कक्षा 6 पृथ्वी: हमारा आवास - अध्याय 2: ग्लोब अक्षांश एवं देशांतर NCERT समाधान
यह खंड कक्षा 6 के छात्रों के लिए 'पृथ्वी: हमारा आवास' पुस्तक के अध्याय 2, 'ग्लोब अक्षांश एवं देशांतर' पर केंद्रित NCERT समाधान प्रस्तुत करता है। इसमें पृथ्वी के वास्तविक आकार, ग्लोब की परिभाषा, कर्क रेखा का महत्व, ताप कटिबंधों (उष्ण, शीतोष्ण, शीत) की समझ, और अक्षांश व देशांतर रेखाओं के बीच अंतर जैसे प्रमुख विषयों को शामिल किया गया है। समाधान यह भी बताते हैं कि उष्ण कटिबंध सबसे अधिक ऊष्मा क्यों प्राप्त करता है और भारत तथा लंदन के समय में अंतर का कारण देशांतर रेखाएँ कैसे हैं। अभ्यास प्रश्नों के माध्यम से छात्रों को प्रमुख याम्योत्तर, शीत कटिबंध, देशांतरों की कुल संख्या, उत्तरी ध्रुव वृत्त की स्थिति और ग्रिड की संरचना जैसी अवधारणाओं को स्पष्ट करने में मदद मिलती है। ये समाधान छात्रों को परीक्षा की तैयारी के लिए एक स्पष्ट और संक्षिप्त मार्गदर्शिका प्रदान करते हैं।
Quick info
| Board | CBSE |
|---|---|
| Class | Class 6 |
| Subject | पृथ्वी: हमारा आवास |
| Session | 2026 |
| Language | Hindi |
| Type | NCERT Solutions |
| Chapter | 2. ग्लोब अक्षांश एवं देशांतर |
Chapter summary
कक्षा 6 के लिए 'पृथ्वी: हमारा आवास' पुस्तक का अध्याय 2, 'ग्लोब अक्षांश एवं देशांतर', पृथ्वी के मॉडल के रूप में ग्लोब की अवधारणा, अक्षांश और देशांतर रेखाओं के महत्व, और ताप कटिबंधों की व्याख्या करता है। यह अध्याय छात्रों को पृथ्वी के आकार, विभिन्न अक्षांशीय रेखाओं (जैसे कर्क रेखा), और समय निर्धारण में देशांतर की भूमिका को समझने में मदद करता है। समाधान अभ्यास प्रश्नों के माध्यम से इन अवधारणाओं को स्पष्ट करते हैं, जिससे छात्रों को परीक्षा के लिए आवश्यक ज्ञान प्राप्त होता है।
Learning outcomes
- पृथ्वी के वास्तविक आकार को समझना।
- ग्लोब को पृथ्वी के एक मॉडल के रूप में परिभाषित करना।
- कर्क रेखा के अक्षांशीय मान को पहचानना।
- पृथ्वी के तीन ताप कटिबंधों के नाम बताना।
- अक्षांश और देशांतर रेखाओं के बीच अंतर स्पष्ट करना।
- समय के निर्धारण में देशांतर रेखाओं की भूमिका को समझना।
Topics covered
Paper topics
- पृथ्वी का आकार
- ग्लोब: पृथ्वी का प्रतिरूप
- अक्षांश रेखाएँ
- देशांतर रेखाएँ
- प्रमुख याम्योत्तर
- कर्क रेखा
- मकर रेखा
- विषुवत वृत्त
- ताप कटिबंध
- उष्ण कटिबंध
- शीतोष्ण कटिबंध
- शीत कटिबंध
- समय का निर्धारण
Important topics
- अक्षांश और देशांतर रेखाओं की परिभाषा और अंतर
- ताप कटिबंधों का स्थान और विशेषताएँ
- ग्लोब पर प्रमुख अक्षांश रेखाओं का महत्व
