NCERT Class 12 Sociology Bhartiya Samaj: Chapter 5 — सामाजिक विषमता एवं बहिर्कार के स्वरूप

NCERT CBSE Class 12 Sociology Bhartiya Samaj Chapter 5 Hindi PDF

यह अध्याय भारतीय समाज में सामाजिक विषमता और बहिष्कार के स्वरूपों पर केंद्रित है। पिछले अध्यायों में परिवार, जाति और बाज़ार जैसी सामाजिक संस्थाओं की भूमिका पर चर्चा करने के बाद, यह अध्याय इन संस्थाओं द्वारा समाज में असमानता और बहिष्कार को कैसे उत्पन्न और बनाए रखा जाता है, इसका विश्लेषण करता है। पाठ्यपुस्तक भारत में भिखारियों, बाल मजदूरों, घरेलू नौकरों और जातिगत भेदभाव के उदाहरणों के माध्यम से सामाजिक विषमता की रोजमर्रा की वास्तविकता को दर्शाती है। यह इस आम धारणा पर भी सवाल उठाती है कि गरीबी और वंचितता व्यक्तिगत योग्यता या परिश्रम की कमी का परिणाम है, और इसके बजाय सामाजिक संरचनाओं की भूमिका पर प्रकाश डालती है। अध्याय यह बताता है कि सबसे कठिन परिश्रम करने वाले लोग अक्सर सबसे गरीब होते हैं, और उनकी स्थिति में सुधार के अवसर सीमित होते हैं। यह छात्रों को सामाजिक न्याय और समानता के मुद्दों पर सोचने के लिए प्रोत्साहित करता है, जो सीबीएसई पाठ्यक्रम के लिए महत्वपूर्ण है।

Quick info

BoardCBSE / NCERT
ClassClass 12
SubjectSociology
BookBhartiya Samaj
ChapterChapter 5 — सामाजिक विषमता एवं बहिर्कार के स्वरूप
LanguageHindi
PDF typeNCERT Textbook
SessionCBSE 2026
Reading time1 minute
Word count53

Learning outcomes

Vocabulary

WordMeaning
सामाजिक विषमतासमाज में लोगों के बीच असमानता या अंतर।
बहिष्कारकिसी व्यक्ति या समूह को समाज से अलग करना या बाहर रखना।
संस्थाएँसमाज के स्थापित नियम और संरचनाएँ (जैसे परिवार, जाति)।
वंचितजिन्हें आवश्यक संसाधन या अवसर नहीं मिलते।
पूर्वाग्रहकिसी व्यक्ति या समूह के बारे में बिना सोचे-समझे राय बनाना।
योग्यताक्षमता या काबिलियत।
न्यायसंगतजो उचित या सही हो।

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Practice questions

  1. सामाजिक विषमता से आप क्या समझते हैं? Answer: सामाजिक विषमता का अर्थ है समाज में लोगों के बीच धन, शक्ति, प्रतिष्ठा आदि के आधार पर असमानता।
  2. पाठ्यपुस्तक में बहिष्कार के कौन से उदाहरण दिए गए हैं? Answer: पाठ्यपुस्तक में बाल मजदूरों, घरेलू नौकरों, भिखारियों और जातिगत भेदभाव के उदाहरण दिए गए हैं।
  3. क्या गरीब लोग इसलिए गरीब होते हैं क्योंकि उनमें योग्यता की कमी होती है? पाठ के अनुसार उत्तर दें। Answer: पाठ के अनुसार, यह धारणा गलत है। अक्सर सबसे गरीब लोग ही सबसे अधिक परिश्रम करते हैं, लेकिन उनकी स्थिति सुधर नहीं पाती।
  4. सामाजिक असमानता को स्वाभाविक मानने की प्रवृत्ति क्यों होती है? Answer: रोजमर्रा के जीवन में असमानता और बहिष्कार को बार-बार देखने से वे सामान्य और स्वाभाविक लगने लगते हैं।

Practice MCQs

Q1. यह अध्याय मुख्य रूप से किस पर केंद्रित है?

Q2. पाठ्यपुस्तक में छोटे बच्चों के किन कार्यों का उल्लेख किया गया है?

Q3. दक्षिण अमेरिकी कहावत 'यदि परिश्रम इतनी ही अच्छी चीज़ होती...' क्या दर्शाती है?

Q4. सामाजिक असमानता को 'न्यायसंगत' मानने का क्या अर्थ है?

Q5. पाठ के अनुसार, कमरतोड़ काम कौन करते हैं?

Frequently asked questions

NCERT कक्षा 12 समाजशास्त्र 'भारतीय समाज' पुस्तक का अध्याय 5 कौन सा है?

NCERT कक्षा 12 समाजशास्त्र 'भारतीय समाज' पुस्तक का अध्याय 5 'सामाजिक विषमता एवं बहिर्कार के स्वरूप' है।

यह अध्याय भारतीय समाज में किन मुख्य मुद्दों पर प्रकाश डालता है?

यह अध्याय भारतीय समाज में सामाजिक विषमता, बहिष्कार, गरीबी, बाल श्रम, जातिगत भेदभाव और पूर्वाग्रह जैसे मुद्दों पर प्रकाश डालता है।

क्या पाठ्यपुस्तक गरीबी को व्यक्तिगत अयोग्यता का परिणाम मानती है?

नहीं, पाठ्यपुस्तक इस धारणा को चुनौती देती है और बताती है कि अक्सर सबसे गरीब लोग ही सबसे अधिक परिश्रम करते हैं, और उनकी स्थिति सामाजिक संरचनाओं से प्रभावित होती है।

सामाजिक असमानता को स्वाभाविक मानने से क्या तात्पर्य है?

इसका तात्पर्य यह है कि लोग असमानता को जीवन का एक सामान्य और अपरिवर्तनीय हिस्सा मानने लगते हैं, जैसे कि यह प्राकृतिक हो।

इस अध्याय से छात्र क्या सीख सकते हैं?

छात्र सामाजिक विषमता के कारणों और परिणामों को समझ सकते हैं, और सामाजिक न्याय के महत्व पर विचार कर सकते हैं।

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Important topics

सामाजिक विषमता एवं बहिष्कार के स्वरूप असमानता को स्वाभाविक मानने की प्रवृत्ति गरीबी के कारण: व्यक्तिगत बनाम सामाजिक कठिन परिश्रम और सामाजिक स्थिति का संबंध सामाजिक न्याय की आवश्यकता

Topics covered

सामाजिक विषमता बहिष्कार सामाजिक संस्थाएँ (परिवार, जाति, बाज़ार) असमानता के कारण गरीबी और वंचितता बाल श्रम जातिगत भेदभाव महिलाओं के खिलाफ हिंसा पूर्वाग्रह परिश्रम और सफलता सामाजिक न्याय

NCERT Class 12 Sociology — Bhartiya Samaj — Chapter 5 — सामाजिक विषमता एवं बहिर्कार के स्वरूप. Verified by NCERT Help Editorial Team. Reviewed on 10 Aug 2026. Last updated 10 Aug 2026.