कक्षा 6 सामाजिक विज्ञान: नगर प्रशासन NCERT समाधान
यह पृष्ठ कक्षा 6 के सामाजिक विज्ञान के अध्याय 'नगर प्रशासन' के लिए विस्तृत NCERT समाधान प्रस्तुत करता है। इसमें नगर निगमों और नगर पालिकाओं के कार्यों, उनकी आय के स्रोतों (जैसे कर), और शहर के निवासियों के जीवन पर उनके प्रभाव को समझाया गया है। समाधानों में यह भी बताया गया है कि कैसे पार्षद और आयुक्त शहर के विभिन्न पहलुओं, जैसे कचरा प्रबंधन, सड़क रखरखाव, और सार्वजनिक स्वास्थ्य सेवाओं के लिए जिम्मेदार होते हैं। यह अध्याय छात्रों को स्थानीय स्वशासन की संरचना और कार्यप्रणाली को समझने में मदद करता है, जो परीक्षा की तैयारी के लिए महत्वपूर्ण है।
Quick info
| Board | CBSE |
|---|---|
| Class | Class 6 |
| Subject | सामाजिक एवं राजनीतिक जीवन |
| Session | 2026 |
| Language | Hindi |
| Type | NCERT Solutions |
| Chapter | 7. नगर प्रशासन |
Chapter summary
कक्षा 6 के सामाजिक विज्ञान के अध्याय 'नगर प्रशासन' के ये NCERT समाधान स्थानीय शहरी निकायों की भूमिका पर केंद्रित हैं। इनमें नगर निगमों और नगर पालिकाओं द्वारा किए जाने वाले विभिन्न कार्यों, जैसे सार्वजनिक सेवाओं का प्रबंधन, करों का संग्रह, और शहर के विकास की चर्चा की गई है। समाधान छात्रों को यह समझने में मदद करते हैं कि पार्षद और आयुक्त कैसे काम करते हैं और वे नागरिकों की समस्याओं का समाधान कैसे करते हैं। यह अध्याय शहरी प्रशासन की बुनियादी समझ प्रदान करता है।
Learning outcomes
- नगर पालिका और नगर निगम के प्रमुख कार्यों की पहचान करना।
- शहरों में विभिन्न प्रकार के करों और उनके महत्व को समझना।
- नगर निगम के सदस्यों (पार्षदों) और प्रशासनिक अधिकारियों (आयुक्त) की भूमिकाओं को स्पष्ट करना।
- स्थानीय स्वशासन में नागरिकों की भागीदारी के महत्व को समझना।
- कचरा प्रबंधन और सार्वजनिक स्वच्छता जैसी शहरी सेवाओं की आवश्यकता का विश्लेषण करना।
Topics covered
Paper topics
- नगर प्रशासन
- नगर पालिका
- नगर निगम
- वार्ड
- पार्षद
- आयुक्त
- कर (टैक्स)
- संपत्ति कर
- सार्वजनिक सेवाएं
- कचरा प्रबंधन
- स्वच्छता
- स्थानीय स्वशासन
Important topics
- नगर निगम के कार्य और जिम्मेदारियाँ
- पार्षद और आयुक्त की भूमिकाएँ
- नगर निगम की आय के स्रोत (कर)
- सार्वजनिक सेवाओं का महत्व (जैसे स्वच्छता, स्वास्थ्य)
- नागरिकों की समस्याओं का समाधान
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Questions and Solutions
प्रश्न 1
नगर पालिका शहर के निवासियों के जीवन को बेहतर बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण कार्य करती है। शंकर की मदद के लिए नगर पालिका के कुछ प्रमुख कार्य इस प्रकार हैं:
- शिक्षा: नगर पालिका शहर में स्कूल स्थापित करती है और उनका संचालन करती है, जिससे बच्चों को शिक्षा प्राप्त करने का अवसर मिलता है।
- स्वास्थ्य सेवाएँ: यह शहर में दवाखाने और अस्पताल चलाती है, जहाँ लोगों को चिकित्सा सुविधाएँ उपलब्ध होती हैं।
