CBSE Class 12 Hindi (Core) NCERT Solutions: Silver Wedding

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This set of NCERT Solutions for CBSE Class 12 Hindi (Core) Chapter 1, 'Silver Wedding', delves into the complexities of generational differences and the struggle to adapt to changing times. The solutions explain why Yosdhar Babu fails to keep pace with modernity while his wife and children embrace it. It explores the significance of phrases like 'Samhau Improper' and 'Jo Hua Hoga' in reflecting Yosdhar Babu's traditional mindset and his internal conflicts. The chapter also touches upon the influence of mentors like Kishanlal and the evolving structure of family life. These solutions provide clear explanations and insights, aiding students in understanding the nuances of the story and preparing effectively for their exams by highlighting key themes like generational gaps and cultural shifts.

Quick info

BoardCBSE
ClassClass 12
Subjectहिंदी
Session2026
LanguageHindi
TypeNCERT Solutions
Chapter1. सिल्वर वैडिग

Chapter summary

NCERT Solutions for Class 12 Hindi (Core) 'Silver Wedding' focuses on the central theme of generational conflict and the challenges of adapting to societal changes. It analyzes the characters of Yosdhar Babu and his family, highlighting the clash between traditional values and modern perspectives. The solutions explain the symbolic use of language and the impact of past influences on present behavior, offering a deep dive into the story's core message about cultural evolution and familial relationships.

Learning outcomes

  • Understand the concept of generational gap and its impact on family dynamics.
  • Analyze the character of Yosdhar Babu and his resistance to change.
  • Interpret the significance of recurring phrases and their reflection of character.
  • Evaluate the role of mentors and past influences on an individual's life.
  • Discuss the changing structure of family and societal values.
  • Identify the core themes of tradition vs. modernity in the story.

Topics covered

Paper topics

  • Generational Gap
  • Tradition vs. Modernity
  • Character Analysis of Yosdhar Babu
  • Symbolism of Phrases ('Samhau Improper', 'Jo Hua Hoga')
  • Influence of Mentors
  • Changing Family Structures
  • Cultural Adaptation
  • Values and Beliefs

Important topics

  • Generational Gap and its Portrayal
  • Yosdhar Babu's Character and Ideology
  • Symbolic Meanings of Key Phrases
  • Clash between Traditional and Modern Values
  • Role of Kishanlal in Yosdhar Babu's Life

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Questions and Solutions

प्रश्न 1

यशोधर बाबू की पत्नी समय के साथ ढल सकने में सफल होती हैं लेकिन यशोधर बाबू असफल रहते हैं। ऐसा क्यों?
Solution: यशोधर बाबू बचपन में ही अनाथ हो गए थे और उन पर जिम्मेदारियों का बोझ आ गया था। वे हमेशा पुराने ख्यालों वाले लोगों के बीच रहे, जिससे वे पुरानी परंपराओं को छोड़ नहीं पाए। वे अपने आदर्श किशनदा से बहुत प्रभावित थे और आधुनिक जीवन-मूल्यों के विरुद्ध थे। इसी कारण परिवार से उनका मतभेद रहता था। उनकी पत्नी, विवाह के बाद संयुक्त परिवार के नियमों का पालन करते हुए, बच्चों के आधुनिक विचारों से जल्दी प्रभावित हो गई। वह बेटी के कहने पर नए कपड़े पहनती है और बेटों के मामलों में दखल नहीं देती। यशोधर बाबू बदलते समय को समझते तो हैं, पर पूरी तरह स्वीकार न कर पाने के कारण असफल रहते हैं, जबकि उनकी पत्नी आसानी से नए माहौल में ढल जाती है।

प्रश्न 2

पाठ में 'जो हुआ होगा' वाक्य की आप कितनी अर्थ छवियाँ खोज सकते / सकती हैं?
Solution: पाठ में 'जो हुआ होगा' वाक्य की कई अर्थ छवियाँ खोजी जा सकती हैं:
  1. पहली बार यह वाक्य तब आता है जब यशोधर बाबू किशनदा के मृत्यु के कारण पूछते हैं और उत्तर मिलता है 'जो हुआ होगा', जिसका अर्थ है कि मृत्यु का कारण स्पष्ट नहीं है।
  2. यह वाक्य यशोधर बाबू की उस सोच को दर्शाता है कि जिन लोगों के बच्चे नहीं होते, वे अकेलेपन और उपेक्षा के कारण बीमार होकर मर जाते हैं, भले ही वे बाहर से स्वस्थ दिखें।
  3. यह वाक्य किशनदा की मृत्यु के अनिश्चित कारणों पर यशोधर बाबू की अनिश्चितता और अनुमान को भी व्यक्त करता है।
  4. यह वाक्य जीवन की अनिश्चितता और मृत्यु के रहस्य पर भी प्रकाश डालता है, जहाँ सब कुछ अनुमानों पर आधारित होता है।
यह वाक्य किशनदा की मृत्यु के सही कारणों का पता न चलने और यशोधर बाबू की उस पर चल रही सोच को दर्शाता है।

