NCERT Class 5 Hindi Veena: Chapter 3 — चाँद का कुरता
यह कविता, 'चाँद का कुरता', रामधारी सिंह 'दिनकर' द्वारा रचित है। इसमें एक बच्चा, चाँद, अपनी माँ से ऊन का मोटा झिंगोला सिलवाने का हठ करता है क्योंकि रात भर चलने वाली ठंडी हवाओं से उसे बहुत ठिठुरन होती है। वह बताता है कि आसमान का सफर और सर्दी का मौसम उसे परेशान करता है। माँ उसकी बात सुनकर चिंतित हो जाती है और कहती है कि वह उसे कभी एक नाप में नहीं देखती। चाँद कभी एक अंगुल भर चौड़ा तो कभी एक फुट मोटा हो जाता है, और कभी घटता-बढ़ता रहता है, जिससे उसका नाप लेना मुश्किल हो जाता है। माँ पूछती है कि किस दिन उसका नाप लिया जाए ताकि झिंगोला हर रोज बदन में आ सके। यह कविता चाँद के बदलते आकार और बच्चों की मासूम इच्छाओं को दर्शाती है।
Quick info
| Board | CBSE / NCERT |
|---|---|
| Class | Class 5 |
| Subject | Hindi |
| Book | Veena |
| Chapter | Chapter 3 — चाँद का कुरता |
| Language | Hindi |
| PDF type | NCERT Textbook |
| Session | CBSE 2026 |
| Reading time | 1 minute |
| Word count | 162 |
Learning outcomes
- छात्र कविता के मुख्य पात्र (चाँद) और उसकी इच्छा को समझ सकेंगे।
- कविता में वर्णित चाँद के बदलते आकार के बारे में जान सकेंगे।
- माँ और बच्चे के बीच के संवाद के भाव को समझ सकेंगे।
- कविता की भाषा और शैली से परिचित होंगे।
Vocabulary
| Word | Meaning |
|---|---|
| हठ | ज़िद |
| झिंगोला | एक प्रकार का ढीला वस्त्र, कोट |
| जाड़े | सर्दी, ठंड |
| ठिठुर-ठिठुरकर | सर्दी से काँपते हुए |
| कुशल | कल्याण, भलाई |
| जादू-टोने | बुरी शक्तियों का प्रभाव |
| घटता-बढ़ता | कम या ज़्यादा होना |
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Practice questions
- चाँद ने माँ से क्या सिलवाने के लिए कहा? Answer: चाँद ने माँ से ऊन का मोटा झिंगोला सिलवाने के लिए कहा।
- चाँद को रात में किस चीज़ से परेशानी होती थी? Answer: चाँद को रात में जाड़े (सर्दी) की हवा से परेशानी होती थी।
- माँ चाँद के नाप को लेकर क्यों चिंतित थी? Answer: माँ चाँद के नाप को लेकर चिंतित थी क्योंकि चाँद का आकार कभी एक जैसा नहीं रहता, वह घटता-बढ़ता रहता है।
- यह कविता किस कवि ने लिखी है? Answer: यह कविता रामधारी सिंह 'दिनकर' ने लिखी है।
Frequently asked questions
NCERT कक्षा 5 हिंदी 'वीणा' पुस्तक का तीसरा अध्याय कौन सा है?
NCERT कक्षा 5 हिंदी 'वीणा' पुस्तक का तीसरा अध्याय 'चाँद का कुरता' है।
'चाँद का कुरता' कविता के कवि कौन हैं?
'चाँद का कुरता' कविता के कवि रामधारी सिंह 'दिनकर' हैं।
कविता में चाँद अपनी माँ से क्या सिलवाने की ज़िद करता है?
कविता में चाँद अपनी माँ से ऊन का मोटा झिंगोला सिलवाने की ज़िद करता है।
माँ को चाँद का नाप लेने में क्या कठिनाई होती है?
माँ को चाँद का नाप लेने में यह कठिनाई होती है कि चाँद का आकार रोज़ बदलता रहता है, कभी छोटा तो कभी बड़ा हो जाता है।
यह कविता किस बारे में है?
यह कविता चाँद की एक इच्छा के बारे में है कि वह सर्दी से बचने के लिए एक गर्म झिंगोला चाहता है, और माँ की चिंता के बारे में है कि चाँद का आकार स्थिर न होने के कारण उसका नाप लेना मुश्किल है।
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NCERT Class 5 Hindi — Veena — Chapter 3 — चाँद का कुरता. Verified by NCERT Help Editorial Team. Reviewed on 29 Jul 2026. Last updated 10 Aug 2026.