- सार्वजनिक स्थान: नगर पालिका बाग-बगीचों की देखभाल करती है, जो शहर को हरा-भरा और सुंदर बनाते हैं।
- स्वच्छता: सड़कों और बाजारों की सफाई का काम नगर पालिका की जिम्मेदारी है, जिससे शहर स्वच्छ रहता है और बीमारियाँ नहीं फैलतीं।
- अन्य सुविधाएँ: इसके अतिरिक्त, नगर पालिका पानी की आपूर्ति, सड़क निर्माण और रखरखाव जैसी अन्य आवश्यक सुविधाएँ भी प्रदान करती है।
प्रश्न 2
यहाँ दिए गए वाक्यों के खाली स्थान भरे गए हैं:
- पंचायत के चुने हुए सदस्यों को पंच कहते हैं।
- शहर विभिन्न वाडों में बँटा हुआ होता है।
- नगर निगम के चुने हुए सदस्यों को पार्षद कहते हैं।
- पार्षदों के समूह उन मुद्दों पर काम करते हैं जो सारे शहर को प्रभावित करते हैं।
- पंचायत और नगर पालिका के चुनाव प्रत्येक पाँच वर्ष में होते हैं।
- पार्षद अगर निर्णय लेते हैं तो आयुक्त के नेतृत्व में दफ्तर के प्रशासनिक कर्मचारी उन निर्णयों को लागू करते हैं।
प्रश्न 3
नगर निगम को अपने विभिन्न कार्यों को करने के लिए धन की आवश्यकता होती है, जो मुख्य रूप से निम्नलिखित स्रोतों से प्राप्त होता है:
- कर (टैक्स): नगर निगम शहर के निवासियों से विभिन्न प्रकार के कर वसूलता है। इनमें प्रमुख हैं:
- संपत्ति कर: घरों और अन्य संपत्तियों पर लगने वाला कर।
- जल कर: पानी की सुविधा के उपयोग पर लगने वाला कर।
- मनोरंजन कर: सिनेमा हॉल, थिएटर आदि में मनोरंजन के साधनों पर लगने वाला कर।
- अन्य विभिन्न सेवाओं पर भी कर लगाए जा सकते हैं।
- सरकारी अनुदान: कभी-कभी राज्य या केंद्र सरकार से भी अनुदान प्राप्त होता है।
- अन्य आय: विज्ञापन शुल्क या अपनी संपत्तियों से किराया आदि से भी आय हो सकती है।
यह धन शहर के विकास और नागरिकों को सुविधाएँ प्रदान करने में उपयोग किया जाता है।
प्रश्न 4
जब से खाला (यास्मीन खाला) सेवानिवृत्त हुई हैं, नगर निगम के कामकाज के तरीके में कुछ बदलाव आए हैं, खासकर कचरा प्रबंधन के क्षेत्र में। पहले संभवतः नगर निगम स्वयं कचरा उठाने और उसके निपटान का काम करता था। लेकिन अब, कई नगर निगमों ने इस कार्य को निजी ठेकेदारों को सौंप दिया है। इसका मतलब है कि कचरा उठाने और उसे सही जगह पर पहुँचाने का काम अब सरकारी कर्मचारियों के बजाय निजी कंपनियों द्वारा किया जाता है, जो अनुबंध के आधार पर काम करती हैं।
प्रश्न 5
गंगाबाई अपने मोहल्ले की एक गंभीर समस्या का विरोध कर रही थीं। उनके मोहल्ले की गलियों में चारों ओर कूड़ा-कचरा फैला हुआ था और उसे उठाने की कोई व्यवस्था नहीं थी। इस फैले हुए कूड़े के कारण मक्खियाँ भिनभिनाती रहती थीं, कुत्ते और चूहे जमा हो जाते थे, जिससे बदबू फैलती थी और बीमारियों के फैलने का डर बना रहता था। यहाँ तक कि बच्चे भी इस गंदगी के कारण गली में खेलने से डरते थे। गंगाबाई इसी अव्यवस्था और गंदगी के कारण हो रही परेशानी का विरोध कर रही थीं।
प्रश्न 6