प्रश्न 3

'समहाउ इंप्रापर' वाक्यांश का प्रयोग यशोधर बाबू लगभग हर वाक्य के प्रांरभ में तिकया कलाम की तरह करते हैं। इस वाक्यांश का उनके व्यक्तित्व और कहानी के कथ्य से क्या संबंध बनता है?
Solution: यशोधर बाबू अपनी बातों की शुरुआत में 'समहाउ इंप्रापर' (कुछ अनुचित) वाक्यांश का प्रयोग एक तकिया कलाम की तरह करते हैं। यह वाक्यांश उनके व्यक्तित्व का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है और कहानी के कथ्य से गहरा संबंध रखता है।

इस वाक्यांश का प्रयोग निम्नलिखित संदर्भों में होता है:

  • साधारण पुत्र को असाधारण वेतन मिलने पर।
  • स्कूटर की सवारी पर।
  • दफ्तर में सिल्वर वेडिंग का आयोजन।
  • DDA फ्लैट का पैसा समय पर न भरने पर।
  • खुशहाली में रिश्तेदारों की उपेक्षा करने पर।
  • छोटे साले के ओछेपन पर।
  • केक काटने जैसी विदेशी परंपरा पर।

इन प्रयोगों से यह स्पष्ट होता है कि यशोधर बाबू एक सिद्धांतवादी व्यक्ति हैं जो आधुनिक परिवेश में बदलते जीवन-मूल्यों और संस्कारों के विरुद्ध हैं। वे इन बदलावों को अपनाना नहीं चाहते। इसी आदत के कारण अक्सर परिवार से उनका मनमुटाव बना रहता है और जब भी वे किसी स्थिति को असहज या अस्वाभाविक पाते हैं, तो यह वाक्यांश उनके मुँह से निकल पड़ता है। यह वाक्यांश उनकी पुरानी सोच और आधुनिकता के प्रति उनकी झिझक को दर्शाता है।

प्रश्न 4

यशोधर बाबू की कहानी को दिशा देने में किशनदा की महत्त्वपूर्ण भूमिका रही है। आपके जीवन को दिशा देने में किसका महत्त्वपूर्ण योगदान रहा और कैसे?
Solution: यशोधर बाबू के जीवन को दिशा देने में उनके आदर्श किशनदा की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। इसी प्रकार, मेरे जीवन को दिशा देने में मेरी बड़ी बहन का महत्वपूर्ण योगदान रहा है। वे हमेशा पढ़ाई-लिखाई और अन्य गतिविधियों में मुझसे आगे रहती थीं।

उन्हें देखकर मुझे हमेशा बेहतर करने की प्रेरणा मिलती थी। वे न केवल मुझे आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करती थीं, बल्कि समय-समय पर मेरा मार्गदर्शन भी करती थीं। मेरी कमजोरियों को पहचानकर उन्हें दूर करने में उन्होंने मेरी पूरी सहायता की, जिससे मुझे जीवन में सही दिशा मिली।

प्रश्न 5

वर्तमान समय में परिवार की संरचना, स्वरूप से जुड़े आपके अनुभव इस कहानी से कहाँ तक सामंजस्य बिठा पाते हैं?
Solution: यह कहानी पीढ़ी के अंतराल का मार्मिक चित्रण करती है। आज के समय में भी, कई युवा पीढ़ी के सदस्य आधुनिकता को अपनाते हुए पुराने संस्कारों और मान्यताओं को महत्वहीन समझने लगते हैं, जबकि पुरानी पीढ़ी उन्हें बनाए रखना चाहती है। यशोधर बाबू का उसूलपसंद होना और परिवार के सदस्यों का उनके पुराने रवैये से असहज होना, आज के परिवारों में भी देखा जा सकता है।

मेरे अनुभव भी इस कहानी से काफी हद तक सामंजस्य बिठाते हैं। आज के समाज में भी पुरानी और नई पीढ़ी के बीच विचारों का अंतर स्पष्ट दिखाई देता है। बच्चे आधुनिक जीवनशैली और सोच को अपनाते हैं, जबकि माता-पिता पारंपरिक मूल्यों को महत्व देते हैं।

इस सामंजस्य को स्थापित करने के लिए, यह आवश्यक है कि पुरानी पीढ़ी थोड़ी आधुनिकता को अपनाए और नई पीढ़ी पुरानी स्वस्थ परंपराओं का सम्मान करे। दोनों पक्षों को एक-दूसरे के विचारों और भावनाओं का सम्मान करना चाहिए और एक-दूसरे की सुख-सुविधा का ध्यान रखना चाहिए।

