NCERT Class 11 Mathematics Ganit: Chapter 11 — त्रिविमीय ज्यामिति का परिचय

NCERT CBSE Class 11 Mathematics Ganit Chapter 11 Hindi PDF

यह अध्याय NCERT कक्षा 11 गणित की पुस्तक 'गणित' के अध्याय 11, 'त्रिविमीय ज्यामिति का परिचय' पर केंद्रित है। यह बताता है कि कैसे अंतरिक्ष में एक बिंदु की स्थिति को निर्धारित करने के लिए दो के बजाय तीन परस्पर लंबवत दूरियों की आवश्यकता होती है। अध्याय त्रिविमीय अंतरिक्ष में निर्देशांक अक्षों, निर्देशांक तलों और मूल बिंदु की अवधारणाओं का परिचय देता है। यह तीन परस्पर लंबवत तलों (XY-तल, YZ-तल, ZX-तल) और उनके द्वारा अंतरिक्ष के आठ भागों (अष्टांशों) में विभाजन की व्याख्या करता है। अंत में, यह अंतरिक्ष में एक बिंदु के निर्देशांक (x, y, z) को परिभाषित करता है, जिसमें x, y, और z क्रमशः बिंदु की x, y, और z-अक्षों से लंबवत दूरियाँ होती हैं। यह अध्याय छात्रों को त्रिविमीय ज्यामिति की मूलभूत समझ प्रदान करता है, जो CBSE पाठ्यक्रम के लिए महत्वपूर्ण है।

Quick info

BoardCBSE / NCERT
ClassClass 11
SubjectMathematics
BookGanit
ChapterChapter 11 — त्रिविमीय ज्यामिति का परिचय
LanguageHindi
PDF typeNCERT Textbook
SessionCBSE 2026
Reading time4 minutes
Word count723

Learning outcomes

Vocabulary

WordMeaning
निर्देशांककिसी तल या अंतरिक्ष में एक बिंदु की स्थिति को निर्धारित करने वाली संख्याएँ।
अक्षनिर्देशांक प्रणाली में एक रेखा जिसके सापेक्ष दूरियाँ मापी जाती हैं (जैसे x-अक्ष, y-अक्ष, z-अक्ष)।
तलएक सपाट सतह जो दो विमाओं में फैली होती है (जैसे XY-तल, YZ-तल, ZX-तल)।
मूल बिंदुनिर्देशांक प्रणाली का केंद्र जहाँ सभी अक्ष मिलते हैं (O)।
त्रिविमीय अंतरिक्षतीन विमाओं (लंबाई, चौड़ाई, ऊँचाई) वाला स्थान।
अष्टांशतीन निर्देशांक तलों द्वारा अंतरिक्ष के आठ भागों में से प्रत्येक।

The complete chapter text is read in the official NCERT PDF viewer below (streamed from ncert.nic.in). This page provides NCERT Help study material — summary, vocabulary, practice questions, and FAQs — not a full reproduction of the textbook.

Read chapter online

This PDF is loaded from the official NCERT website (ncert.nic.in). Use the page buttons below to read — download is disabled on NCERT Help.

Read page by page below. PDF is streamed from the official NCERT website — no download button on this page.

Loading document …
Page of
Loading page …

Practice questions

  1. त्रिविमीय अंतरिक्ष में एक बिंदु की स्थिति निर्धारित करने के लिए कितनी संख्याओं की आवश्यकता होती है? Answer: तीन संख्याओं की आवश्यकता होती है।
  2. निर्देशांक अक्षों के प्रतिच्छेद बिंदु को क्या कहते हैं? Answer: मूल बिंदु कहते हैं।
  3. तीन निर्देशांक तल अंतरिक्ष को कितने भागों में विभाजित करते हैं? Answer: तीन निर्देशांक तल अंतरिक्ष को आठ भागों में विभाजित करते हैं, जिन्हें अष्टांश कहते हैं।

Practice MCQs

Q1. त्रिविमीय अंतरिक्ष में एक बिंदु की स्थिति के लिए कितने निर्देशांकों की आवश्यकता होती है?

Q2. निम्नलिखित में से कौन सा एक निर्देशांक तल नहीं है?

Q3. निर्देशांक निकाय का मूल बिंदु क्या है?

Q4. यदि किसी बिंदु P के निर्देशांक (2, 3, 4) हैं, तो यह किस अष्टांश में स्थित होगा यदि सभी निर्देशांक धनात्मक हैं?

Q5. z-अक्ष, XY-तल पर कैसा होता है?

Frequently asked questions

त्रिविमीय ज्यामिति क्या है?

त्रिविमीय ज्यामिति गणित की वह शाखा है जो तीन विमाओं (लंबाई, चौड़ाई और ऊँचाई) वाले अंतरिक्ष में आकृतियों और बिंदुओं का अध्ययन करती है।

अंतरिक्ष में एक बिंदु के निर्देशांक क्या होते हैं?

अंतरिक्ष में एक बिंदु के निर्देशांक तीन संख्याएँ (x, y, z) होती हैं जो मूल बिंदु से उस बिंदु की तीन परस्पर लंबवत दूरियों को दर्शाती हैं, जो क्रमशः x, y, और z-अक्षों के अनुदिश होती हैं।

निर्देशांक तल क्या हैं?

निर्देशांक तल वे तीन परस्पर लंबवत तल होते हैं जो अंतरिक्ष को आठ भागों में विभाजित करते हैं। ये XY-तल, YZ-तल और ZX-तल कहलाते हैं।

मूल बिंदु के निर्देशांक क्या होते हैं?

मूल बिंदु के निर्देशांक हमेशा (0, 0, 0) होते हैं।

अष्टांश क्या होते हैं?

तीन निर्देशांक तलों द्वारा अंतरिक्ष के आठ भागों को अष्टांश कहा जाता है।

क्या त्रिविमीय ज्यामिति वास्तविक जीवन में उपयोगी है?

हाँ, त्रिविमीय ज्यामिति का उपयोग कंप्यूटर ग्राफिक्स, इंजीनियरिंग, भौतिकी, वास्तुकला और नेविगेशन जैसे कई क्षेत्रों में होता है।

Related resources

Important topics

त्रिविमीय अंतरिक्ष में निर्देशांक अक्ष और निर्देशांक तल मूल बिंदु की अवधारणा अंतरिक्ष में एक बिंदु के निर्देशांक (x, y, z) अष्टांशों का विभाजन

Topics covered

त्रिविमीय ज्यामिति का परिचय अंतरिक्ष में बिंदु की स्थिति निर्धारण निर्देशांक अक्ष (x-अक्ष, y-अक्ष, z-अक्ष) निर्देशांक तल (XY-तल, YZ-तल, ZX-तल) मूल बिंदु समकोणिक निर्देशांक निकाय अष्टांश अंतरिक्ष में एक बिंदु के निर्देशांक (x, y, z) निर्देशांकों का निर्धारण

NCERT Class 11 Mathematics — Ganit — Chapter 11 — त्रिविमीय ज्यामिति का परिचय. Verified by NCERT Help Editorial Team. Reviewed on 29 Jul 2026. Last updated 10 Aug 2026.