गंगाबाई ने पार्षद के पास जाने की बात इसलिए सोची क्योंकि उन्होंने पार्षद को वोट देकर अपना प्रतिनिधि चुना था। उनका मानना था कि पार्षद जनता द्वारा चुना गया व्यक्ति है और उसका यह कर्तव्य है कि वह अपने क्षेत्र के लोगों की समस्याओं को सुने और उनका समाधान करे। जब मोहल्ले की सफाई की व्यवस्था इतनी खराब हो गई थी कि जीना मुश्किल हो रहा था, तो गंगाबाई ने सोचा कि पार्षद ही वह व्यक्ति है जो इस समस्या को हल करने के लिए नगर निगम में अपनी बात रख सकता है और आवश्यक कार्रवाई करवा सकता है।
प्रश्न 7
जब नगर निगम के आयुक्त ने यह बहाना बनाया कि शहर में कचरा उठाने के लिए पर्याप्त संख्या में ट्रक उपलब्ध नहीं हैं, तो गंगाबाई ने व्यंग्यात्मक लहजे में जवाब दिया। उन्होंने कहा, "लगता है आपके पास अमीर इलाकों में कचरा उठाने के लिए पूरे ट्रक हैं"। इस कथन से गंगाबाई का आशय यह था कि नगर निगम या आयुक्त केवल अमीर और विकसित इलाकों पर ध्यान देते हैं और गरीब या सामान्य इलाकों की समस्याओं को नजरअंदाज करते हैं, भले ही उनके पास संसाधनों की कमी का बहाना हो। यह उनकी ओर से व्यवस्था में असमानता पर एक तीखी टिप्पणी थी।
प्रश्न 8
यह एक व्यक्तिगत अवलोकन पर आधारित प्रश्न है, जिसका उत्तर हर छात्र के लिए भिन्न हो सकता है। यहाँ एक सामान्य चर्चा प्रस्तुत है:
मेरे मोहल्ले में कूड़ा उठाने की व्यवस्था: मेरे मोहल्ले में आमतौर पर दिन में एक बार, सुबह के समय कूड़ा उठाया जाता है। कुछ दिनों में, विशेषकर यदि कोई त्योहार हो या अधिक कचरा हो, तो दो बार भी उठाया जा सकता है।
क्या सभी मोहल्लों में समान व्यवस्था है?: मुझे लगता है कि सभी मोहल्लों में कूड़ा उठाने की व्यवस्था समान नहीं है। मैंने देखा है कि कुछ मोहल्लों में, विशेष रूप से जहाँ अधिक संपन्न लोग रहते हैं, वहाँ सफाई अधिक नियमित और बेहतर होती है। इसके विपरीत, कुछ अन्य इलाकों में कूड़ा सड़कों पर पड़ा रहता है और उसे नियमित रूप से नहीं उठाया जाता।
इसके संभावित कारण:
- संसाधनों का असमान वितरण: नगर निगम के पास सीमित संख्या में सफाई कर्मचारी और कूड़ा उठाने वाले वाहन (ट्रक) होते हैं। संभव है कि इन संसाधनों को प्राथमिकता के आधार पर या राजनीतिक दबाव के कारण कुछ इलाकों में अधिक आवंटित किया जाता हो, जबकि अन्य इलाकों में इनकी कमी रहती हो।
- कर्मचारियों की लापरवाही: कभी-कभी सफाई कर्मचारी अपनी ड्यूटी ठीक से नहीं करते या लापरवाही बरतते हैं, जिससे कुछ इलाकों में कूड़ा समय पर नहीं उठ पाता।
- जनसंख्या घनत्व और कचरे की मात्रा: घनी आबादी वाले या व्यावसायिक क्षेत्रों में अधिक कचरा उत्पन्न होता है, जिसे प्रबंधित करना अधिक चुनौतीपूर्ण हो सकता है।
- निजीकरण का प्रभाव: जैसा कि पिछले प्रश्न में बताया गया है, यदि कचरा उठाने का काम निजी ठेकेदारों को दिया गया है, तो वे भी अपने लाभ के अनुसार या अनुबंध की शर्तों के अनुसार काम कर सकते हैं, जिससे सेवा की गुणवत्ता में अंतर आ सकता है।
यह चर्चा दर्शाती है कि शहरी प्रशासन में सेवाओं का समान वितरण सुनिश्चित करना एक महत्वपूर्ण चुनौती है।
प्रश्न-अभ्यास
(पाठ्यपुस्तक से)
प्रश्न 1
