NCERT Class 11 Accountancy Lekhashastra-II: Chapter 1 — वित्तीय विवरण – 1 8

NCERT CBSE Class 11 Accountancy Lekhashastra-II Chapter 1 Hindi PDF

This chapter, 'Financial Statements – 1' from NCERT's Lekhashastra-II for Class 11, delves into the preparation of financial statements. It explains the sequential process of financial accounting, starting from journalizing, posting, and trial balance. The chapter clarifies the nature of financial statements, identifies various stakeholders (like owners, managers, government, investors, and banks) and their specific information needs. It differentiates between capital and revenue expenditures and receipts. Key concepts covered include the trading and profit & loss account, understanding gross profit, net profit, and operating profit, and the preparation of a balance sheet. Students will learn to properly classify assets and liabilities and prepare financial statements for sole proprietorship businesses. The chapter emphasizes the importance of accounting information for decision-making by different stakeholders.

Quick info

BoardCBSE / NCERT
ClassClass 11
SubjectAccountancy
BookLekhashastra-II
ChapterChapter 1 — वित्तीय विवरण – 1 8
LanguageHindi
PDF typeNCERT Textbook
SessionCBSE 2026
Reading time4 minutes
Word count682

Learning outcomes

Vocabulary

WordMeaning
रोजनामचाJournalizing
खतौनीLedger Posting
तलपटTrial Balance
पणधरीStakeholder
पूँजी मदCapital items
आगम मदRevenue items
व्यापार खाताTrading Account
हानि और लाभ खाताProfit and Loss Account
सकल लाभGross Profit
निवल लाभNet Profit
प्रचालन लाभOperating Profit
तुलन-पत्राBalance Sheet

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Practice questions

  1. वित्तीय विवरणों के मुख्य उद्देश्य क्या हैं? Answer: वित्तीय विवरणों का मुख्य उद्देश्य पणधारियों को आवश्यक सूचनाएं प्रदान करना है ताकि वे सही निर्णय ले सकें।
  2. आंतरिक और बाह्य पणधारियों के दो-दो उदाहरण दीजिए। Answer: आंतरिक पणधारी: स्वामी, प्रबंधक। बाह्य पणधारी: सरकार, बैंक।
  3. पूँजीगत व्यय और आगम व्यय में क्या अंतर है? Answer: पूँजीगत व्यय वे होते हैं जिनसे दीर्घकालिक लाभ प्राप्त होता है, जबकि आगम व्यय वे होते हैं जो व्यवसाय के सामान्य संचालन से संबंधित होते हैं और अल्पकालिक लाभ देते हैं।
  4. व्यापार खाते का मुख्य उद्देश्य क्या है? Answer: व्यापार खाते का मुख्य उद्देश्य सकल लाभ या सकल हानि की गणना करना है।
  5. तुलन-पत्रा क्या दर्शाता है? Answer: तुलन-पत्रा एक निश्चित तिथि पर व्यवसाय की वित्तीय स्थिति को दर्शाता है, जिसमें परिसंपत्तियों और दायित्वों का विवरण होता है।

Practice MCQs

Q1. निम्नलिखित में से कौन एक आंतरिक पणधारी है?

Q2. व्यवसाय के गत लाभों की जानकारी किस वित्तीय विवरण से प्राप्त होती है?

Q3. निम्नलिखित में से कौन एक परिसंपत्ति है?

Q4. सकल लाभ की गणना किस खाते से की जाती है?

Q5. सरकार को व्यवसाय में मुख्य रूप से किस कारण रुचि होती है?

Q6. द्वि-प्रविष्टि प्रणाली में प्रत्येक सौदे के कितने पहलू होते हैं?

Frequently asked questions

वित्तीय विवरण क्या हैं?

वित्तीय विवरण वे रिपोर्टें हैं जो एक निश्चित अवधि के दौरान किसी व्यवसाय के वित्तीय प्रदर्शन और स्थिति को दर्शाती हैं, जैसे व्यापार खाता, लाभ और हानि खाता, और तुलन-पत्रा।

पणधारी कौन होते हैं?

पणधारी वे व्यक्ति या समूह होते हैं जिनका व्यवसाय के साथ कोई हित जुड़ा होता है, जैसे स्वामी, प्रबंधक, सरकार, बैंक और निवेशक।

पूँजीगत व्यय और आगम व्यय में क्या अंतर है?

पूँजीगत व्यय व्यवसाय की स्थायी संपत्तियों को प्राप्त करने या सुधारने पर किया जाता है और इसका लाभ कई वर्षों तक मिलता है। आगम व्यय व्यवसाय के दैनिक संचालन के लिए किया जाता है और इसका लाभ उसी वर्ष में मिलता है।

व्यापार खाता क्या दिखाता है?

व्यापार खाता माल की खरीद और बिक्री से संबंधित आय और व्यय को दिखाता है, जिससे सकल लाभ या सकल हानि का पता चलता है।

तुलन-पत्रा का क्या महत्व है?

तुलन-पत्रा एक निश्चित तिथि पर व्यवसाय की परिसंपत्तियों, दायित्वों और इक्विटी को दर्शाता है, जिससे उसकी वित्तीय स्थिति का पता चलता है।

आंतरिक और बाह्य पणधारियों में क्या अंतर है?

आंतरिक पणधारी व्यवसाय के अंदर काम करते हैं (जैसे स्वामी, प्रबंधक), जबकि बाह्य पणधारी व्यवसाय के बाहर होते हैं (जैसे सरकार, बैंक, निवेशक)।

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Important topics

पणधारी और उनकी सूचना आवश्यकताएं पूँजीगत व्यय और आगम व्यय व्यापार खाता और लाभ-हानि खाता सकल लाभ, निवल लाभ और प्रचालन लाभ तुलन-पत्रा परिसंपत्तियों और दायित्वों का वर्गीकरण

Topics covered

वित्तीय लेखांकन की प्रक्रिया वित्तीय विवरणों की प्रकृति पणधारी और उनकी सूचना आवश्यकताएं आंतरिक और बाह्य पणधारी पूँजीगत व्यय और आगम व्यय पूँजीगत प्राप्ति और आगम प्राप्ति व्यापार खाता सकल लाभ और सकल हानि लाभ और हानि खाता निवल लाभ और प्रचालन लाभ तुलन-पत्रा परिसंपत्तियों और दायित्वों का वर्गीकरण एकल स्वामित्व व्यवसाय के वित्तीय विवरण लेखांकन प्रक्रिया (तलपट तक) द्वि-प्रविष्टि प्रणाली

NCERT Class 11 Accountancy — Lekhashastra-II — Chapter 1 — वित्तीय विवरण – 1 8. Verified by NCERT Help Editorial Team. Reviewed on 29 Jul 2026. Last updated 10 Aug 2026.