प्रश्न 6

निम्नलिखित में से किसे आप कहानी की मूल संवेदना कहेंगे / कहेंगी और क्यों? (क) हाशिए पर धकेले जाते मानवीय मूल्य (ख) पीढ़ी का अंतराल (ग) पाश्चात्य संस्कृति का प्रभाव
Solution: कहानी की मूल संवेदना ' (ख) पीढ़ी का अंतराल ' है।

आधुनिकता के इस दौर में, यशोधर बाबू जैसे पात्र पारंपरिक मूल्यों को बनाए रखने का प्रयास करते हैं, लेकिन उनका यह उसूलपसंद रवैया दफ्तर और घर, दोनों जगह समस्याएँ खड़ी करता है। वे संयुक्त परिवार की संवेदनाओं से जुड़े रहना चाहते हैं, जबकि उनके बच्चे अपनी दुनिया में जीना चाहते हैं और पिता के पुराने विचारों को अपनी बेइज्जती समझते हैं। यशोधर बाबू भी नई पीढ़ी के तौर-तरीकों को स्वीकार नहीं कर पाते। इस प्रकार, नई और पुरानी पीढ़ी के बीच का यह द्वंद्व कहानी की मुख्य संवेदना है।

हालांकि, सांस्कृतिक और सामाजिक संरक्षण के लिए स्वस्थ परंपराओं की सुरक्षा आवश्यक है, लेकिन बदलते समय और परिवेश में इनकी उपेक्षा नहीं की जानी चाहिए। इसलिए, पुरानी पीढ़ी को थोड़ा आधुनिक होना चाहिए और नई पीढ़ी को पुरानी स्वस्थ परंपराओं और मान्यताओं का सम्मान करना चाहिए।

Common mistakes

  • Confusing Yosdhar Babu's traditionalism with stubbornness.
  • Underestimating the wife's adaptation to modern values.
  • Not fully grasping the symbolic meaning of 'Samhau Improper'.
  • Failing to connect Yosdhar Babu's past experiences with his present behavior.

Revision tips

  • Focus on the character analysis of Yosdhar Babu and his wife.
  • Understand the context and meaning of key phrases like 'Samhau Improper'.
  • Relate the story's themes of generational gap to contemporary society.
  • Review the influence of Kishanlal on Yosdhar Babu's life.
  • Consider the evolving family structures depicted in the story.

Practice MCQs

Q1. यशोधर बाबू अपनी पत्नी की तुलना में समय के साथ ढलने में असफल क्यों रहते हैं?

Q2. कहानी में 'जो हुआ होगा' वाक्य का प्रयोग पहली बार कब होता है?

Q3. 'समहाउ इंप्रापर' वाक्यांश का प्रयोग यशोधर बाबू किस संदर्भ में करते हैं?

Q4. कहानी के अनुसार, यशोधर बाबू के जीवन को दिशा देने में किसका महत्त्वपूर्ण योगदान रहा?

Q5. कहानी में पीढ़ी के अंतराल को दर्शाने के लिए किस मुख्य संघर्ष को दिखाया गया है?

Frequently asked questions

यह NCERT समाधान किस कक्षा और विषय के लिए है?

यह NCERT समाधान CBSE कक्षा 12 हिंदी (कोर) के छात्रों के लिए 'सिल्वर वेडिंग' पाठ पर आधारित है।

कहानी का मुख्य विषय क्या है?

कहानी का मुख्य विषय पीढ़ी का अंतराल है, जिसमें पारंपरिक मूल्यों और आधुनिक दृष्टिकोण के बीच टकराव को दर्शाया गया है।

यशोधर बाबू के चरित्र की मुख्य विशेषताएँ क्या हैं?

यशोधर बाबू पारंपरिक मूल्यों से जुड़े हुए हैं और बदलते समय के साथ तालमेल बिठाने में असफल रहते हैं, जबकि उनकी पत्नी और बच्चे आधुनिकता को अपनाते हैं।

'समहाउ इंप्रापर' वाक्यांश का क्या महत्व है?

यह वाक्यांश यशोधर बाबू की उसूलपसंद और आधुनिकता के प्रति उनकी असहजता को दर्शाता है, जब भी उन्हें कोई बात अनुचित लगती है तो वे इसका प्रयोग करते हैं।

यह समाधान छात्रों को परीक्षा की तैयारी में कैसे मदद करेंगे?

ये समाधान पाठ की गहरी समझ, मुख्य विषयों और पात्रों के विश्लेषण के माध्यम से छात्रों को परीक्षा में आने वाले प्रश्नों के उत्तर देने में मदद करेंगे।

कहानी में किशनदा की क्या भूमिका है?

किशनदा यशोधर बाबू के आदर्श हैं, जिनके संस्कारों और जीवन शैली ने यशोधर बाबू के विचारों और व्यवहार को बहुत प्रभावित किया है।

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