बच्चे यास्मीन खाला के घर पर इसलिए गए क्योंकि खेलते समय उनकी क्रिकेट की गेंद से गली की एक ट्यूबलाइट टूट गई थी। बच्चे इस बात को लेकर चिंतित थे कि टूटी हुई ट्यूबलाइट को बदलवाने का खर्च कौन उठाएगा। उन्हें यह भी पता था कि यास्मीन खाला पहले नगर निगम में काम करती थीं, इसलिए उन्हें उम्मीद थी कि वह इस मामले में सही जानकारी दे पाएंगी कि इस तरह की क्षति के लिए किसे जिम्मेदार ठहराया जाना चाहिए और पैसे का भुगतान कौन करेगा।
प्रश्न 2
नगर निगम शहर के निवासियों के दैनिक जीवन को कई महत्वपूर्ण तरीकों से प्रभावित करता है। इसके प्रमुख कार्य और उनका प्रभाव इस प्रकार हैं:
- स्वास्थ्य सेवाएँ: नगर निगम शहर में अस्पताल और दवाखाने चलाता है। इससे निवासियों को आसानी से और सस्ती चिकित्सा सुविधाएँ उपलब्ध होती हैं, जो उनके स्वास्थ्य की देखभाल के लिए अत्यंत आवश्यक है।
- शिक्षा: नगर निगम द्वारा स्थापित और संचालित स्कूल बच्चों को शिक्षा प्रदान करते हैं। यह सुनिश्चित करता है कि शहर के सभी बच्चों को पढ़ने का अवसर मिले, जो उनके भविष्य के लिए महत्वपूर्ण है।
- स्वच्छता और जनस्वास्थ्य: नगर निगम सड़कों, बाजारों और सार्वजनिक स्थानों की सफाई का कार्य करता है। यह शहर को स्वच्छ रखता है, बीमारियों को फैलने से रोकता है और निवासियों के लिए एक स्वस्थ वातावरण बनाता है।
- पेयजल आपूर्ति: नगर निगम शहर के निवासियों के लिए पीने के पानी की आपूर्ति की व्यवस्था करता है। यह सुनिश्चित करता है कि सभी को स्वच्छ और पर्याप्त मात्रा में पानी मिले, जो जीवन की मूलभूत आवश्यकता है।
- अन्य सुविधाएँ: इसके अतिरिक्त, नगर निगम सड़कों का निर्माण और रखरखाव, स्ट्रीट लाइट की व्यवस्था, पार्कों का विकास और सार्वजनिक परिवहन जैसी अन्य सुविधाएँ भी प्रदान करता है, जो शहर के जीवन को सुगम और बेहतर बनाते हैं।
प्रश्न 3
नगर निगम पार्षद वह व्यक्ति होता है जिसे शहर के एक विशेष क्षेत्र, जिसे 'वार्ड' कहा जाता है, के निवासियों द्वारा सीधे चुना जाता है। शहर को कई वार्डों में विभाजित किया जाता है, और प्रत्येक वार्ड से एक प्रतिनिधि चुना जाता है। यह चुना हुआ प्रतिनिधि ही 'पार्षद' कहलाता है। पार्षद का मुख्य कार्य अपने वार्ड के निवासियों की समस्याओं और जरूरतों को समझना और उन्हें नगर निगम की बैठकों में उठाना होता है। वे नगर निगम के निर्णयों में भाग लेते हैं और यह सुनिश्चित करने का प्रयास करते हैं कि उनके वार्ड और पूरे शहर का विकास हो और नागरिकों को आवश्यक सुविधाएँ मिलें।
Common mistakes
- नगर पालिका और नगर निगम के कार्यों के बीच अंतर को न समझ पाना।
- कर (टैक्स) के विभिन्न प्रकारों और उनके उद्देश्य को लेकर भ्रमित होना।
- पार्षद और आयुक्त की जिम्मेदारियों को गलत समझना।
- कचरा प्रबंधन जैसी सार्वजनिक सेवाओं की महत्ता को कम आंकना।
Revision tips
- नगर निगम के सभी कार्यों की एक सूची बनाएं और उन्हें याद करें।
- विभिन्न प्रकार के करों (जैसे संपत्ति कर, जल कर) और उनके महत्व को समझें।
- पार्षद और आयुक्त की भूमिकाओं की तुलना करें और अंतर स्पष्ट करें।
- गंगाबाई के विरोध जैसे उदाहरणों से सीखें कि नागरिक अपनी समस्याओं के समाधान के लिए कैसे आवाज उठा सकते हैं।
Practice MCQs
Q1. नगर पालिका का एक महत्वपूर्ण कार्य क्या है?
