कक्षा 12 मानव भूगोल: जनसंख्या संघटन NCERT समाधान

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यह पृष्ठ कक्षा 12 के छात्रों के लिए मानव भूगोल के मूल सिद्धांत पुस्तक के अध्याय 3, 'जनसंख्या संघटन' पर केंद्रित NCERT समाधान प्रदान करता है। इसमें जनसंख्या की आयु, लिंग और ग्रामीण-शहरी संरचना जैसे महत्वपूर्ण जनसांख्यिकीय पहलुओं की गहन पड़ताल की गई है। समाधान छात्रों को लिंगानुपात की गणना, आयु संरचना के महत्व और ग्रामीण तथा शहरी क्षेत्रों के बीच जनसंख्या भिन्नताओं को समझने में मदद करते हैं। यह अध्याय यह भी बताता है कि कैसे प्रवास, जन्म दर और मृत्यु दर जैसे कारक जनसंख्या की संरचना को प्रभावित करते हैं। ये विस्तृत स्पष्टीकरण छात्रों को परीक्षा की तैयारी के लिए इन जटिल अवधारणाओं को प्रभावी ढंग से समझने और याद रखने में सहायता करेंगे।

Quick info

BoardCBSE
ClassClass 12
Subjectमानव भूगोल के मूल सिद्धांत
Session2026
LanguageHindi
TypeNCERT Solutions
Chapter3. जनसंख्या संघटन

Chapter summary

अध्याय 3 'जनसंख्या संघटन' के ये NCERT समाधान छात्रों को जनसंख्या की आयु, लिंग और ग्रामीण-शहरी संरचना की जटिलताओं को समझने में मदद करते हैं। इसमें लिंगानुपात की गणना के तरीके, आयु संरचना का महत्व (कार्यशील आबादी और आश्रितों के संदर्भ में), और ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों के बीच जीवन शैली, घनत्व और विकास के स्तर में अंतर शामिल हैं। समाधान विभिन्न देशों में देखे जाने वाले जनसंख्या असंतुलन के कारणों पर भी प्रकाश डालते हैं।

Learning outcomes

  • जनसंख्या संरचना के विभिन्न घटकों को परिभाषित करना सीखें।
  • लिंगानुपात की गणना की विधियों को समझें।
  • आयु संरचना के महत्व और इसके विभिन्न आयु वर्गों के निहितार्थों का विश्लेषण करें।
  • ग्रामीण और शहरी जनसंख्या संरचना के बीच अंतर स्पष्ट करें।
  • जनसंख्या संघटन को प्रभावित करने वाले कारकों की पहचान करें।

Topics covered

Paper topics

  • जनसंख्या संरचना
  • आयु संरचना
  • लिंगानुपात
  • ग्रामीण-शहरी संरचना
  • कार्यशील आयु वर्ग
  • आश्रित जनसंख्या
  • जनसंख्या पिरामिड
  • प्रवास का प्रभाव
  • जन्म दर और मृत्यु दर
  • सामाजिक-आर्थिक स्थिति
  • जनसांख्यिकीय विशेषताएँ
  • जनसंख्या वितरण

Important topics

  • आयु संरचना का महत्व
  • लिंगानुपात की गणना और इसके कारण
  • ग्रामीण और शहरी जनसंख्या के बीच अंतर
  • जनसंख्या संरचना को प्रभावित करने वाले कारक
  • कार्यशील आयु वर्ग की परिभाषा

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Questions and Solutions

प्रश्न 1

नीचे दिए गए चार विकल्पों में से सही उत्तर चुनिए:
  1. निम्नलिखित में से किसने संयुक्त अरब अमीरात के लिंग अनुपात को कम किया है?

(अ) पुरुष कामकाजी आबादी का चयनात्मक प्रवास

(ब) पुरुषों की उच्च जन्म दर

(स) महिलाओं की कम जन्म दर

(द) महिलाओं का उच्च प्रवास

  1. निम्नलिखित में से कौन सा आंकड़ा जनसंख्या के कार्यशील आयु वर्ग का प्रतिनिधित्व करता है?

(अ) 15 से 65 वर्ष

(ब) 15 से 64 वर्ष

(स) 15 से 66 वर्ष

(द) 15 से 59 वर्ष

  • (ग) निम्नलिखित में से किस देश में दुनिया में सबसे अधिक लिंगानुपात है?

