NCERT Class 11 Sociology Samaj Shastra Parichay-I: Chapter 4 — संस्कृति तथा समाजीकरण

NCERT CBSE Class 11 Sociology Samaj Shastra Parichay-I Chapter 4 Hindi PDF

यह अध्याय NCERT कक्षा 11 समाजशास्त्र की पुस्तक 'समाज शास्त्र परिचय-I' के चौथे अध्याय 'संस्कृति तथा समाजीकरण' पर केंद्रित है। यह संस्कृति की अवधारणा को स्पष्ट करता है, इसे समाज में अंतःक्रिया के माध्यम से सीखी और विकसित की जाने वाली साझा समझ के रूप में परिभाषित करता है। अध्याय बताता है कि संस्कृति कला तक सीमित नहीं है, बल्कि जीवन शैली का एक व्यापक पहलू है जो सामाजिक संदर्भों में मौजूद है। यह संस्कृति की गतिशील प्रकृति पर प्रकाश डालता है, जिसमें इसके तत्व लगातार बदलते और पुनर्व्यवस्थित होते रहते हैं। अध्याय समाजीकरण की प्रक्रिया पर भी चर्चा करता है, जिसमें परिवार में प्रारंभिक समाजीकरण और स्कूल व अन्य संस्थानों में द्वितीयक समाजीकरण शामिल है। यह बताता है कि कैसे विभिन्न प्राकृतिक और सामाजिक वातावरण विभिन्न संस्कृतियों के विकास को जन्म देते हैं, और कैसे मानव संचार में हाव-भाव और संकेतों का उपयोग उन्हें अन्य प्राणियों से अलग करता है। यह अध्याय छात्रों को समाज में अपनी भूमिकाओं और जिम्मेदारियों को समझने में मदद करता है।

Quick info

BoardCBSE / NCERT
ClassClass 11
SubjectSociology
BookSamaj Shastra Parichay-I
ChapterChapter 4 — संस्कृति तथा समाजीकरण
LanguageHindi
PDF typeNCERT Textbook
SessionCBSE 2026
Reading time3 minutes
Word count462

Learning outcomes

Vocabulary

WordMeaning
संस्कृतिसमाज में सीखी और विकसित की जाने वाली साझा समझ, जिसमें जीवन जीने के तरीके, कला, विश्वास और व्यवहार शामिल हैं।
समाजीकरणवह प्रक्रिया जिसके द्वारा व्यक्ति समाज के मानदंडों, मूल्यों और व्यवहारों को सीखता है।
अंतःक्रियाव्यक्तियों या समूहों के बीच आपसी व्यवहार और संचार।
प्रस्थितिसमाज में किसी व्यक्ति का स्थान या पद।
भूमिकाकिसी विशेष प्रस्थिति से जुड़े अपेक्षित व्यवहार।
मानचित्रकिसी क्षेत्र का नक्शा जो भौगोलिक या सामाजिक जानकारी दर्शाता है।
परिवर्तनशीलजो लगातार बदलता रहता है।
गतिशीलसक्रिय रूप से परिवर्तन या प्रगति करने में सक्षम।
अभौतिकजो भौतिक या मूर्त नहीं है, जैसे विचार, विश्वास, संकेत।
हाव-भावचेहरे के भाव या शारीरिक गतियाँ जो अर्थ व्यक्त करती हैं।

