कक्षा 7 संस्कृत अध्याय 3: स्वावलम्बनम NCERT समाधान
यह पृष्ठ कक्षा 7 के संस्कृत पाठ 'स्वावलम्बनम' (अध्याय 3) के लिए विस्तृत NCERT समाधान प्रस्तुत करता है। यह अध्याय छात्रों को आत्मनिर्भरता और कड़ी मेहनत के महत्व को सिखाता है, जिसमें बताया गया है कि कैसे एक व्यक्ति अपने कार्यों को स्वयं करके जीवन को सरल बना सकता है। समाधानों में अभ्यास के प्रश्नों के उत्तर शामिल हैं, जो छात्रों को पाठ की अवधारणाओं को बेहतर ढंग से समझने में मदद करते हैं। प्रत्येक प्रश्न का उत्तर स्पष्ट और संक्षिप्त रूप से दिया गया है, जिससे छात्रों को परीक्षा की तैयारी में सहायता मिलती है। इन समाधानों का उद्देश्य छात्रों को संस्कृत भाषा की बारीकियों और पाठ के नैतिक मूल्यों को आत्मसात करने में मदद करना है।
Quick info
| Board | CBSE |
|---|---|
| Class | Class 7 |
| Subject | संस्कृत |
| Session | 2026 |
| Language | Hindi |
| Type | NCERT Solutions |
| Chapter | 3. स्वावलम्बनम |
Chapter summary
कक्षा 7 के संस्कृत अध्याय 3 'स्वावलम्बनम' के NCERT समाधान छात्रों को आत्मनिर्भरता के महत्व पर केंद्रित हैं। यह अध्याय बताता है कि कैसे अपने कार्यों को स्वयं करना जीवन को सुगम बनाता है। समाधानों में दिए गए प्रश्न और उत्तर छात्रों को पाठ की मुख्य अवधारणाओं को समझने में मदद करते हैं, जैसे कि विभिन्न सुख-सुविधाओं के बावजूद कर्मकरों की आवश्यकता और आत्मनिर्भरता का मूल्य। यह अभ्यास छात्रों को संस्कृत शब्दावली और वाक्य संरचना का अभ्यास करने का अवसर भी प्रदान करता है।
Learning outcomes
- आत्मनिर्भरता के महत्व को समझना।
- संस्कृत में संख्यावाचक शब्दों का प्रयोग सीखना।
- पाठ के पात्रों और उनकी जीवनशैली का विश्लेषण करना।
- वाक्य निर्माण और प्रश्न-उत्तर शैली का अभ्यास करना।
- आत्मनिर्भरता के नैतिक मूल्य को आत्मसात करना।
Topics covered
Paper topics
- स्वावलम्बन का अर्थ
- आत्मनिर्भरता का महत्व
- कर्मकरों की भूमिका
- संख्यावाचक शब्द (एक से पचास तक)
- ऋतुओं के नाम
- फरवरी माह के दिन
- प्रश्न-उत्तर अभ्यास
- चित्रों की गिनती
- संस्कृत शब्दावली
Important topics
- स्वावलम्बन का महत्व
- संख्यावाचक शब्दों का प्रयोग
- आत्मनिर्भरता के लाभ
- पाठ के मुख्य पात्रों का विश्लेषण
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Questions and Solutions
प्रश्न 2: अधोलिखितानां प्रश्नानामुत्तराणि लिखत।
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लिखिए:
- (क) किसका भवन सभी प्रकार की सुख-सुविधाओं से युक्त था?
- (ख) किसके घर में कोई नौकर (कर्मकर) नहीं था?
- (ग) श्रीकण्ठ का सत्कार (आतिथ्य) किसने किया?
- (घ) प्रत्येक चौथे वर्ष फरवरी माह में कितने दिन होते हैं?
- (ङ) कितनी ऋतुएँ होती हैं?
- (च) कृष्णमूर्ति के कितने नौकर (कर्मकर) हैं?