(अ) लातविया

(ब) संयुक्त अरब अमीरात

(स) जापान

(द) फ्रांस

Solution:

यहाँ प्रत्येक प्रश्न के लिए सही विकल्प दिए गए हैं:

  1. सही उत्तर है (अ) पुरुष कामकाजी आबादी का चयनात्मक प्रवास। संयुक्त अरब अमीरात जैसे देशों में, आर्थिक अवसरों के कारण बड़ी संख्या में पुरुष श्रमिक प्रवास करते हैं, जिससे पुरुषों की आबादी महिलाओं की तुलना में अधिक हो जाती है और लिंगानुपात कम हो जाता है।
  2. सही उत्तर है (द) 15 से 59 वर्ष। सामान्यतः, 15 से 59 वर्ष की आयु सीमा को जनसंख्या के कार्यशील आयु वर्ग के रूप में परिभाषित किया जाता है, जो आर्थिक रूप से सक्रिय आबादी का प्रतिनिधित्व करता है।
  3. सही उत्तर है (अ) लातविया। लातविया में दुनिया में सबसे अधिक लिंगानुपात दर्ज किया गया है, जहाँ प्रति 100 महिलाओं पर पुरुषों की संख्या कम है। यह अक्सर महिलाओं की उच्च जीवन प्रत्याशा जैसे कारकों के कारण होता है।

प्रश्न 2

निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लगभग 30 शब्दों में दें।

(क) जनसंख्या संरचना से आप क्या समझते हैं?

(ख) आयु-संरचना का क्या महत्व है?

(ग) लिंग-अनुपात को कैसे मापा जाता है?

Solution:

(क) जनसंख्या संरचना से तात्पर्य किसी देश की जनसंख्या के विभिन्न जनसांख्यिकीय गुणों से है, जैसे कि आयु वितरण, लिंग अनुपात, व्यवसाय, शिक्षा का स्तर और जीवन प्रत्याशा। इन विशेषताओं का विश्लेषण जनसंख्या की वर्तमान स्थिति और भविष्य के रुझानों को समझने में मदद करता है।

(ख) आयु-संरचना जनसंख्या में विभिन्न आयु समूहों के लोगों की संख्या को दर्शाती है। इसका महत्व इसलिए है क्योंकि यह कार्यशील आबादी (15-59 वर्ष) के आकार को इंगित करती है, जो अर्थव्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण है। साथ ही, यह वृद्ध आबादी (60+ वर्ष) के अनुपात को भी दर्शाती है, जिन्हें स्वास्थ्य सेवाओं की अधिक आवश्यकता होती है, और युवा आबादी के उच्च अनुपात से उच्च जन्म दर का पता चलता है।

(ग) लिंगानुपात को जनसंख्या में पुरुषों और महिलाओं की संख्या के बीच के अनुपात के रूप में मापा जाता है। आमतौर पर, इसकी गणना प्रति 1000 पुरुषों पर महिलाओं की संख्या के रूप में की जाती है (जैसे भारत में: महिला जनसंख्या / पुरुष जनसंख्या × 1000) या प्रति 1000 महिलाओं पर पुरुषों की संख्या के रूप में (जैसे कुछ अन्य देशों में: पुरुष जनसंख्या / महिला जनसंख्या × 1000)।

प्रश्न 3

निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लगभग 150 शब्दों में दें।

(क) जनसंख्या की ग्रामीण-शहरी संरचना का वर्णन करें।

(ख) दुनिया के विभिन्न हिस्सों और व्यावसायिक संरचना में पाए गए आयु-लिंग में असंतुलन के लिए जिम्मेदार कारकों पर चर्चा करें।

Solution:

(क) जनसंख्या की ग्रामीण-शहरी संरचना का अर्थ है जनसंख्या का उनके निवास स्थान के आधार पर ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में विभाजन। यह विभाजन महत्वपूर्ण है क्योंकि ग्रामीण और शहरी जीवन शैलियाँ, आजीविका के साधन और सामाजिक स्थितियाँ भिन्न होती हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में लोग मुख्य रूप से प्राथमिक गतिविधियों (जैसे कृषि) में लगे होते हैं, जबकि शहरी क्षेत्रों में अधिकांश आबादी गैर-प्राथमिक गतिविधियों (जैसे उद्योग और सेवाएँ) में संलग्न होती है। विकसित देशों में, शहरी क्षेत्रों में महिलाओं की संख्या पुरुषों से अधिक हो सकती है, जो बेहतर अवसरों के कारण ग्रामीण क्षेत्रों से महिलाओं के प्रवास का परिणाम है। इसके विपरीत, एशिया के कुछ देशों (जैसे भारत, पाकिस्तान, नेपाल) में, ग्रामीण क्षेत्रों में कृषि में महिलाओं की अधिक भागीदारी के कारण लिंगानुपात भिन्न हो सकता है, जबकि शहरी क्षेत्रों में पुरुष प्रवास अधिक प्रभावी हो सकता है।