- देशांतर के आधार पर समय का निर्धारण
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Questions and Solutions
प्रश्न 1 (i)
प्रश्न 1 (ii)
प्रश्न 1 (iii)
प्रश्न 1 (iv)
- उष्ण कटिबंध: यह कर्क रेखा और मकर रेखा के बीच का क्षेत्र है, जहाँ सूर्य की किरणें वर्ष भर लगभग सीधी पड़ती हैं।
- शीतोष्ण कटिबंध: यह उष्ण कटिबंध और शीत कटिबंध के बीच का क्षेत्र है, जहाँ सूर्य की किरणें तिरछी पड़ती हैं।
- शीत कटिबंध: यह ध्रुवों के निकट का क्षेत्र है, जहाँ सूर्य की किरणें बहुत तिरछी पड़ती हैं और यहाँ अत्यधिक ठंड होती है।
प्रश्न 1 (v)
- अक्षांश रेखाएँ: ये वे काल्पनिक क्षैतिज (पूर्व से पश्चिम) रेखाएँ हैं जो विषुवत वृत्त के समानांतर खींची जाती हैं और ध्रुवों की ओर छोटी होती जाती हैं। ये पृथ्वी पर किसी स्थान की उत्तर या दक्षिण की कोणीय दूरी को दर्शाती हैं।
- देशांतर रेखाएँ: ये वे काल्पनिक ऊर्ध्वाधर (उत्तर से दक्षिण) रेखाएँ हैं जो उत्तरी ध्रुव को दक्षिणी ध्रुव से जोड़ती हैं और विषुवत वृत्त को समकोण पर काटती हैं। ये पृथ्वी पर किसी स्थान की पूर्व या पश्चिम की कोणीय दूरी को दर्शाती हैं।
प्रश्न 1 (vi)
प्रश्न 1 (vii)
प्रश्न 2 (i)
(क) 90°
(ख) 0°
(ग) 60°
प्रश्न 2 (ii)
- (क) ध्रुवों
- (ख) विषुवत् वृत्त
- (ग) कर्क रेखा
प्रश्न 2 (iii)
(क) 360
(ख) 180
(ग) 90
प्रश्न 2 (iv)
- (क) उत्तरी गोलार्ध में
- (ख) दक्षिणी गोलार्ध में
- (ग) पूर्वी गोलार्ध में
प्रश्न 2 (v)
- (क) अक्षांशों (समानांतर) रेखाओं एवं देशांतरीय याम्योत्तरों का
- (ख) कर्क रेखा एवं मकर रेखा का
- (ग) उत्तरी ध्रुव एवं दक्षिणी ध्रुव का
प्रश्न 3
Common mistakes
- पृथ्वी के आकार को पूर्णतः गोलाकार समझना।
- अक्षांश और देशांतर रेखाओं के बीच भ्रमित होना।
- ताप कटिबंधों के स्थान या विशेषताओं को गलत बताना।
- समय के अंतर के लिए देशांतर के प्रभाव को कम आंकना।
Revision tips
- ग्लोब पर प्रमुख अक्षांश रेखाओं (विषुवत वृत्त, कर्क रेखा, मकर रेखा) को चिह्नित करने का अभ्यास करें।
- ताप कटिबंधों के स्थान और उनमें सूर्य की किरणों के पड़ने के कोण को समझें।
- अक्षांश और देशांतर रेखाओं के बीच मुख्य अंतरों की एक तालिका बनाएं।
- समय के अंतर की गणना के लिए देशांतर के 15° प्रति घंटे के नियम को याद रखें।
Practice MCQs
Q1. पृथ्वी का वास्तविक आकार कैसा है?
Explanation: पृथ्वी पूर्ण रूप से गोलाकार नहीं है, बल्कि यह उत्तरी और दक्षिणी ध्रुवों पर थोड़ी चपटी और मध्य में थोड़ी उभरी हुई है, जो सेब के आकार के समान है।
Q2. प्रमुख याम्योत्तर (Prime Meridian) का मान क्या है?
