकता प्रमेय (थेल्स प्रमेय)
  • प्रमेय का अनुप्रयोग
  • त्रिभुज की भुजाओं की लंबाई ज्ञात करना

Important topics

  • समरूप आकृतियों की परिभाषा
  • समरूप त्रिभुजों की शर्तें
  • आधारभूत समानुपातिकता प्रमेय
  • प्रमेय का उपयोग करके अज्ञात भुजाएँ ज्ञात करना

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Questions and Solutions

प्रश्नावली 6.1

1. कोष्ठकों में दिए शब्दों में से सही शब्दों का प्रयोग करते हुए, रिक्त स्थानों को भरिए :

  1. सभी वृत्त ......होते है | (सर्वांगसम, समरूप)
  2. सभी वर्ग.....होते हैं∣ (समरूप, सर्वांगसम)
  3. सभी ...... त्रिभुज समरूप होते है | (समद्विबाहु, समबाहु)
  4. भुजाओं की समान संख्या वाले दो बहुभुज समरूप होते हैं, यदि (i) उनके संगत कोण ......हो तथा (ii) उनकी संगत .....भुजाएँ हों | (बराबर, समानुपाती)
Solution:
  1. सभी वृत्तों का आकार समान होता है, भले ही उनकी त्रिज्या अलग-अलग हो। इसलिए, वे हमेशा समरूप होते हैं।

    उत्तर: समरूप

  2. सभी वर्गों के चारों कोण समकोण (90°) होते हैं और उनकी चारों भुजाएँ बराबर होती हैं। यदि दो वर्गों की भुजाओं की लंबाई समानुपाती है, तो वे समरूप होंगे। चूँकि सभी वर्गों के कोण समान होते हैं और भुजाएँ समानुपाती हो सकती हैं, इसलिए सभी वर्ग समरूप होते हैं।

    उत्तर: समरूप

  3. समबाहु त्रिभुज वे त्रिभुज होते हैं जिनकी तीनों भुजाएँ बराबर होती हैं और तीनों कोण 60° के होते हैं। सभी समबाहु त्रिभुजों के कोण समान (60°) होते हैं और भुजाएँ समानुपाती हो सकती हैं, इसलिए वे समरूप होते हैं।

    उत्तर: समबाहु

  4. दो बहुभुजों के समरूप होने के लिए दो शर्तें हैं: (i) उनके संगत कोण बराबर होने चाहिए, और (ii) उनकी संगत भुजाएँ समानुपाती होनी चाहिए।

    उत्तर: (i) बराबर (ii) समानुपाती

2. निम्नलिखित युग्मों के दो भिन्न -भिन्न उदाहरण दीजिए:

  1. समरूप आकृतियाँ
  2. ऐसी आकृतियाँ जो समरूप नहीं हैं |
Solution:
  1. समरूप आकृतियों के उदाहरण:
    • दो समबाहु त्रिभुज (जैसे, एक 3 सेमी भुजा वाला और दूसरा 5 सेमी भुजा वाला)।
    • दो वृत्त (जैसे, एक 2 सेमी त्रिज्या वाला और दूसरा 4 सेमी त्रिज्या वाला)।
  2. ऐसी आकृतियों के उदाहरण जो समरूप नहीं हैं:
    • एक वर्ग और एक आयत (जिनकी भुजाएँ बराबर न हों)। इनके संगत कोण बराबर (90°) हो सकते हैं, लेकिन भुजाएँ समानुपाती नहीं होंगी।
    • एक समबाहु त्रिभुज और एक विषमबाहु त्रिभुज। इनके कोण और भुजाएँ भिन्न-भिन्न होंगी।

3. बताइए की निम्नलिखित चतुर्भुज समरूप है या नहीं:

D C 3 cm

S 1.5 cm R 3 cm 3 cm

1.5 cm 1.5 cm

P 1.5 cm Q A В 3 cm आकृति 6.8

Solution:

दिए गए चतुर्भुजों PQRS और ABCD की भुजाओं की लंबाई की तुलना करते हैं:

  • PQRS में, PQ = QR = RS = SP = 1.5 सेमी।
  • ABCD में, AB = BC = CD = DA = 3 सेमी।

यहाँ, चतुर्भुज PQRS की सभी भुजाएँ 1.5 सेमी हैं और चतुर्भुज ABCD की सभी भुजाएँ 3 सेमी हैं। संगत भुजाओं का अनुपात है:

\frac{PQ}{AB} = \frac{QR}{BC} = \frac{RS}{CD} = \frac{SP}{DA} = \frac{1.5}{3} = \frac{1}{2}