(ख) दुनिया के विभिन्न हिस्सों में आयु-लिंग संरचना और व्यावसायिक संरचना में असंतुलन के लिए कई कारक जिम्मेदार हैं। निम्न लिंगानुपात वाले क्षेत्रों में अक्सर लैंगिक भेदभाव, कन्या भ्रूण हत्या और महिलाओं के प्रति घरेलू हिंसा का प्रचलन होता है, जिससे महिलाओं की सामाजिक-आर्थिक स्थिति कमजोर होती है। उदाहरण के लिए, लातविया जैसे देशों में महिलाओं की जीवन प्रत्याशा पुरुषों से अधिक होने के कारण लिंगानुपात महिलाओं के पक्ष में झुका हुआ है। इसके विपरीत, जहाँ पुरुष प्रवास अधिक होता है (जैसे खाड़ी देशों में), वहाँ पुरुषों की संख्या अधिक होती है। व्यावसायिक संरचना भी आयु-लिंग संतुलन को प्रभावित करती है; उदाहरण के लिए, विकसित देशों में यंत्रीकृत कृषि को अक्सर एक पुरुष प्रधान व्यवसाय माना जाता है। प्रवास पैटर्न, सामाजिक-सांस्कृतिक मान्यताएँ और आर्थिक अवसर इन असंतुलनों को महत्वपूर्ण रूप से प्रभावित करते हैं।

Common mistakes

  • लिंगानुपात की गणना के लिए विभिन्न देशों द्वारा उपयोग किए जाने वाले सूत्रों के बीच भ्रमित होना।
  • आयु संरचना के महत्व को केवल कार्यशील आयु वर्ग तक सीमित समझना।
  • ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के बीच अंतर करने वाले मानदंडों को गलत समझना।
  • जनसंख्या संघटन को प्रभावित करने वाले कारकों को पूरी तरह से न समझना।

Revision tips

  • प्रत्येक जनसांख्यिकीय घटक (आयु, लिंग, ग्रामीण-शहरी) के लिए मुख्य परिभाषाओं और सूत्रों को संक्षेप में लिखें।
  • विभिन्न देशों के लिंगानुपात और आयु संरचना के उदाहरणों पर ध्यान केंद्रित करें।
  • ग्रामीण और शहरी जीवन शैली के बीच अंतर के कारणों की समीक्षा करें।
  • जनसंख्या संघटन को प्रभावित करने वाले कारकों की एक सूची बनाएं और प्रत्येक को संक्षेप में समझाएं।

Practice MCQs

Q1. संयुक्त अरब अमीरात में लिंगानुपात कम होने का मुख्य कारण क्या है?

Q2. जनसंख्या की कार्यशील आयु वर्ग का प्रतिनिधित्व करने वाला सामान्य आयु वर्ग कौन सा है?

Q3. निम्नलिखित में से किस देश में दुनिया में सबसे अधिक लिंगानुपात (प्रति 100 महिलाओं पर पुरुषों की संख्या) दर्ज किया गया है?

Q4. जनसंख्या संरचना से तात्पर्य किन विशिष्ट गुणों से है?

Q5. 60 वर्ष से अधिक आयु की आबादी का उच्च अनुपात क्या दर्शाता है?

Frequently asked questions

जनसंख्या संघटन क्या है?

जनसंख्या संघटन किसी देश की जनसंख्या के विशिष्ट गुणों जैसे आयु, लिंग, व्यवसाय, शिक्षा, जीवन प्रत्याशा और निवास स्थान (ग्रामीण/शहरी) के अध्ययन को संदर्भित करता है।

लिंगानुपात की गणना कैसे की जाती है?

लिंगानुपात की गणना आमतौर पर प्रति हजार पुरुषों पर महिलाओं की संख्या के रूप में की जाती है (जैसे भारत में) या प्रति हजार महिलाओं पर पुरुषों की संख्या के रूप में (जैसे कुछ यूरोपीय देशों में)।

आयु संरचना का क्या महत्व है?

आयु संरचना जनसंख्या की कार्यशील आबादी (आमतौर पर 15-59 वर्ष) और आश्रित आबादी (बच्चे और वृद्ध) को समझने में मदद करती है, जो सामाजिक-आर्थिक योजना के लिए महत्वपूर्ण है।

ग्रामीण और शहरी जनसंख्या संरचना में क्या अंतर है?

ग्रामीण जनसंख्या मुख्य रूप से प्राथमिक गतिविधियों में संलग्न होती है, जबकि शहरी जनसंख्या गैर-प्राथमिक गतिविधियों में संलग्न होती है। उनकी जीवन शैली, घनत्व और सामाजिक स्थितियाँ भी भिन्न होती हैं।

किन कारकों से आयु-लिंग संरचना में असंतुलन पैदा होता है?

लैंगिक भेदभाव, कन्या भ्रूण हत्या, घरेलू हिंसा, प्रवास पैटर्न, जन्म दर और मृत्यु दर जैसे कारक आयु-लिंग संरचना में असंतुलन पैदा कर सकते हैं।

यह समाधान छात्रों की परीक्षा की तैयारी में कैसे मदद करते हैं?

ये समाधान प्रत्येक प्रश्न के विस्तृत उत्तर प्रदान करते हैं, जिससे छात्रों को अवधारणाओं को गहराई से समझने और परीक्षा में पूछे जाने वाले विभिन्न प्रकार के प्रश्नों के उत्तर देने के लिए तैयार होने में मदद मिलती है।

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