NCERT Class 11 Sociology Samaj Shastra Parichay-I: Chapter 1 — समाजशास्त्रा परिचय

NCERT CBSE Class 11 Sociology Samaj Shastra Parichay-I Chapter 1 Hindi PDF

यह अध्याय 2, 'समाजशास्त्रा एवं समाज', समाजशास्त्र की पुस्तक 'समाज शास्त्र परिचय-I' का परिचय देता है। यह छात्रों को मिलने वाले विभिन्न सुझावों पर विचार करता है, जैसे कि कड़ी मेहनत से सफलता, विषय चयन से नौकरी के अवसर, लिंग-आधारित उपयुक्तता और पारिवारिक व्यवसाय की आवश्यकता। अध्याय इस बात पर प्रकाश डालता है कि व्यक्तिगत प्रयास महत्वपूर्ण हैं, लेकिन नौकरी के बाजार, सामाजिक-आर्थिक पृष्ठभूमि और लिंग जैसे सामाजिक कारक भी परिणामों को महत्वपूर्ण रूप से प्रभावित करते हैं। यह 'प्रासंगिक समाज' की अवधारणा की पड़ताल करता है और बताता है कि एक व्यक्ति एक साथ कई समाजों से कैसे जुड़ा हो सकता है। अध्याय समाजशास्त्र के अध्ययन के व्यवस्थित तरीके को भी प्रस्तुत करता है, जो सामान्य अवलोकन से अलग है, और इसके ऐतिहासिक विकास पर प्रकाश डालता है, विशेष रूप से पश्चिमी संदर्भ में और भारत में इसके आगमन पर। यह व्यक्तिगत समस्याओं और व्यापक सार्वजनिक मुद्दों के बीच संबंध को स्पष्ट करने के समाजशास्त्र के कार्य पर भी जोर देता है।

Quick info

BoardCBSE / NCERT
ClassClass 11
SubjectSociology
BookSamaj Shastra Parichay-I
ChapterChapter 1 — समाजशास्त्रा परिचय
LanguageHindi
PDF typeNCERT Textbook
SessionCBSE 2026
Reading time4 minutes
Word count785

Learning outcomes

Vocabulary

WordMeaning
सफलताSuccess
नौकरीJob
अवसरOpportunity
सामाजिकSocial
आर्थिकEconomic
पृष्ठभूमिBackground
लिंगGender
परिवेशEnvironment/Context
बाजारMarket
प्रतिष्ठाPrestige
संस्कृतिCulture
मानकStandard

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Practice questions

  1. व्यक्तिगत प्रयासों के अलावा कौन से सामाजिक कारक जीवन के परिणामों को प्रभावित करते हैं? Answer: नौकरी का बाजार, सामाजिक-आर्थिक पृष्ठभूमि और लिंग जैसे सामाजिक कारक जीवन के परिणामों को प्रभावित करते हैं।
  2. 'प्रासंगिक समाज' से आप क्या समझते हैं? Answer: 'प्रासंगिक समाज' वह समाज है जिससे एक व्यक्ति संबंधित है, जैसे पड़ोस, समुदाय, जाति, जनजाति, या राष्ट्र।
  3. समाजशास्त्र का एक कार्य क्या है? Answer: समाजशास्त्र का एक कार्य व्यक्तिगत समस्याओं और व्यापक जनहित के मुद्दों के बीच संबंध को स्पष्ट करना है।
  4. समाजशास्त्र का अध्ययन सामान्य अवलोकन से कैसे भिन्न है? Answer: समाजशास्त्र का अध्ययन व्यवस्थित, सैद्धांतिक और ऐतिहासिक दृष्टिकोण पर आधारित है, जो सामान्य, रोजमर्रा के अवलोकन से अलग है।

Practice MCQs

Q1. निम्नलिखित में से कौन सा कारक व्यक्तिगत प्रयासों के अलावा नौकरी के अवसरों को प्रभावित करता है?

Q2. 'प्रासंगिक समाज' का अर्थ क्या है?

Q3. समाजशास्त्र का एक मुख्य कार्य क्या है?

Q4. समाजशास्त्र का अध्ययन किस पर आधारित है?

Q5. निम्नलिखित में से कौन सा सुझाव पाठ में उल्लिखित नहीं है?

Frequently asked questions

समाजशास्त्र क्या है?

समाजशास्त्र मानव समाज का एक व्यवस्थित अध्ययन है, जो सामाजिक संबंधों, संरचनाओं और प्रक्रियाओं पर केंद्रित है।

क्या समाजशास्त्र केवल सामान्य अवलोकन पर आधारित है?

नहीं, समाजशास्त्र सामान्य अवलोकन से अलग, एक व्यवस्थित, सैद्धांतिक और ऐतिहासिक दृष्टिकोण अपनाता है।

एक 'अच्छी नौकरी' का क्या अर्थ है?

'अच्छी नौकरी' का अर्थ विभिन्न समाजों और संस्कृतियों में भिन्न होता है; यह केवल पैसे पर नहीं, बल्कि सम्मान, संतुष्टि और सामाजिक मान्यता पर भी निर्भर करता है।

समाजशास्त्र व्यक्तिगत समस्याओं को कैसे देखता है?

समाजशास्त्र व्यक्तिगत समस्याओं को व्यापक सामाजिक संदर्भों और जनहित के मुद्दों से जोड़कर देखता है।

समाजशास्त्र का अध्ययन किन कारकों पर विचार करता है?

समाजशास्त्र व्यक्तिगत प्रयासों के साथ-साथ नौकरी का बाजार, सामाजिक-आर्थिक पृष्ठभूमि, लिंग और संस्कृति जैसे सामाजिक कारकों पर भी विचार करता है।

भारत में समाजशास्त्र का आगमन कैसे हुआ?

पाठ में बताया गया है कि समाजशास्त्र का आगमन पश्चिमी विचारों और भौतिक विकास के विश्वव्यापी प्रभाव के परिणामस्वरूप हुआ, जिसका भारत पर भी असर पड़ा।

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Important topics

व्यक्तिगत प्रयास बनाम सामाजिक कारक नौकरी का बाजार और अवसर सामाजिक-आर्थिक पृष्ठभूमि और लिंग का प्रभाव 'प्रासंगिक समाज' की अवधारणा समाज का व्यवस्थित अध्ययन व्यक्तिगत समस्या और जनहित मुद्दा

Topics covered

समाजशास्त्रीय सुझाव और उनका खंडन व्यक्तिगत प्रयास बनाम सामाजिक कारक नौकरी का बाजार और अवसर सामाजिक-आर्थिक पृष्ठभूमि का प्रभाव लिंग की भूमिका 'प्रासंगिक समाज' की अवधारणा एक से अधिक समाजों से जुड़ाव समाज का व्यवस्थित अध्ययन समाजशास्त्र का ऐतिहासिक विकास भारत में समाजशास्त्र का आगमन व्यक्तिगत समस्या और जनहित मुद्दा समाज और व्यक्ति की अंतःक्रिया

NCERT Class 11 Sociology — Samaj Shastra Parichay-I — Chapter 1 — समाजशास्त्रा परिचय. Verified by NCERT Help Editorial Team. Reviewed on 29 Jul 2026. Last updated 10 Aug 2026.