इस प्रकार, दोनों चतुर्भुजों की संगत भुजाएँ समानुपाती हैं।

अब संगत कोणों की जाँच करते हैं:

  • चतुर्भुज PQRS एक वर्ग है (क्योंकि सभी भुजाएँ बराबर हैं और आकृति से पता चलता है कि सभी कोण समकोण हैं, हालाँकि यह स्पष्ट रूप से नहीं कहा गया है, लेकिन समरूपता के लिए यह एक सामान्य उदाहरण है)। अतः, ∠P = ∠Q = ∠R = ∠S = 90°।
  • चतुर्भुज ABCD एक समचतुर्भुज है जिसकी भुजाएँ 3 सेमी हैं। आकृति 6.8 में, ABCD एक वर्ग प्रतीत होता है, जिसके सभी कोण 90° हैं। यदि यह एक वर्ग है, तो ∠A = ∠B = ∠C = ∠D = 90°।

यदि दोनों चतुर्भुज वर्ग हैं, तो उनके संगत कोण बराबर (90°) हैं और संगत भुजाएँ समानुपाती (1:2) हैं। इस स्थिति में, वे समरूप होंगे।

निष्कर्ष: यदि दोनों चतुर्भुज वर्ग हैं, तो वे समरूप हैं। यदि ABCD एक वर्ग नहीं है (जैसे कि एक समचतुर्भुज जिसके कोण 90° नहीं हैं), तो संगत कोण बराबर नहीं होंगे, और वे समरूप नहीं होंगे। दिए गए चित्र और मापों के आधार पर, यह माना जा सकता है कि दोनों आकृतियाँ वर्ग हैं, इसलिए वे समरूप हैं।

उत्तर: समरूप (यह मानते हुए कि दोनों आकृतियाँ वर्ग हैं)।

प्रश्नावली 6.2

1. आकृति 6.17 (i) और (ii) में, DE || BC में AD ज्ञात कीजिए:

हल: (i)

दिया गया है कि त्रिभुज ABC में, DE || BC है।

आधारभूत समानुपातिकता प्रमेय (BPT) के अनुसार, यदि किसी त्रिभुज की एक भुजा के समांतर अन्य दो भुजाओं को भिन्न-भिन्न बिंदुओं पर प्रतिच्छेद करने के लिए एक रेखा खींची जाए, तो वह अन्य दो भुजाओं को समानुपाती खंडों में विभाजित करती है।

इसलिए, हम लिख सकते हैं:

\frac{AD}{BD} = \frac{AE}{CE}

दिए गए मान हैं: AE = 1 सेमी, EC = 1 सेमी, BD = 1.5 सेमी।

इन मानों को प्रमेय में रखने पर:

\frac{AD}{1.5} = \frac{1}{1}

अब AD के लिए हल करें:

AD = 1.5 \times 1

AD = 1.5

अतः, AD की लंबाई 1.5 सेमी है।

Solution:

दिया गया है कि त्रिभुज ABC में, रेखा DE, भुजा BC के समांतर है (DE || BC)।

आधारभूत समानुपातिकता प्रमेय (BPT) के अनुसार, यदि किसी त्रिभुज की एक भुजा के समांतर एक रेखा खींची जाती है, तो वह अन्य दो भुजाओं को समानुपाती खंडों में विभाजित करती है।

इसलिए, हम लिख सकते हैं:

\frac{AD}{BD} = \frac{AE}{CE}

दिए गए मान हैं: AE = 1 सेमी, CE = 1 सेमी, BD = 1.5 सेमी।

इन मानों को उपरोक्त समीकरण में प्रतिस्थापित करने पर:

\frac{AD}{1.5 \text{ सेमी}} = \frac{1 \text{ सेमी}}{1 \text{ सेमी}}

समीकरण को AD के लिए हल करने पर:

AD = 1.5 \text{ सेमी} \times \frac{1}{1}

AD = 1.5 \text{ सेमी}

उत्तर: AD = 1.5 सेमी।

हल: (ii)

दिया गया है कि त्रिभुज ABC में, DE || BC है।

आधारभूत समानुपातिकता प्रमेय (BPT) के अनुसार:

\frac{AD}{BD} = \frac{AE}{CE}

दिए गए मान हैं: AD = 1.8 सेमी, BD = 7.2 सेमी, AE = 5.4 सेमी। हमें CE ज्ञात करना है।

इन मानों को प्रमेय में रखने पर:

\frac{1.8}{7.2} = \frac{5.4}{CE}

CE के लिए हल करें:

CE = \frac{5.4 \times 7.2}{1.8}

CE = 5.4 \times \frac{7.2}{1.8}

CE = 5.4 \times 4

CE = 21.6

अतः, CE की लंबाई 21.6 सेमी है।

Solution:

दिया गया है कि त्रिभुज ABC में, रेखा DE, भुजा BC के समांतर है (DE || BC)।

आधारभूत समानुपातिकता प्रमेय (BPT) के अनुसार, हम लिख सकते हैं:

\frac{AD}{BD} = \frac{AE}{CE}

दिए गए मान हैं: AD = 1.8 सेमी, BD = 7.2 सेमी, AE = 5.4 सेमी। हमें CE का मान ज्ञात करना है।

इन मानों को प्रमेय के समीकरण में प्रतिस्थापित करने पर:

\frac{1.8 \text{ सेमी}}{7.2 \text{ सेमी}} = \frac{5.4 \text{ सेमी}}{CE}

अब, CE के लिए समीकरण को पुनर्व्यवस्थित करें:

CE = \frac{5.4 \text{ सेमी} \times 7.2 \text{ सेमी}}{1.8 \text{ सेमी}}

गणना करने पर:

CE = \frac{38.88}{1.8} \text{ सेमी}

CE = 21.6 \text{ सेमी}

उत्तर: CE = 21.6 सेमी।

2. किसी त्रिभुज PQR की भुजाओं PQ और PR पर क्रमशः बिन्दु E और F स्थित हैं | निम्नलिखित में से प्रत्येक स्थिति के लिए, बताइए कि क्या EF|| QR है |

Solution:

किसी त्रिभुज PQR में, यदि भुजा PQ पर बिंदु E और भुजा PR पर बिंदु F स्थित हैं, तो रेखाखंड EF, भुजा QR के समांतर (EF || QR) तब होगा जब आधारभूत समानुपातिकता प्रमेय (BPT) के विलोम के अनुसार, भुजाओं का अनुपात समान हो, अर्थात्:

\frac{PE}{EQ} = \frac{PF}{FR}

हमें प्रत्येक स्थिति के लिए दिए गए मानों का उपयोग करके इस शर्त की जाँच करनी होगी।

स्थिति 1: PE = 3 सेमी, EQ = 1.5 सेमी, PF = 5 सेमी, FR = 3 सेमी।

अनुपात की गणना करें:

\frac{PE}{EQ} = \frac{3}{1.5} = 2

\frac{PF}{FR} = \frac{5}{3} ≈ 1.67

चूंकि 2 \neq \frac{5}{3}, इसलिए PE/EQ ≠ PF/FR।

निष्कर्ष: इस स्थिति में, EF || QR नहीं है।

स्थिति 2: PE = 4 सेमी, EQ = 4 सेमी, PF = 5 सेमी, FR = 5 सेमी।

अनुपात की गणना करें:

\frac{PE}{EQ} = \frac{4}{4} = 1

\frac{PF}{FR} = \frac{5}{5} = 1

चूंकि 1 = 1, इसलिए PE/EQ = PF/FR।

निष्कर्ष: इस स्थिति में, EF || QR है।

स्थिति 3: PE = 0.18 सेमी, EQ = 0.36 सेमी, PF = 0.14 सेमी, FR = 0.28 सेमी।

अनुपात की गणना करें:

\frac{PE}{EQ} = \frac{0.18}{0.36} = \frac{18}{36} = \frac{1}{2}

\frac{PF}{FR} = \frac{0.14}{0.28} = \frac{14}{28} = \frac{1}{2}

चूंकि \frac{1}{2} = \frac{1}{2}, इसलिए PE/EQ = PF/FR।

निष्कर्ष: इस स्थिति में, EF || QR है।

स्थिति 4: PE = 1.28 सेमी, EQ = 2.56 सेमी, PF = 0.64 सेमी, FR = 1.28 सेमी।

अनुपात की गणना करें:

\frac{PE}{EQ} = \frac{1.28}{2.56} = \frac{128}{256} = \frac{1}{2}

\frac{PF}{FR} = \frac{0.64}{1.28} = \frac{64}{128} = \frac{1}{2}

चूंकि \frac{1}{2} = \frac{1}{2}, इसलिए PE/EQ = PF/FR।

निष्कर्ष: इस स्थिति में, EF || QR है।

स्थिति 5: PE = 7 सेमी, EQ = 5 सेमी, PF = 18 सेमी, FR = 13.5 सेमी।

अनुपात की गणना करें:

