NCERT Class 12 Business Studies Vyavasai Adhyan-II: Chapter 3 — उपभोक् ता संरक्षण
यह अध्याय, 'उपभोक्ता संरक्षण', NCERT की कक्षा 12, व्यवसाय अध्ययन (व्यवसाय अध्ययन-II) पुस्तक का तीसरा अध्याय है। यह अध्याय उपभोक्ताओं के हितों की रक्षा के महत्व पर प्रकाश डालता है, विशेष रूप से मुक्त बाजार अर्थव्यवस्था में जहां उपभोक्ताओं को व्यवसायों के अनैतिक और शोषणकारी व्यापार प्रथाओं से बचाया जाना चाहिए। इसमें मिलावट, भ्रामक विज्ञापन, जमाखोरी और कालाबाजारी जैसी अनुचित प्रथाओं के कारण उपभोक्ताओं को होने वाले जोखिमों और स्वास्थ्य समस्याओं पर चर्चा की गई है। अध्याय उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 2019 की कानूनी रूपरेखा, उपभोक्ता अधिकारों और जिम्मेदारियों का वर्णन करता है, और उपभोक्ता संगठनों तथा गैर-सरकारी संगठनों की भूमिका पर भी प्रकाश डालता है। यह छात्रों को जागरूक और विवेकपूर्ण उपभोक्ता बनने के लिए आवश्यक ज्ञान प्रदान करता है, जो CBSE पाठ्यक्रम के लिए महत्वपूर्ण है।
Quick info
| Board | CBSE / NCERT |
|---|---|
| Class | Class 12 |
| Subject | Business Studies |
| Book | Vyavasai Adhyan-II |
| Chapter | Chapter 3 — उपभोक् ता संरक्षण |
| Language | Hindi |
| PDF type | NCERT Textbook |
| Session | CBSE 2026 |
| Reading time | 4 minutes |
| Word count | 728 |
Learning outcomes
- उपभोक्ता संरक्षण के महत्व को बता सकेंगे।
- भारत में उपभोक्ता संरक्षण की कानूनी रूपरेखा का वर्णन कर सकेंगे।
- भारत में उपभोक्ता अधिकारों का वर्णन कर सकेंगे।
- उपभोक्ता दायित्वों को सूचीबद्ध कर सकेंगे।
- उपभोक्ता संरक्षण के तरीकों और साधनों की व्याख्या कर सकेंगे।
- उपभोक्ता हितों के संरक्षण में उपभोक्ता संगठनों तथा गैर-सरकारी संगठनों की भूमिका का वर्णन कर सकेंगे।
Vocabulary
| Word | Meaning |
|---|---|
| लेन-देन | Transaction |
| उपभोक्ता | Consumer |
| संरक्षण | Protection |
| अधिनियम | Act |
| कानूनी | Legal |
| अनैतिक | Unethical |
| शोषणकारी | Exploitative |
| मिलावट | Adulteration |
| भ्रामक | Misleading |
| जमाखोरी | Hoarding |
| काला-बाज़ारी | Black marketing |
| दायित्व | Responsibility |
The complete chapter text is read in the official NCERT PDF viewer below (streamed from ncert.nic.in). This page provides NCERT Help study material — summary, vocabulary, practice questions, and FAQs — not a full reproduction of the textbook.
Read chapter online
This PDF is loaded from the official NCERT website (ncert.nic.in). Use the page buttons below to read — download is disabled on NCERT Help.
Read page by page below. PDF is streamed from the official NCERT website — no download button on this page.
Practice questions
- उपभोक्ता संरक्षण का क्या महत्व है? Answer: उपभोक्ता संरक्षण का महत्व उपभोक्ताओं को व्यवसायों की अनैतिक, शोषणकारी और अनुचित व्यापार प्रथाओं से बचाना है, जिससे उन्हें दोषपूर्ण उत्पादों, मिलावट, भ्रामक विज्ञापनों आदि से होने वाले नुकसान से बचाया जा सके।
- उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 2019 के अनुसार, विक्रेता बाजार की धारणा को किसमें बदल दिया गया है? Answer: उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 2019 के अनुसार, विक्रेता बाजार की धारणा (Caveat Emptor - क्रेता स्वयं चौकन्ना रहे) को उपभोक्ता बाजार (Caveat Venditor - विक्रेता को सावधान रहना चाहिए) में बदल दिया गया है।
- मिलावट का क्या अर्थ है? Answer: मिलावट का अर्थ है बेचे जा रहे उत्पाद में घटिया पदार्थ मिलाना, जिससे उत्पाद की गुणवत्ता कम हो जाती है या वह असुरक्षित हो जाता है।
- उपभोक्ता के दो दायित्वों को सूचीबद्ध करें। Answer: उपभोक्ता के दो दायित्व हैं: 1. गुणवत्ता के बारे में पूछताछ करना। 2. रसीद लेना।
Practice MCQs
Q1. उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 2019 ने किस अधिनियम का स्थान लिया है?