Explanation: प्रमुख याम्योत्तर, जिसे ग्रीनविच रेखा भी कहते हैं, का मान 0° देशांतर होता है और यह समय निर्धारण का आधार है।
Q3. शीत कटिबंध किन अक्षांशों के बीच पाया जाता है?
Explanation: शीत कटिबंध उत्तरी ध्रुव वृत्त (66.5° उत्तर) और उत्तरी ध्रुव (90° उत्तर) के बीच तथा दक्षिणी ध्रुव वृत्त (66.5° दक्षिण) और दक्षिणी ध्रुव (90° दक्षिण) के बीच पाया जाता है।
Q4. देशांतरों की कुल संख्या कितनी होती है?
Explanation: पृथ्वी पर कुल 360 देशांतर रेखाएँ होती हैं, जिनमें 0° प्रमुख याम्योत्तर और 180° देशांतर महत्वपूर्ण हैं।
Q5. ग्रिड (Grid) क्या दर्शाता है?
Explanation: ग्रिड अक्षांश (समानांतर) रेखाओं और देशांतरीय याम्योत्तरों का एक जाल होता है, जो पृथ्वी पर किसी स्थान की स्थिति का निर्धारण करने में मदद करता है।
Frequently asked questions
कक्षा 6 के लिए 'पृथ्वी: हमारा आवास' पुस्तक के अध्याय 2 में मुख्य रूप से क्या सिखाया गया है?
इस अध्याय में ग्लोब को पृथ्वी के एक वास्तविक प्रतिरूप के रूप में समझाया गया है। इसमें अक्षांश और देशांतर रेखाओं की अवधारणा, उनके प्रकार, प्रमुख अक्षांश रेखाएँ जैसे कर्क रेखा, और पृथ्वी के ताप कटिबंधों (उष्ण, शीतोष्ण, शीत) के बारे में बताया गया है।
पृथ्वी का सही आकार क्या है और यह ग्लोब से कैसे संबंधित है?
पृथ्वी पूर्ण रूप से गोलाकार नहीं है; यह ध्रुवों पर थोड़ी चपटी और मध्य में थोड़ी उभरी हुई है, जो सेब के आकार जैसी है। ग्लोब इसी वास्तविक आकार का एक लघु रूप है।
अक्षांश और देशांतर रेखाओं में क्या अंतर है?
अक्षांश रेखाएँ पूर्व से पश्चिम की ओर विषुवत वृत्त के समानांतर खींची जाती हैं और इनकी लंबाई अलग-अलग होती है। देशांतर रेखाएँ उत्तर ध्रुव को दक्षिण ध्रुव से जोड़ती हैं, विषुवत वृत्त को काटती हैं और इनकी लंबाई बराबर होती है।
ताप कटिबंध क्या हैं और वे क्यों महत्वपूर्ण हैं?
ताप कटिबंध पृथ्वी के वे क्षेत्र हैं जहाँ सूर्य की किरणों के पड़ने के कोण के आधार पर तापमान भिन्न होता है। ये तीन प्रकार के होते हैं: उष्ण, शीतोष्ण और शीत कटिबंध। ये कटिबंध पृथ्वी पर जलवायु को समझने में मदद करते हैं।
भारत और लंदन के समय में अंतर क्यों होता है?
यह अंतर देशांतर रेखाओं के कारण होता है। पृथ्वी 360° देशांतर को 24 घंटे में घूमती है, जिसका अर्थ है कि प्रत्येक 1° देशांतर पर 4 मिनट का अंतर होता है। भारत ग्रीनविच (लंदन) के पूर्व में स्थित है, इसलिए समय आगे है।
इन NCERT समाधानों का उपयोग परीक्षा की तैयारी के लिए कैसे किया जा सकता है?
ये समाधान प्रत्येक प्रश्न के उत्तर को स्पष्ट और विस्तृत तरीके से समझाते हैं, जिससे अवधारणाओं को समझना आसान हो जाता है। अभ्यास प्रश्नों के हल छात्रों को अपनी समझ का परीक्षण करने और महत्वपूर्ण बिंदुओं को याद रखने में मदद करते हैं।
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