Solution:
इस प्रश्न में पाठ 'स्वावलम्बनम' पर आधारित कुछ प्रश्नों के उत्तर देने हैं। प्रत्येक उत्तर पाठ में दी गई जानकारी के अनुसार है:
- (क) श्रीकण्ठ के भवन में सभी प्रकार की सुख-सुविधाएँ थीं।
- (ख) कृष्णमूर्ति के घर में कोई नौकर (कर्मकर) नहीं था, वे स्वयं सारे कार्य करते थे।
- (ग) कृष्णमूर्ति और उनके माता-पिता ने मिलकर श्रीकण्ठ का सत्कार किया।
- (घ) प्रत्येक चौथे वर्ष, फरवरी माह में 29 दिन होते हैं (लीप वर्ष)।
- (ङ) वर्ष में कुल छह ऋतुएँ होती हैं।
- (च) कृष्णमूर्ति के आठ नौकर (कर्मकर) हैं, जो उनके घर के विभिन्न कार्यों में सहायता करते हैं।
प्रश्न 3: चित्रों को गिनकर उनके आगे संख्यावाचक शब्द लिखिए।
चित्रों को गिनिए और उनके आगे संख्यावाचक शब्द लिखिए:
------ ----- 63
----- ------
0 a 0 0 Q. Q 0 0 0 -0 0 Q
-: 0 a 0 0 0 0 0 --
Q u - a Q a a. 0 0 0 .0 0 0 · ,
Q 0 0 0 0 0 00 0 76
------
-----
0 0 0
0 00000 0 0 0 0 0 0 0 0 0 0 0 0 0 0 0 0 0
त्रयस्त्रिंशत् पत्राणि।
चतुर्विंशति: कञ्चकानि
Solution:
इस प्रश्न में दिए गए चित्रों में वस्तुओं की संख्या गिनकर उनके संस्कृत संख्यावाचक शब्द लिखने हैं।
अष्टादश घटानि (18 घड़े)
अष्टादश आमाणि।
पञ्चदश कन्दुकानि (15 गेंदें)
त्रयस्त्रिंशत् सिक्थवर्तिकाणि।
त्रयस्त्रिंशत् पत्राणि। (33 पत्ते)
चतुर्विंशति: कञ्चकानि (24 कछुए)
प्रश्न 4: मञ्जूषा से अंकों के लिए सही शब्द चुनें।
दिए गए शब्दों के समूह (मञ्जूषा) से अंकों के लिए उपयुक्त शब्द चुनें:
चत्वारिंशत् (40), सप्तविंशतिः (27), एकत्रिंशत् (31), पञ्चाशत् (50), अष्टाविंशतिः (28), त्रिंशत् (30), चतुर्विंशतिः (24)
- ---- 27 -----
- ---- 31 -----
- ----- 40 ------
- ----
Solution:
इस प्रश्न में, हमें दिए गए अंकों के सामने मञ्जूषा से सही संस्कृत संख्यावाचक शब्द चुनना है।
28 अष्टाविंशतिः
27 सप्तविंशतिः
30 त्रिंशत्
31 एकत्रिंशत्
40 चत्वारिंशत्
50 पञ्चाशत्
24 चतुर्विंशतिः
Common mistakes
- संख्यावाचक शब्दों को गलत लिखना या पहचानना।
- वाक्यों में कर्ता और क्रिया का सही मेल न कर पाना।
- पाठ के पात्रों के बारे में गलत जानकारी देना।
- प्रश्न के भावार्थ को न समझ पाना।
Revision tips
- प्रत्येक प्रश्न के उत्तर को पाठ के संदर्भ में समझने का प्रयास करें।
- संख्यावाचक शब्दों की सूची बनाएं और उनका अभ्यास करें।
- पाठ के मुख्य संदेश 'स्वावलम्बन' पर ध्यान केंद्रित करें।
- अभ्यास प्रश्नों को हल करने के बाद स्वयं से उत्तरों का मिलान करें।
Practice MCQs
Q1. श्रीकण्ठ के भवन में किस प्रकार की सुख-सुविधाएँ थीं?
Explanation: पाठ के अनुसार, श्रीकण्ठ के भवन में सभी प्रकार की सुख-सुविधाएँ उपलब्ध थीं।
Q2. कृष्णमूर्ति के घर में कितने कर्मकर (सेवक) थे?
Explanation: कृष्णमूर्ति के घर में कोई कर्मकर नहीं था; वे और उनके माता-पिता स्वयं सारे कार्य करते थे।
Q3. फरवरी माह में प्रत्येक चौथे वर्ष कितने दिन होते हैं?
Explanation: प्रत्येक चौथे वर्ष, फरवरी माह में एक दिन बढ़ जाता है, जिससे वह 29 दिनों का हो जाता है।
Q4. चित्रों में दर्शाई गई वस्तुओं की सही संख्या का मिलान करें: 63
Explanation: चित्र में 63 घड़े दर्शाए गए हैं, जिन्हें संस्कृत में 'अष्टादश घटानि' कहा जाता है।
Q5. पाठ के अनुसार, वर्ष में कुल कितने ऋतुएँ होती हैं?
Explanation: संस्कृत पाठ के अनुसार, वर्ष में छह ऋतुएँ होती हैं।
Frequently asked questions
यह NCERT समाधान किस कक्षा और विषय के लिए है?
यह NCERT समाधान कक्षा 7 के संस्कृत विषय के लिए है, विशेष रूप से अध्याय 3 'स्वावलम्बनम' पर केंद्रित है।
'स्वावलम्बनम' पाठ का मुख्य संदेश क्या है?
इस पाठ का मुख्य संदेश आत्मनिर्भरता और अपने कार्यों को स्वयं करने का महत्व है, जिससे जीवन सरल और सुगम बनता है।
क्या इन समाधानों में सभी अभ्यास प्रश्न शामिल हैं?
हाँ, इन समाधानों में पाठ के सभी अभ्यास प्रश्नों (प्रश्न 2, 3, और 4) के उत्तर विस्तृत रूप से दिए गए हैं।
यह समाधान छात्रों की परीक्षा तैयारी में कैसे मदद करेगा?
यह समाधान छात्रों को पाठ की अवधारणाओं को स्पष्ट करने, संस्कृत शब्दावली (विशेषकर संख्यावाचक शब्द) का अभ्यास करने और प्रश्न-उत्तर प्रारूप को समझने में मदद करके परीक्षा की तैयारी में सहायता करता है।
समाधानों में संख्यावाचक शब्दों का अभ्यास कैसे कराया गया है?
समाधानों में चित्रों की गिनती और वाक्यों में संख्याओं को लिखने के माध्यम से विभिन्न संख्यावाचक शब्दों (जैसे अष्टादश, पञ्चदश, चतुर्विंशति, सप्तविंशति आदि) का अभ्यास कराया गया है।
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