UP Board Class 10 Sanskrit Model Paper 2026-27
Prepare effectively for your UP Board Class 10 Sanskrit examination with the official model paper for the 2026-27 session. This resource mirrors the actual exam format, offering students a clear understanding of the paper's structure and the types of questions they will encounter. The Sanskrit model paper is divided into two key sections. Section A comprises 20 multiple-choice questions (MCQs), requiring answers on an OMR sheet, designed to test foundational knowledge. Section B focuses on descriptive questions, carrying a weight of 50 marks, to assess deeper comprehension and analytical skills. With a total of 70 marks and a time limit of 3 hours and 15 minutes, this paper provides ample opportunity to practice grammar, literature, and comprehension sections. Mastering this model paper will significantly boost your confidence and readiness for the board exams.
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Quick info
| Board | UP Board |
|---|---|
| Class | 10 |
| Subject | Sanskrit |
| Session | 2026-27 |
| Language | Hindi |
| PDF type | Model Paper |
| Duration | 3 Hours 15 Minutes |
| Total marks | 70 |
| Last updated | 2026-08-10 |
The paper is divided into two sections: Section A has 20 objective MCQs on OMR sheet, and Section B has descriptive questions.
Model Paper ? full document text
विषय कोड- 923
सकेतांक— 818
विषय— संस्कृत कक्षा– दशम
समय- 3 घण्टे 15 मिनट
पूर्णाक— 70
नोटः प्रारम्भ के 15 मिनट परीक्षार्थियों को प्रश्नपत्र पढ़ने के लिए निर्धारित हैं। निर्देशः
- सभी प्रश्न अनिवार्य हैं।
- यह प्रश्नपत्र दो खण्डों, खण्ड—अ तथा खण्ड—ब में विभक्त है।
- खण्ड—अ में 1 अंक के 20 बहुविकल्पीय प्रश्न हैं जिनके उत्तर ओ0 एम0 आर0 उत्तर पत्रक पर नीले अथवा काले बाल प्वाइंट पेन से सही विकल्प वाले गोले को पूर्ण रूप से भरकर चिहिन्त करें।
- खण्ड—अ के प्रत्येक प्रश्न का निर्देश पढ़कर केवल प्रदत्त ओ० एम० आर० उत्तर पत्रक पर ही उत्तर दें। ओ० एम० आर० उत्तर पत्रक पर उत्तर देने के पश्चात् उसे नहीं काटें तथा इरेजर अथवा व्हाइटनर का प्रयोग न करें।
- प्रत्येक प्रश्न के अंक उसके सम्मुख अंकित हैं।
- खण्ड—ब में 50 अंक के वर्णनात्मक प्रश्न हैं।
- खण्ड—ब में सभी प्रश्नों के उत्तर एक साथ ही दें। प्रत्येक उपभाग नये पृष्ठ से प्रारम्भ किये जायें।
- प्रथम प्रश्न से आरम्भ कीजिए तथा अन्तिम प्रश्न तक करते जाइए। जो प्रश्न न आता हो उस पर समय नष्ट न कीजिए।
खण्ड– अ वस्तुनिष्ठ प्रश्न
उपखण्ड–क
प्रश्न सं0 1 एवं 2 गद्यांश पर आधारित प्रश्न हैं। गद्यांश को ध्यान से पढ़े और उत्तर का चयन करें।
शंकरः केरल प्रदेशे मालवार प्रान्ते पूर्णाख्यायाः नद्यास्तेर स्थिते शलक ग्रामे अष्टाशीत्यधिके सप्तशततमे ईस्वीयान्दे नम्बूदरकुले जन्म लेये। तस्य पितुनोम शिवगुरुरासीत् मातुश्च आर्याम्बा। शैशवादेव शडकरः अलौकिक प्रतिभा सम्पन्नः आसीत्। अष्टवर्ष देशीयः सन्नपि परम मेधावी असौ वेद वेदाङ्गेघु प्रवीण्यमवाप। 1
- गद्यांश शीर्षक—
- विश्वकविः रवीन्द्रः (B) आदिशकडकराचार्यः
- मदन मोहन मालवीय (D) गुरुनानकदेवः
1
- शङकरः करिमन प्रदेशे जन्म लेभे?