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Practice questions

  1. संस्कृति को समाजशास्त्रीय दृष्टिकोण से कैसे परिभाषित किया गया है? Answer: संस्कृति को समाज में अन्य व्यक्तियों के साथ सामाजिक अंतःक्रिया के माध्यम से सीखी और विकसित की जाने वाली साझा समझ के रूप में परिभाषित किया गया है।
  2. समाजीकरण की प्रक्रिया कहाँ से शुरू होती है? Answer: समाजीकरण की प्रक्रिया परिवार से शुरू होती है, जहाँ हम प्रारंभिक समाजीकरण सीखते हैं।
  3. विभिन्न संस्कृतियों के विकास का एक कारण बताइए। Answer: विभिन्न प्राकृतिक और सामाजिक परिवेशों का सामना करने के लिए व्यक्ति द्वारा अपनाई जाने वाली विभिन्न नीतियाँ विभिन्न संस्कृतियों के विकास का कारण बनती हैं।
  4. मानव को अन्य प्राणियों से क्या अलग करता है? Answer: व्यक्तियों की अन्य व्यक्तियों के साथ सामान्य समझ विकसित करने तथा विभिन्न संकेतों से अर्थ ग्रहण करने की क्षमता मानव को अन्य प्राणियों से अलग करती है।

Practice MCQs

Q1. संस्कृति को कैसे सीखा और विकसित किया जाता है?

Q2. निम्नलिखित में से कौन सा समाजीकरण का प्रारंभिक स्थल है?

Q3. संस्कृति की प्रकृति कैसी होती है?

Q4. विभिन्न वातावरणों में व्यक्ति किनका सामना करते हैं?

Q5. मानव संचार में निम्नलिखित में से क्या महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है?

Frequently asked questions

NCERT कक्षा 11 समाजशास्त्र का अध्याय 4 किस बारे में है?

यह अध्याय 'संस्कृति तथा समाजीकरण' के बारे में है, जिसमें संस्कृति की परिभाषा, प्रकृति और समाजीकरण की प्रक्रिया पर चर्चा की गई है।

संस्कृति को समाजशास्त्रीय रूप से कैसे समझा जाता है?

समाजशास्त्र में, संस्कृति को समाज में अंतःक्रिया के माध्यम से सीखी और विकसित की जाने वाली साझा समझ के रूप में समझा जाता है।

समाजीकरण की प्रक्रिया कहाँ होती है?

समाजीकरण की प्रक्रिया परिवार, विद्यालय और अन्य सामाजिक संस्थाओं में होती है।

क्या संस्कृति स्थिर होती है?

नहीं, संस्कृति स्थिर नहीं होती; यह हमेशा परिवर्तनशील और विकसित होती रहती है।

विभिन्न संस्कृतियों का विकास कैसे होता है?

विभिन्न प्राकृतिक और सामाजिक वातावरणों का सामना करने के लिए व्यक्ति द्वारा अपनाई जाने वाली विभिन्न नीतियाँ विभिन्न संस्कृतियों के विकास को जन्म देती हैं।

मानव संचार में हाव-भाव का क्या महत्व है?

हाव-भाव और संकेत मानव संचार का एक महत्वपूर्ण हिस्सा हैं जो शब्दों के साथ मिलकर अर्थ संप्रेषित करते हैं और मानव को अन्य प्राणियों से अलग करते हैं।

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Important topics

संस्कृति की समाजशास्त्रीय परिभाषा संस्कृति की गतिशील प्रकृति समाजीकरण की प्रक्रिया और इसके स्थल विविध परिवेशों से संस्कृतियों का विकास संचार में गैर-मौखिक संकेतों का महत्व

Topics covered

संस्कृति की परिभाषा संस्कृति की प्रकृति (गतिशील, परिवर्तनशील) समाजीकरण की प्रक्रिया प्रारंभिक समाजीकरण (परिवार) द्वितीयक समाजीकरण (विद्यालय, अन्य संस्थाएँ) विभिन्न प्राकृतिक परिवेश विभिन्न सामाजिक परिवेश जीवन जीने के विभिन्न तरीके (संस्कृति) संचार में हाव-भाव और संकेतों का महत्व सांस्कृतिक ज्ञान का विकास

NCERT Class 11 Sociology — Samaj Shastra Parichay-I — Chapter 4 — संस्कृति तथा समाजीकरण. Verified by NCERT Help Editorial Team. Reviewed on 29 Jul 2026. Last updated 10 Aug 2026.