\frac{PE}{EQ} = \frac{7}{5} = 1.4

\frac{PF}{FR} = \frac{18}{13.5} = \frac{180}{135} = \frac{36}{27} = \frac{4}{3} ≈ 1.33

चूंकि 1.4 \neq \frac{4}{3}, इसलिए PE/EQ ≠ PF/FR।

निष्कर्ष: इस स्थिति में, EF || QR नहीं है।

स्थिति 6: PE = 8 सेमी, EQ = 4.5 सेमी, PF = 9 सेमी, FR = 4.5 सेमी।

अनुपात की गणना करें:

\frac{PE}{EQ} = \frac{8}{4.5} = \frac{80}{45} = \frac{16}{9} ≈ 1.78

\frac{PF}{FR} = \frac{9}{4.5} = \frac{90}{45} = 2

चूंकि \frac{16}{9} \neq 2, इसलिए PE/EQ ≠ PF/FR।

निष्कर्ष: इस स्थिति में, EF || QR नहीं है।

Common mistakes

  • समरूप और सर्वांगसम आकृतियों के बीच भ्रमित होना।
  • आधारभूत समानुपातिकता प्रमेय में संगत भुजाओं का गलत अनुपात लेना।
  • प्रश्नों में दी गई जानकारी को ठीक से न पढ़ना या समझना।
  • गणना में त्रुटियाँ करना, विशेषकर दशमलव या भिन्न संख्याओं के साथ।

Revision tips

  • समरूपता की परिभाषा और शर्तों को अच्छी तरह याद करें।
  • आधारभूत समानुपातिकता प्रमेय के कथन और अनुप्रयोग को समझें।
  • प्रत्येक हल किए गए प्रश्न के चरणों का पालन करें और स्वयं हल करने का प्रयास करें।
  • अभ्यास के लिए दिए गए उदाहरणों और प्रश्नावली के प्रश्नों को दोहराएं।

Practice MCQs

Q1. सभी वृत्त किस प्रकार की आकृतियाँ होती हैं?

Q2. सभी वर्ग किस प्रकार की आकृतियाँ होती हैं?

Q3. आधारभूत समानुपातिकता प्रमेय के अनुसार, यदि किसी त्रिभुज की एक भुजा के समांतर अन्य दो भुजाओं को भिन्न-भिन्न बिंदुओं पर प्रतिच्छेद करने के लिए एक रेखा खींची जाए, तो वह अन्य दो भुजाओं को किस अनुपात में विभाजित करती है?

Q4. दो बहुभुज समरूप होते हैं यदि उनके संगत कोण बराबर हों और उनकी संगत भुजाएँ हों:

Frequently asked questions

कक्षा 10 गणित के अध्याय 6 'त्रिभुज' में कौन सी मुख्य अवधारणाएँ शामिल हैं?

इस अध्याय में मुख्य रूप से समरूप आकृतियों, विशेष रूप से समरूप त्रिभुजों की अवधारणाओं और आधारभूत समानुपातिकता प्रमेय (थेल्स प्रमेय) पर ध्यान केंद्रित किया गया है।

समरूप आकृतियाँ क्या होती हैं?

समरूप आकृतियाँ वे होती हैं जिनके आकार समान होते हैं, भले ही उनके माप भिन्न हों। इसका मतलब है कि उनके संगत कोण बराबर होते हैं और उनकी संगत भुजाएँ समानुपाती होती हैं।

आधारभूत समानुपातिकता प्रमेय (थेल्स प्रमेय) क्या कहता है?

यह प्रमेय कहता है कि यदि किसी त्रिभुज की एक भुजा के समांतर एक रेखा खींची जाए, तो वह अन्य दो भुजाओं को समानुपाती खंडों में विभाजित करती है।

इन NCERT समाधानों का उपयोग कैसे करें?

इन समाधानों का उपयोग अध्याय की अवधारणाओं को समझने, अभ्यास प्रश्नों को हल करने के तरीके सीखने और परीक्षा की तैयारी के लिए किया जा सकता है। प्रत्येक प्रश्न के हल को ध्यान से पढ़ें और समझें।

क्या सभी वृत्त और सभी वर्ग समरूप होते हैं?

हाँ, सभी वृत्त समरूप होते हैं क्योंकि उनका आकार समान होता है। इसी प्रकार, सभी वर्ग भी समरूप होते हैं क्योंकि उनके सभी कोण समकोण होते हैं और उनकी भुजाएँ समानुपाती हो सकती हैं।

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