Explanation: उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 2019 ने उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 1986 का स्थान लिया है, ताकि उपभोक्ता चिंताओं को अधिक व्यापक रूप से दूर किया जा सके।
Q2. निम्नलिखित में से कौन सी एक अनुचित व्यापार प्रथा है?
Explanation: भ्रामक विज्ञापन एक अनुचित व्यापार प्रथा है जिसका उद्देश्य उपभोक्ताओं को गुमराह करना और उन्हें उत्पाद खरीदने के लिए प्रेरित करना है।
Q3. एटीएम से पैसे न मिलने पर उपभोक्ता मंच ने किस बैंक पर जुर्माना लगाया?
Explanation: रायपुर में एक उपभोक्ता मंच ने एटीएम में नकदी की अनुपलब्धता के कारण सेवा में कमी के लिए भारतीय स्टेट बैंक (SBI) पर जुर्माना लगाया।
Q4. बाजार की किस धारणा का अर्थ है 'विक्रेता को सावधान रहना चाहिए'?
Explanation: कैविट वेंडिटर (Caveat Venditor) का अर्थ है 'विक्रेता को सावधान रहना चाहिए', जो उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 2019 के तहत स्थापित उपभोक्ता बाजार की धारणा है।
Q5. उपभोक्ता संरक्षण का मुख्य उद्देश्य क्या है?
Explanation: उपभोक्ता संरक्षण का मुख्य उद्देश्य उपभोक्ताओं को अनुचित व्यापार प्रथाओं से बचाना और उनके हितों की रक्षा करना है।
Frequently asked questions
उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 2019 क्यों लाया गया?
उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 2019 को उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 1986 के स्थान पर लाया गया ताकि उपभोक्ताओं की चिंताओं को अधिक व्यापक रूप से दूर किया जा सके और उन्हें बेहतर कानूनी संरक्षण प्रदान किया जा सके।
एटीएम से पैसे न मिलने पर क्या उपभोक्ता मंच में शिकायत की जा सकती है?
हाँ, एटीएम से पैसे न मिलने को सेवा में कमी माना जाता है और इस पर उपभोक्ता मंच में शिकायत की जा सकती है, जैसा कि दिए गए उदाहरण में दर्शाया गया है।
उपभोक्ता बाजार की धारणा 'कैविट वेंडिटर' का क्या अर्थ है?
'कैविट वेंडिटर' का अर्थ है 'विक्रेता को सावधान रहना चाहिए'। यह धारणा उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 2019 के तहत स्थापित की गई है, जो विक्रेताओं पर अपने उत्पादों और सेवाओं की गुणवत्ता और सुरक्षा सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी डालती है।
उपभोक्ता संरक्षण के तहत कौन सी व्यापार प्रथाएं अनुचित मानी जाती हैं?
मिलावट, नकली वस्तुओं की बिक्री, घटिया वस्तुओं की बिक्री, तोल और माप में हेरफेर, कालाबाजारी, जमाखोरी और भ्रामक विज्ञापन जैसी व्यापार प्रथाएं अनुचित मानी जाती हैं।
उपभोक्ता के मुख्य अधिकार क्या हैं?
उपभोक्ता के मुख्य अधिकारों में सुरक्षा का अधिकार, सूचना का अधिकार, चयन का अधिकार, सुनवाई का अधिकार, निवारण का अधिकार और उपभोक्ता शिक्षा का अधिकार शामिल हैं।
उपभोक्ता संरक्षण में गैर-सरकारी संगठनों (NGOs) की क्या भूमिका है?
गैर-सरकारी संगठन उपभोक्ताओं को शिक्षित करने, उनके अधिकारों के बारे में जागरूकता फैलाने, शिकायतों के निवारण में सहायता करने और उपभोक्ता हितों की वकालत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
Related resources
Important topics
Topics covered
NCERT Class 12 Business Studies — Vyavasai Adhyan-II — Chapter 3 — उपभोक् ता संरक्षण. Verified by NCERT Help Editorial Team. Reviewed on 29 Jul 2026. Last updated 10 Aug 2026.