- मध्य प्रेदेश (B) केरल प्रदेशेः
- उत्तर प्रदेशे (D) एतेषु न कोऽपि
1
- शंकस्य पितुः नाम किम्?
- शिव गुरुः (B) विश्व गुरु (C) देव गुरुः (D) आदि गुरु
- रवीन्द्र नाथस्य जन्म करिमन नगरे अभवत्?
- चेन्नई नगरे (B) कालिकातानगरे
- मुम्बई नगरे (D) बेंग्लूर नगरे
- श्री रघुवीर सिंहः कस्य सेवकः अस्ति?
- शिववीरस्य (B) बलवीररस्य
1
- रणवीरस्य (D) रामवीरस्य
- द्रोणाचार्यः कस्मिन गोत्रे उत्पन्नाः बभूव? 1
- कश्यप गोत्रे (B) अंड़िगरस गोत्रे
- वत्स गोत्रे (D) वशिष्ठ गोत्रे
- भूतानि केश्यः सम्भवं यान्ति? 1
- वृक्षेम्यः (B) महाभूतेश्यः
- स्थावरेभ्यः
- वाणी कं समलड़गरोति? 1
- गमनम्
- पशुम (B) सर्वम्
- पुरूषम् (D) न पशुं न सर्पम्
- आत्म वशं सर्वं किम्? 1
- सुखम्
- दुःखम्
- विपढ़ (D) कष्टम्
- श्रद्धावान् किं लभते? 1
- ध्यानम् (B) ज्ञानम्
- पूजनम् (D) गमनम्
उपखण्ड–ख
- इक प्रत्याहार के वर्ण बताइये- 1
- अ इ उ ऋ
- इ उ ऋ ल्
- इ उ ऋ ल ए (D) इ ड ऋ
- प् का उच्चारण स्थान बताइये– 1
- ओष्ट (B) कण्ट
- मूर्धा
- 'दिगम्बर' का सन्धि विच्छेद- 1
- दन्त
- दिक् + अम्बरः
- दिम + अम्बरः
- दिक + अम्बरः
- दिगम् + अम्बरः
- ‘‘रामो गच्छति’’ का सन्धि विच्छेद—
1
- रामस+ गच्छति
- रामौ + गच्छति
- रामे + गच्छदि
- राम गच्छ
- 'पित्' गच्द का तृतीया विभाक्ति बहुवचन का रूप है- 1
- पितृभ्यः (B) पित्भिः
- पितृषु (D) पितरः
- "नदी" शदद तृतीया द्विवचन का रूप है- 1
- नदीश्याम् (B) नदीभिः
- नपा (D) नद्याम्
- 'पठेत्' किस लकार का रूप है- 1
- लट् (B) विधिलिङ्ग (C) लट् (D) लड्.
- ‘‘इतिहरि’’ में समास है– 1
- बहुबीहि (B) अव्ययीभाव
- द्विगु (D) कर्मधारय
- ‘‘पिवन्’’ में प्रत्यय है— 1
- शानच् (B) शत्
- क्तिन (D) तुमुन्
- ‘‘पास्यसि’’ धातु रूप किस लकार का है– 1
- लृट् लकार (B) लट् लकार
- लोट लकार (D) लड्. लकार
खण्ड– ब वर्णनात्मक प्रश्न
उपखण्ड–क
निम्न गद्याशों में से किसी एक गद्यांश का अनुवार हिन्दी में कीजिए- 4 रघुवंशे कालिदसः रघुवंशिनां चित्रणं तथा करोति यथा भारतीय जनजीवनस्योदात्ता–दर्शानां सम्यग् दिग्दर्शनं भवेत्। रघुकुलजाः राजानः प्रजाक्षेमाम् बलिमाहरन्। मितसंयात भाषिणस्ते सदा सत्यनिष्ठाः आसन्। यशस्कामास्ते तदर्थं प्राणानपि त्यक्तुं सदैवोद्याता अभवन्। केवलं सन्तत्यर्थे ते गृहमेधिनो बभूवुः।
अथवा
अन्यासु भाषासु वाक्ययोजने प्रथमं कर्तुः प्रयोगः पुनः अन्येषां कारकाणां विन्यासः पश्चात् क्रियायाः उक्तिः। कस्याञ्चित भाषायां क्रियायाः विशेषणानां कारकाणाञ्च पश्चात् प्रयोगः, किन्तु संस्कृत व्याकरणे नास्ति एतादृ शाः केऽपि नियमाः। यथा–आसीत् पुरा दशरथो नाम राजा अयोध्यायाम्। अस्यैव वाक्यस्य विन्यासः एवमपि भवति—पुरा अयोध्यामां दशरथो नाम राजा आसीत्, अयोध्याया दशरथो नाम राजा पुरा आसीत इति वा। कस्यापि पदस्य कुत्रापि स्थानं भवेत् न कापि क्षतिः। 4
- निम्नलिखित पाठों में से किसी एक पाठ का सारांश हिन्दी में लिखिये –