Explanation: नगर पालिका शहर में दवाखाने और अस्पताल चलाने जैसे सार्वजनिक स्वास्थ्य संबंधी कार्य करती है।
Q2. शहर विभिन्न ____ में बँटा हुआ होता है, जिनमें से प्रत्येक का अपना पार्षद होता है।
Explanation: शहर को छोटे प्रशासनिक क्षेत्रों में विभाजित किया जाता है जिन्हें वार्ड कहा जाता है, और प्रत्येक वार्ड से एक पार्षद चुना जाता है।
Q3. नगर निगम को अपने कार्यों के लिए धन मुख्य रूप से कहाँ से प्राप्त होता है?
Explanation: नगर निगम अपनी आय का एक बड़ा हिस्सा संपत्ति कर, जल कर और अन्य सेवाओं पर लगने वाले करों से प्राप्त करता है।
Q4. गंगाबाई किस समस्या का विरोध कर रही थी?
Explanation: गंगाबाई गलियों में फैले कचरे और उसे न उठाए जाने की व्यवस्था के कारण हो रही गंदगी और बदबू का विरोध कर रही थी।
Q5. नगर निगम के चुने हुए सदस्यों को क्या कहा जाता है?
Explanation: नगर निगम के चुने हुए प्रतिनिधियों को पार्षद कहा जाता है, जो अपने वार्ड का प्रतिनिधित्व करते हैं।
Frequently asked questions
कक्षा 6 के लिए 'नगर प्रशासन' अध्याय में मुख्य रूप से क्या सिखाया गया है?
यह अध्याय सिखाता है कि शहर का प्रशासन कैसे चलता है, नगर निगम और नगर पालिका जैसे स्थानीय निकायों के क्या कार्य होते हैं, वे पैसे कैसे कमाते हैं (जैसे करों से), और वे सार्वजनिक सेवाओं जैसे सड़कों की सफाई, अस्पतालों और स्कूलों के प्रबंधन के लिए कैसे जिम्मेदार होते हैं।
नगर निगम के पार्षद कौन होते हैं और उनका क्या काम होता है?
पार्षद शहर के वार्डों से चुने हुए प्रतिनिधि होते हैं। वे अपने वार्ड की समस्याओं को नगर निगम तक पहुंचाते हैं और निगम के फैसलों में भाग लेते हैं। वे नागरिकों और नगर निगम के बीच एक कड़ी के रूप में काम करते हैं।
नगर निगम को पैसा कहाँ से मिलता है?
नगर निगम को मुख्य रूप से लोगों द्वारा दिए गए विभिन्न प्रकार के करों से पैसा मिलता है, जैसे संपत्ति कर, पानी और अन्य सुविधाओं पर कर, और मनोरंजन कर।
गंगाबाई ने विरोध क्यों किया?
गंगाबाई ने इसलिए विरोध किया क्योंकि उनके मोहल्ले में कचरा नहीं उठाया जा रहा था, जिससे गंदगी, बदबू और बीमारियों का खतरा बढ़ गया था। उन्होंने पार्षद से इस समस्या का समाधान करने की उम्मीद की थी।
क्या सभी मोहल्लों में कूड़ा एक समान उठाया जाता है?
यह आवश्यक नहीं है। समाधान बताते हैं कि कुछ मोहल्लों में कूड़ा नियमित रूप से नहीं उठाया जाता, जो सफाई कर्मचारियों की कमी या लापरवाही के कारण हो सकता है। यह दर्शाता है कि सार्वजनिक सेवाओं का वितरण सभी क्षेत्रों में समान नहीं हो सकता।
यह अध्याय परीक्षा की तैयारी में कैसे मदद करता है?
यह अध्याय स्थानीय स्वशासन की संरचना और कार्यों की स्पष्ट समझ प्रदान करता है, जो सामाजिक विज्ञान की परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण है। समाधानों को समझने से छात्र नगर निगमों की भूमिका और जिम्मेदारियों से संबंधित प्रश्नों का उत्तर आत्मविश्वास से दे सकते हैं।
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