- (क) नैतिक मूल्यानिः (ख) विश्व कविः रवीन्द्रः (ग) आदिशंकराचार्याः
- निम्नलिखित श्लोकों में से किसी एक श्लोक की हिन्दी में व्याख्या कीजिये।
4
- (क) सर्व परवशं दुःखं सर्वमात्मवशं सुखम्। एतद्विद्यात् समासेन, लक्षणं सुखदुःखयोः ।। अथवा
- (ख) अभिवादन शीलस्य नित्यं वृद्धोपसेविनः। चत्वारि तरस वर्धन्ते, आयुर्विद्या यशो वलम्
4 निम्न सूक्तियों में से किसी एक सूक्ति की हिन्दी में व्याख्या कीजिये – 3
- (क) कर्मव्येवाधिकारस्ते मा फलेषु कदाचन।
- (ख) मूढैः पाषाण – खण्डेषु रत्न संज्ञा विधीयते।
- (ग) सत्यं ब्रूयात्प्रियं ब्रूयान्न ब्रूयात्सत्यमप्रियम्।
- निम्नलिखित में से किसी एक श्लोक का अर्थ संस्कृत में लिखिये—
4
- (क) पृथिव्यां त्रीवि रत्नानि जलमन्नं सुभाषितम्। मृंढैः पाषाण– खण्डेषु रत्न संज्ञा विधीयते।।
- (ख) सर्वलक्षणहीनोडपि यः सदाचारवान्नरः। श्रद्दधानोऽम सूमश्च शतं वर्षाणि जीवति।।
- किसी एक पात्र का चरित्र चित्रण हिन्दी में लिखिये-
4
- (क) (1) महात्मनः संस्मरणानि ‘‘पाठ के आधार पर ’’महात्मा गाँधी’’ का
- यौतुकः पापसञ्चयः पाठ के आधार पर ‘‘रमानाथ’’ का
- ‘‘वयं भारतीयः’’ पाठ के आधार पर “दीपक” का
- (ख) निम्नलिखित में से किसी एक प्रश्न का उत्तर संस्कृत लिखिये।
2
- महात्मनः कुत्र जन्म लेमि?
- सुमेधा कस्य तनया आसीत्?
- जीमूतवाहनः कस्य पुत्रः आसीत?
Frequently asked questions
What is the total marks for the UP Board Class 10 Sanskrit Model Paper 2026-27?
The total marks for the UP Board Class 10 Sanskrit Model Paper for the 2026-27 session is 70.
What is the duration of the UP Board Class 10 Sanskrit exam?
The duration for the UP Board Class 10 Sanskrit exam is 3 hours and 15 minutes.
How is the UP Board Class 10 Sanskrit paper divided?
The paper is divided into two sections: Section A (Objective MCQs) and Section B (Descriptive Questions).
How many objective questions are there in Section A?
Section A contains 20 multiple-choice questions (MCQs) of 1 mark each.
Where should the answers for Section A be marked?
The answers for Section A (MCQs) should be marked on the OMR answer sheet using a blue or black ballpoint pen.
What types of descriptive questions are included in Section B?
Section B includes questions on passage translation, chapter summaries, verse explanation, proverb explanation, writing verse meaning in Sanskrit, character sketches, and answering questions in Sanskrit.
Which chapters are mentioned for summary writing in the model paper?
The model paper mentions writing summaries for 'नैतिक मूल्यानिः', 'विश्व कविः रवीन्द्रः', and 'आदिशंकराचार्याः'.
Important topics
Topics covered
UP Board (UPMSP) Class 10 Model Paper ? Sanskrit. Last updated 10 Aug 2026.